जेफ्री डोनाल्डसन को बाल यौन शोषण मामले में सजा सुनाने की प्रक्रिया शुरू, 18 मामलों में दोषी

आयरलैंड की डीयूपी के पूर्व नेता जेफ्री डोनाल्डसन को बचपन में दो महिलाओं के यौन शोषण से जुड़े 18 मामलों में दोषी ठहराया गया। न्यूरी क्राउन कोर्ट में सजा सुनाई

उत्तरी आयरलैंड की डेमोक्रेटिक यूनियनिस्ट पार्टी के पूर्व नेता जेफ्री डोनाल्डसन को बचपन में दो महिलाओं के यौन शोषण से जुड़े 18 मामलों में दोषी ठहराया गया है। न्यूरी क्राउन कोर्ट में न्यायाधीश ने मामले को गंभीर और विचलित करने वाला बताया।

लंदन: उत्तरी आयरलैंड की डेमोक्रेटिक यूनियनिस्ट पार्टी (DUP) के पूर्व नेता जेफ्री डोनाल्डसन को बाल यौन शोषण से जुड़े मामले में सजा सुनाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। न्यूरी क्राउन कोर्ट में सुनवाई के दौरान न्यायाधीश पॉल रैमसे ने इस मामले को “गंभीर और विचलित करने वाला” बताया। डोनाल्डसन को जून 2026 में दो महिलाओं के बचपन में हुए यौन शोषण से संबंधित 18 मामलों में दोषी ठहराया गया था। इन अपराधों की अवधि 1985 से 2008 के बीच बताई गई है।

अदालत में सुनवाई के दौरान न्यायाधीश ने कहा कि जूरी ने डोनाल्डसन को सभी 18 मामलों में सर्वसम्मति से दोषी पाया था। यह मामला न केवल अपराधों की गंभीरता के कारण चर्चा में है, बल्कि इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि डोनाल्डसन उत्तरी आयरलैंड की राजनीति में लंबे समय तक प्रभावशाली भूमिका निभाते रहे हैं।

मैगहाबेरी जेल से अदालत पहुंचे डोनाल्डसन

15 अक्टूबर को डोनाल्डसन मैगहाबेरी जेल से न्यूरी क्राउन कोर्ट पहुंचे। अदालत में प्रवेश के बाद उन्हें दो जेल अधिकारियों के साथ देखा गया। सितंबर में सजा से पहले हुई सुनवाई के बाद यह पहला मौका था, जब वह जेल से बाहर सार्वजनिक रूप से अदालत में दिखाई दिए।

न्यायाधीश पॉल रैमसे ने सजा सुनाने की प्रक्रिया की शुरुआत करते हुए मामले की गंभीरता पर जोर दिया। अदालत में पेश किए गए मामलों में दो महिलाओं के बचपन के दौरान हुए यौन शोषण से संबंधित घटनाएं शामिल थीं। सुनवाई के दौरान पीड़िताओं के बयानों और पुलिस को दिए गए साक्षात्कारों का भी उल्लेख किया गया।

दो महिलाओं से जुड़े 18 मामलों में दोषी

अदालत में दोनों महिलाओं की पहचान गोपनीय रखने के लिए उन्हें शिकायतकर्ता ए और शिकायतकर्ता बी के रूप में संबोधित किया गया। डोनाल्डसन के खिलाफ कुल 18 मामलों में दोषसिद्धि हुई। इनमें एक मामला बलात्कार का भी शामिल है।

शिकायतकर्ता ए से जुड़े आठ अपराध 1999 से 2008 के बीच के बताए गए हैं। अदालत को बताया गया कि उन्होंने मुकदमे के दौरान वीडियो लिंक के माध्यम से अपना बयान दिया था। पुलिस के साथ उनके साक्षात्कार की जानकारी भी सुनवाई में सामने आई।

शिकायतकर्ता ए ने अपने बयान में डोनाल्डसन से जुड़ी कई घटनाओं का विवरण दिया। उनके अनुसार, कुछ घटनाओं के दौरान उन्हें असहजता और डर महसूस हुआ था। अदालत में उनके अनुभवों से संबंधित विवरण प्रस्तुत किए गए, जिनका उद्देश्य मामले की परिस्थितियों और आरोपों की प्रकृति को स्पष्ट करना था।

शिकायतकर्ता बी, जो दोनों महिलाओं में बड़ी हैं, से संबंधित दस मामले थे। इनमें बलात्कार का एक मामला भी शामिल था। इन घटनाओं की अवधि 1985 से 1991 के बीच बताई गई है। उन्होंने भी मुकदमे में वीडियो लिंक के माध्यम से बयान दिया था और पुलिस को दिए गए अपने साक्षात्कार में घटनाओं का विवरण साझा किया था।

अदालत में इन बयानों के दौरान बचपन में हुए कथित यौन शोषण के प्रभाव और संबंधित घटनाओं के बारे में जानकारी सामने आई। संवेदनशीलता को ध्यान में रखते हुए ऐसे मामलों में पीड़िताओं की पहचान और निजी जानकारी की सुरक्षा महत्वपूर्ण मानी जाती है।

मुकदमे के दौरान डोनाल्डसन ने आरोपों से किया था इनकार

मुकदमे के दौरान जेफ्री डोनाल्डसन ने शिकायतकर्ता बी से जुड़े आरोपों से इनकार किया था। अदालत में अपने पक्ष में बोलते हुए उन्होंने कहा था कि उन्होंने सच बताया है और उनका मानना है कि लगाए गए आरोप सही नहीं हैं।

