‘मेरे भारत के कंठहार’ से गूंजा बिहार: गांधी स्टेडियम से निकली भव्य प्रभात फेरी, गिरिराज सिंह ने दी शुभकामनाएं

बिहार दिवस पर गांधी स्टेडियम से भव्य प्रभात फेरी निकाली गई। ‘मेरे भारत के कंठहार’ गीत से गूंजा माहौल, केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने दी शुभकामनाएं।
‘मेरे भारत के कंठहार’ से गूंजा बिहार: गांधी स्टेडियम से निकली भव्य प्रभात फेरी, गिरिराज सिंह ने दी शुभकामनाएं
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बिहार दिवस के अवसर पर पूरे राज्य में उत्साह और गर्व का माहौल देखने को मिला, वहीं बिहार के विभिन्न जिलों की तरह समारोहों की विशेष झलक गांधी स्टेडियम में भी देखने को मिली, जहां से एक भव्य प्रभात फेरी निकाली गई। इस प्रभात फेरी की शुरुआत देशभक्ति और बिहार गौरव के प्रतीक गीत “मेरे भारत के कंठहार, तुझको शत-शत वंदन बिहार” के साथ हुई, जिसने पूरे माहौल को जोश और भावनाओं से भर दिया।

सुबह-सुबह बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं, शिक्षक, प्रशासनिक अधिकारी और स्थानीय नागरिक गांधी स्टेडियम में एकत्रित हुए। सभी के हाथों में तख्तियां, बैनर और बिहार की संस्कृति को दर्शाने वाले प्रतीक नजर आ रहे थे। जैसे ही प्रभात फेरी शुरू हुई, पूरा क्षेत्र देशभक्ति के नारों और गीतों से गूंज उठा। लोग “जय बिहार” और “वंदे मातरम्” के नारे लगाते हुए आगे बढ़ रहे थे, जिससे वातावरण पूरी तरह उत्सवमय हो गया।

इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने बिहार दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि बिहार देश का गौरव है और इसकी ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और बौद्धिक विरासत अद्वितीय है। उन्होंने कहा कि बिहार ने देश को अनेक महान व्यक्तित्व दिए हैं और आज भी राज्य विकास की नई ऊंचाइयों की ओर बढ़ रहा है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे राज्य के विकास में अपनी सक्रिय भूमिका निभाएं और बिहार को और आगे ले जाने में योगदान दें।

प्रभात फेरी शहर के प्रमुख मार्गों से गुजरती हुई आगे बढ़ी, जहां जगह-जगह लोगों ने इसका स्वागत किया। कई स्थानों पर फूल बरसाकर प्रतिभागियों का अभिनंदन किया गया। इस दौरान सुरक्षा के भी कड़े इंतजाम किए गए थे, ताकि कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सके।

कार्यक्रम में सांस्कृतिक झांकियां भी आकर्षण का केंद्र रहीं, जिनमें बिहार की समृद्ध परंपराओं, लोक कला, नृत्य और ऐतिहासिक धरोहरों को दर्शाया गया। बच्चों और युवाओं ने रंग-बिरंगे परिधानों में बिहार की विविधता को प्रस्तुत किया, जिसे देखकर दर्शक मंत्रमुग्ध हो गए।

बिहार दिवस हर साल 22 मार्च को मनाया जाता है, जो राज्य के गठन की याद दिलाता है। यह दिन न केवल इतिहास को याद करने का अवसर है, बल्कि भविष्य के लिए संकल्प लेने का भी प्रतीक बन चुका है। इस बार भी पूरे उत्साह और उमंग के साथ मनाए गए इस आयोजन ने यह साबित कर दिया कि बिहार के लोग अपने राज्य की पहचान और गौरव को लेकर कितने सजग और गर्वित हैं।

इस भव्य प्रभात फेरी ने न सिर्फ लोगों को एकजुट किया, बल्कि बिहार की समृद्ध संस्कृति, परंपरा और प्रगति की झलक भी प्रस्तुत की। कार्यक्रम के अंत में लोगों ने एक-दूसरे को बिहार दिवस की शुभकामनाएं दीं और राज्य के उज्ज्वल भविष्य की कामना की

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