केंद्र सरकार के कर्मचारियों और पेंशनर्स के DA में मार्च 2026 में बढ़ोतरी हो सकती है। वर्तमान 58% DA बढ़कर लगभग 60% हो सकता है। छोटे कर्मचारियों को 400 रुपये और बड़े कर्मचारियों को 2,000 रुपये तक फायदा होगा।
DA Hike 2026: केंद्र सरकार के कर्मचारियों और पेंशनर्स के लिए महंगाई भत्ता (Dearness Allowance – DA) में बढ़ोतरी हमेशा से उत्साह का कारण रही है। फरवरी 2026 में जब होली 3 मार्च को है, तब लाखों सरकारी कर्मचारियों और पेंशनर्स के मन में एक सवाल है कि क्या इस बार DA बढ़ोतरी का ऐलान होली से पहले हो जाएगा। पिछले पांच सालों के ट्रेंड और जनवरी 2026 के AICPI डेटा इस बार बढ़ोतरी का संकेत दे रहे हैं।
वर्तमान DA और जनवरी 2026 की तैयारी
फिलहाल केंद्र सरकार के कर्मचारियों और पेंशनर्स को 58 फीसदी DA मिलता है। यह जुलाई 2025 से लागू था और अक्टूबर 2025 में 3 फीसदी की बढ़ोतरी के बाद तय हुआ। अब जनवरी 2026 से नई बढ़ोतरी की तैयारी चल रही है।
लेबर ब्यूरो ने दिसंबर 2025 का ऑल इंडिया कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स फॉर इंडस्ट्रियल वर्कर्स (AICPI-IW) 148.2 बताया है। पिछले 12 महीनों का औसत 145.54 निकला। DA की गणना का फॉर्मूला साफ है:
(12 महीनेकाऔसत AICPI ×2.88–261.42) ÷ 261.42 × 100
इस फॉर्मूले के हिसाब से DA 60.33 फीसदी आता है, जिसे राउंड करके 60 फीसदी माना जाएगा। यानी वर्तमान 58 फीसदी DA में 2 फीसदी की बढ़ोतरी होने की संभावना है। यह बढ़ोतरी 1 जनवरी 2026 से लागू मानी जाएगी।
DA बढ़ोतरी से कितना फायदा होगा
मान लीजिए किसी कर्मचारी की बेसिक सैलरी 50,000 रुपये है। 58 फीसदी DA पर महंगाई भत्ता 29,000 रुपये होता है। अगर DA बढ़कर 60 फीसदी हो गया तो यह 30,000 रुपये हो जाएगा। यानी हर महीने 1,000 रुपये का अतिरिक्त लाभ मिलेगा।
यदि बेसिक सैलरी 1 लाख रुपये है, तो हर महीने 2,000 रुपये ज्यादा मिलेंगे। छोटे कर्मचारियों, जिनकी बेसिक सैलरी कम होती है, उन्हें 400 से 800 रुपये तक की राहत मिलेगी। यह बढ़ोतरी पेंशनर्स को भी डियरनेस रिलीफ (DR) के रूप में मिलेगी। 7th पे कमीशन 31 दिसंबर 2025 को समाप्त हो गया, इसलिए यह पहली DA बढ़ोतरी नई स्थिति में होगी।
होली से पहले ऐलान संभव है?