हालांकि, मुकदमे के अंत में जूरी ने उन्हें 18 मामलों में दोषी ठहराया। अब अदालत में सजा तय करने की प्रक्रिया चल रही है। दोषसिद्धि और सजा अलग-अलग न्यायिक चरण हैं। दोषी ठहराए जाने के बाद अदालत अपराधों की प्रकृति, परिस्थितियों और लागू कानून के आधार पर सजा निर्धारित करती है।

पत्नी एलेनोर डोनाल्डसन का मामला भी चर्चा में

इस मामले में डोनाल्डसन की पत्नी एलेनोर डोनाल्डसन से संबंधित कानूनी कार्यवाही भी सामने आई है। मानसिक स्वास्थ्य से जुड़ी परिस्थितियों के कारण उनके खिलाफ सामान्य आपराधिक मुकदमे के बजाय तथ्यों की जांच के लिए सुनवाई हुई। यह कार्यवाही पांच आरोपों से संबंधित थी, जिनमें कथित तौर पर सहायता करने और उकसाने से जुड़े चार आरोप शामिल थे।

रिपोर्ट के अनुसार, अदालत ने पाया कि उन्होंने संबंधित कृत्य किए थे। ऐसी प्रक्रिया में तथ्यों के संबंध में निष्कर्ष और आपराधिक दोषसिद्धि एक ही बात नहीं होते। इसलिए एलेनोर डोनाल्डसन की स्थिति को जेफ्री डोनाल्डसन की दोषसिद्धि के समान नहीं माना जाना चाहिए। उनके मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई से संबंधित जानकारी सुनवाई के दौरान सामने आने की अपेक्षा थी।

कौन हैं जेफ्री डोनाल्डसन?

जेफ्री डोनाल्डसन उत्तरी आयरलैंड के प्रमुख राजनेताओं में गिने जाते रहे हैं। उनका जन्म दिसंबर 1962 में काउंटी डाउन के ग्रामीण इलाके किल्मील में हुआ था। राजनीति में उनकी शुरुआती भूमिका 1982 से 1984 के बीच सांसद एनॉक पॉवेल के साथ काम करने से जुड़ी थी। इसके बाद उन्होंने अल्स्टर यूनियनिस्ट पार्टी (UUP) के साथ राजनीतिक गतिविधियां शुरू कीं।

1985 में वह उत्तरी आयरलैंड की विधानसभा के लिए चुने गए। 1997 में उन्होंने अल्स्टर यूनियनिस्ट पार्टी के उम्मीदवार के रूप में ब्रिटेन की संसद में लैकन वैली सीट का प्रतिनिधित्व हासिल किया। वर्ष 2003 में उन्होंने पार्टी छोड़कर डेमोक्रेटिक यूनियनिस्ट पार्टी का दामन थाम लिया। गुड फ्राइडे समझौते के प्रति उनका विरोध उनके राजनीतिक रुख का एक महत्वपूर्ण हिस्सा रहा।

डोनाल्डसन को 2016 में राजनीतिक सेवाओं के लिए नाइटहुड की उपाधि दी गई थी। वर्ष 2021 में वह डीयूपी के नेता बने। इस पद पर रहते हुए उन्होंने ब्रेक्जिट के बाद उत्तरी आयरलैंड की व्यापार व्यवस्था से जुड़े मुद्दों पर ब्रिटिश सरकार के साथ बातचीत में भूमिका निभाई। उनकी पार्टी ने 2024 में सत्ता-साझेदारी व्यवस्था में लौटने का समर्थन किया।

आरोप लगने के बाद दिया था इस्तीफा, नाइटहुड भी वापस लिया गया

मार्च 2024 में ऐतिहासिक यौन अपराधों के आरोप लगने के बाद डोनाल्डसन ने डीयूपी के नेता पद से इस्तीफा दे दिया था। इसके बाद मामला कानूनी प्रक्रिया से गुजरा और जून 2026 में उन्हें 18 मामलों में दोषी ठहराया गया।

जुलाई 2026 में ब्रिटेन के राजा ने उनसे नाइटहुड की उपाधि वापस ले ली। यह घटनाक्रम उनके राजनीतिक जीवन में एक बड़ा बदलाव माना गया। लगभग 27 वर्षों तक सांसद रहे डोनाल्डसन की पहचान पहले उत्तरी आयरलैंड की राजनीति और संवैधानिक मुद्दों पर उनके रुख से जुड़ी थी। अब उनका नाम गंभीर आपराधिक मामले और न्यायिक कार्यवाही के संदर्भ में चर्चा में है।

अब अदालत के फैसले पर नजर

न्यूरी क्राउन कोर्ट में सजा सुनाने की प्रक्रिया शुरू होने के साथ ही इस मामले में आगे की न्यायिक कार्रवाई पर ध्यान केंद्रित है। अदालत का अंतिम सजा संबंधी फैसला अपराधों की गंभीरता और मामले के कानूनी पहलुओं को ध्यान में रखकर किया जाएगा।

यह मामला बाल यौन शोषण से जुड़े आरोपों की जांच, पीड़िताओं के बयानों और न्यायिक प्रक्रिया की अहमियत को भी सामने लाता है। अदालत की कार्यवाही के बारे में रिपोर्टिंग करते समय पीड़िताओं की पहचान सुरक्षित रखना, संवेदनशील विवरणों को अनावश्यक रूप से दोहराने से बचना और न्यायालय के निष्कर्षों को सही संदर्भ में प्रस्तुत करना जरूरी है।

Leave a comment