झारखंड के 43 नियोजनालयों में करीब 3.98 लाख बेरोजगार युवा पंजीकृत हैं। सितंबर 2024 से अगस्त 2026 के बीच रोजगार मेलों और भर्ती कैंपों के जरिए 18,990 युवाओं को ही रोजगार मिल पाया।
रांची: झारखंड में रोजगार की तलाश कर रहे युवाओं की संख्या और नियोजनालयों के जरिए मिले अवसरों के आंकड़े सामने आए हैं। राज्य के 43 नियोजनालयों में 3,97,960 बेरोजगार युवा पंजीकृत हैं। वहीं सितंबर 2024 से अगस्त 2026 के बीच आयोजित रोजगार मेलों और भर्ती कैंपों के माध्यम से महज 18,990 युवाओं को रोजगार मिल सका।
43 नियोजनालयों में करीब 3.98 लाख युवा पंजीकृत
झारखंड के अलग-अलग जिलों में संचालित 43 नियोजनालयों में बड़ी संख्या में बेरोजगार युवाओं ने रोजगार के लिए अपना Registration कराया है। उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक कुल 3,97,960 बेरोजगार नियोजनालयों में पंजीकृत हैं।
इन युवाओं का पंजीकरण रोजगार के अवसरों से जुड़ने और नियोजनालयों के माध्यम से आयोजित होने वाली भर्ती प्रक्रियाओं में शामिल होने के लिए किया गया है। हालांकि, पंजीकृत युवाओं की संख्या और नियोजनालयों के जरिए रोजगार पाने वालों की संख्या में बड़ा अंतर दिखाई देता है।
दो साल में 18,990 युवाओं को मिला रोजगार
सितंबर 2024 से अगस्त 2026 के बीच राज्य के नियोजनालयों की ओर से रोजगार मेले और भर्ती कैंप आयोजित किए गए। इन आयोजनों के माध्यम से कुल 18,990 युवाओं को रोजगार मिल सका।
इस अवधि में रोजगार की तलाश कर रहे युवाओं को विभिन्न भर्ती अभियानों के जरिए कंपनियों और नियोक्ताओं से जोड़ने की कोशिश की गई। इसके बावजूद दो साल में रोजगार पाने वालों की संख्या नियोजनालयों में पंजीकृत कुल बेरोजगार युवाओं की तुलना में काफी कम रही।
पंजीकरण के बाद रोजगार का इंतजार
नियोजनालयों में Registration कराने वाले युवाओं के सामने रोजगार पाने की चुनौती बनी हुई है। बड़ी संख्या में युवाओं ने नौकरी की उम्मीद में अपना नाम दर्ज कराया है, लेकिन उपलब्ध आंकड़े बताते हैं कि सभी पंजीकृत उम्मीदवारों को रोजगार का अवसर नहीं मिल पाया।
रोजगार मेलों और भर्ती कैंपों के जरिए अवसर उपलब्ध कराने की प्रक्रिया जारी रहने के बावजूद करीब 3.79 लाख पंजीकृत युवा इस अवधि में नियोजनालयों के माध्यम से रोजगार पाने वालों की संख्या में शामिल नहीं हो सके। इससे राज्य में रोजगार के अवसरों और नौकरी तलाश रहे युवाओं के बीच मौजूद अंतर का पता चलता है।