इस बार होली 3 मार्च को है। कर्मचारी यूनियन के नेताओं का मानना है कि सरकार होली से पहले DA बढ़ोतरी का ऐलान कर सकती है। कुछ रिपोर्ट्स में भी यह उम्मीद जताई जा रही है कि मार्च के पहले हफ्ते में कैबिनेट मंजूरी दे सकती है।
सरकारी ऐलान की प्रक्रिया में कैबिनेट की मंजूरी के बाद ऑफिशियल ऑर्डर जारी होता है। जनवरी-जून वाली DA बढ़ोतरी हमेशा फिक्स डेट पर नहीं होती। कभी-कभी ऐलान होली के बाद भी होता रहा है, लेकिन इस बार AICPI डेटा जनवरी में आ चुका है, इसलिए प्रक्रिया तेज हो सकती है।
पिछले पांच सालों का ट्रेंड
पिछले पांच सालों में जनवरी-जून वाली DA बढ़ोतरी का ऐलान ज्यादातर होली के बाद हुआ है, खासकर जब होली मार्च की शुरुआत में पड़ती है। सिर्फ एक बार अपवाद देखने को मिला।
- 2025 में होली 14 मार्च को थी। जनवरी-जून वाली 2 फीसदी बढ़ोतरी का ऐलान 28 मार्च को हुआ। यानी होली के बाद। जुलाई-दिसंबर की 3 फीसदी बढ़ोतरी अक्टूबर 1 को दिवाली से पहले आई।
- 2024 में होली 25 मार्च थी। जनवरी-जून वाली 4 फीसदी बढ़ोतरी का ऐलान 7 मार्च को होली से पहले हुआ। यह एक अपवाद था। जुलाई-दिसंबर की 3 फीसदी बढ़ोतरी अक्टूबर 16 को दिवाली से पहले हुई।
- 2023 में होली 8 मार्च को थी। जनवरी-जून वाली 4 फीसदी बढ़ोतरी 24 मार्च को होली के बाद हुई। जुलाई-दिसंबर की 4 फीसदी बढ़ोतरी अक्टूबर 18 को आई, दिवाली 12 नवंबर थी।
- 2022 में होली 18 मार्च को थी। जनवरी-जून वाली 3 फीसदी बढ़ोतरी 30 मार्च को होली के बाद हुई। जुलाई-दिसंबर की 4 फीसदी बढ़ोतरी 28 सितंबर को दिवाली से पहले आई।
- 2021 में कोविड की वजह से DA फ्रोजन रहा। जुलाई 2021 में 3 फीसदी बढ़ोतरी (31 फीसदी) हुई, जनवरी वाली कोई नई बढ़ोतरी नहीं हुई।
ट्रेंड के अनुसार, जनवरी-जून वाली DA बढ़ोतरी अक्सर मार्च के मध्य या अंत में होली के आसपास घोषित होती है। जुलाई-दिसंबर की बढ़ोतरी दिवाली से पहले आ जाती है। इसलिए इस साल भी ऐलान मार्च के मध्य में होने की उम्मीद है।
महंगाई से निपटने में DA की भूमिका
DA की बढ़ोतरी महंगाई से निपटने में मदद करती है। AICPI इंडेक्स में खाने-पीने, किराए, कपड़े और अन्य जरूरी सामान की कीमतों को ट्रैक किया जाता है। सरकारी कर्मचारियों और पेंशनर्स की बेसिक सैलरी पर DA जुड़ता है, जिससे कुल इनकम बढ़ती है। HRA जैसे अन्य अलाउंस भी DA के हिसाब से कभी-कभी बढ़ सकते हैं।
पिछले पांच सालों में DA 31 फीसदी (2021) से बढ़कर 58 फीसदी (2025) तक पहुंच चुका है। हर छह महीने में इसकी समीक्षा होती है। जब औसत इंडेक्स बढ़ता है, तो DA में बढ़ोतरी तय होती है।
कर्मचारियों और पेंशनर्स के लिए फायदा
- छोटे कर्मचारियों को 400 से 800 रुपये तक का अतिरिक्त लाभ मिलेगा।
- मिड-लेवल कर्मचारियों को 1,000 रुपये और बड़े सैलरी वाले कर्मचारियों को 2,000 रुपये प्रति माह ज्यादा मिलेंगे।
- पेंशनर्स को DR के रूप में लाभ मिलेगा।
- महंगाई के बढ़ते दबाव के बावजूद वे आर्थिक रूप से थोड़ा राहत महसूस करेंगे।








