अशोक गहलोत ने बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा कि एजेंसियों का दुरुपयोग किया जा रहा है और विपक्षी नेताओं को टारगेट किया जा रहा है। उन्होंने एकजुटता, लोकतंत्र और ‘वाशिंग मशीन’ जैसी राजनीति पर सवाल उठाए।
अशोक गहलोत का बीजेपी पर हमला उस समय सामने आया जब राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री ने केंद्र सरकार पर केंद्रीय एजेंसियों के कथित दुरुपयोग और विपक्षी नेताओं को निशाना बनाने के आरोप लगाए। Ashok Gehlot ने कहा कि देश में लोकतंत्र और एजेंसियों का गलत इस्तेमाल हो रहा है। उन्होंने बीजेपी की राजनीति और ‘वाशिंग मशीन’ सिस्टम पर सवाल उठाते हुए विपक्षी एकजुटता पर भी जोर दिया।
गहलोत का बयान: “एजेंसियां सरकार के काबू में हैं”
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने हाल ही में दिए गए बयान में केंद्र सरकार और बीजेपी पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि देश में जांच एजेंसियों पर सरकार का नियंत्रण है और इसका इस्तेमाल राजनीतिक रूप से किया जा रहा है। उनके अनुसार, कई सांसदों और नेताओं के खिलाफ कार्रवाई और छापे इस पैटर्न का हिस्सा हैं, जिससे विपक्षी दलों को दबाने की कोशिश की जा रही है।
गहलोत ने यह भी दावा किया कि जिन सांसदों ने पार्टी छोड़ी है, उनके नाम पहले से ही विभिन्न मामलों में जोड़े गए थे। उन्होंने इसे राजनीति से प्रेरित कार्रवाई बताते हुए कहा कि इस तरह की रणनीति से लोकतांत्रिक व्यवस्था प्रभावित होती है।
“वॉशिंग मशीन पॉलिटिक्स” और बीजेपी पर तीखे आरोप
गहलोत ने अपने बयान में “वॉशिंग मशीन” शब्द का इस्तेमाल करते हुए कहा कि राजनीतिक दलों में शामिल होने के बाद कई मामलों में छूट मिल जाती है और पुराने केस कमजोर हो जाते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि यह प्रवृत्ति लोकतंत्र के लिए सही नहीं है और इससे जनता में गलत संदेश जाता है।
उन्होंने आगे कहा कि अलग-अलग राज्यों में विपक्षी दलों को तोड़ने की कोशिशें हुई हैं, जिनमें कर्नाटक, मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र का भी जिक्र किया। गहलोत के अनुसार, यह पूरी प्रक्रिया लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है और इससे राजनीतिक अस्थिरता बढ़ती है।
एकजुटता और राजनीतिक संघर्ष पर बयान
अशोक गहलोत ने अपनी पार्टी की एकजुटता पर जोर देते हुए कहा कि कांग्रेस नेता किसी भी दबाव में टूटने वाले नहीं हैं। उन्होंने यह भी कहा कि बीजेपी लगातार विपक्षी दलों के भीतर मतभेद पैदा करने की कोशिश करती है, लेकिन कांग्रेस संगठनात्मक रूप से मजबूत है।
उन्होंने राजस्थान की राजनीति का उल्लेख करते हुए कहा कि पहले भी हॉर्स ट्रेडिंग और राजनीतिक अस्थिरता के प्रयास हुए हैं, लेकिन उनकी पार्टी ने एकजुट रहकर स्थिति का सामना किया। साथ ही उन्होंने केंद्र सरकार पर झूठे आरोप लगाने का भी आरोप लगाया और कहा कि जनता अब इन राजनीतिक रणनीतियों को समझने लगी है।









