छत्तीसगढ़ के विश्रामपुर में कांग्रेस नेताओं का धरना आंदोलन तेज हो गया है। टीएस सिंहदेव ने मांगें पूरी नहीं होने पर आमरण अनशन की चेतावनी दी है, जबकि दीपक बैज भूख हड़ताल शुरू करेंगे।
सूरजपुर: छत्तीसगढ़ के विश्रामपुर थाना परिसर के बाहर कांग्रेस का धरना आंदोलन अब बड़ा राजनीतिक रूप लेता दिखाई दे रहा है। पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज पुलिस कार्रवाई के विरोध में आंदोलन कर रहे हैं। कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि प्रशासन पक्षपातपूर्ण रवैया अपना रहा है और शिकायतों पर निष्पक्ष कार्रवाई नहीं हो रही।
विश्रामपुर थाने के बाहर जारी है कांग्रेस का धरना
सूरजपुर जिले के विश्रामपुर थाना क्षेत्र में कांग्रेस नेताओं का विरोध प्रदर्शन लगातार तेज होता जा रहा है। कांग्रेस कार्यकर्ता और पदाधिकारी बीते कई घंटों से थाने के बाहर धरने पर बैठे हैं। आंदोलन का नेतृत्व पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज कर रहे हैं।
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धरना स्थल पर रातभर राजनीतिक गतिविधियां जारी रहीं। देर रात तक टीएस सिंहदेव मौके पर मौजूद रहे और कार्यकर्ताओं का हौसला बढ़ाते नजर आए। मंगलवार सुबह से ही समर्थकों की भीड़ फिर बढ़ने लगी, जिससे आंदोलन का स्वर और तीखा हो गया।
पुलिस कार्रवाई को लेकर कांग्रेस का विरोध
पूरा विवाद नगर पंचायत चुनाव के दौरान हुए एक मामले से जुड़ा है। कांग्रेस का आरोप है कि जिला कांग्रेस उपाध्यक्ष नरेंद्र जैन के खिलाफ पुलिस ने आर्म्स एक्ट के तहत कार्रवाई की, जबकि भाजपा कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों के खिलाफ शिकायत होने के बावजूद एफआईआर दर्ज नहीं की गई।
कांग्रेस नेताओं का कहना है कि पुलिस प्रशासन एकतरफा कार्रवाई कर रहा है। इसी के विरोध में 25 मई को बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता विश्रामपुर थाने पहुंचे थे। मांगों पर कोई सकारात्मक जवाब नहीं मिलने के बाद धरना शुरू कर दिया गया।
टीएस सिंहदेव ने दी आमरण अनशन की चेतावनी
धरना स्थल पर टीएस सिंहदेव ने प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि शाम छह बजे तक उनकी मांगों पर कार्रवाई नहीं हुई तो वे आमरण अनशन शुरू करेंगे। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक तरीके से अपनी बात रखने के बावजूद प्रशासन गंभीरता नहीं दिखा रहा है।
टीएस सिंहदेव ने यह भी कहा कि मंगलवार को वे सामान्य रूप से उपवास रखते हैं, लेकिन इस बार यह विरोध का रूप ले सकता है। दूसरी ओर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने क्रमिक भूख हड़ताल शुरू करने की बात कही है।
आंदोलन को लेकर बढ़ी राजनीतिक हलचल
विश्रामपुर का यह धरना अब स्थानीय विवाद से आगे बढ़कर राज्य की राजनीति में चर्चा का विषय बन गया है। कांग्रेस इसे प्रशासनिक पक्षपात और लोकतांत्रिक अधिकारों के मुद्दे से जोड़कर देख रही है। वहीं दूसरी तरफ प्रशासन पर लगातार दबाव बढ़ता दिखाई दे रहा है।
धरना स्थल पर लगातार कांग्रेस समर्थकों की मौजूदगी बनी हुई है। अब सबकी नजर प्रशासन के अगले कदम और संभावित बातचीत पर टिकी हुई है।








