Jaipur: मुकुंदगढ़ पुलिस ने दिव्यांग बुजुर्ग की हत्या के मामले में वांछित 20 हजार रुपए के इनामी आरोपी भवानी सिंह बिर्ख को रविवार को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी घटना के बाद लगातार फरार चल रहा था, जिसके चलते पुलिस ने कई राज्यों में दबिश दी थी।30 अक्टूबर को दुकान में घुसकर आरोपी ने दिव्यांग केशरदेव से रुपए छीने और विरोध करने पर लोहे के बाट से हमला कर उनकी हत्या कर दी थी। पुलिस पिछले कई दिनों से आरोपी के पीछे लगी हुई थी। तकनीकी निगरानी और लगातार दबिशों के बाद आरोपी को आखिरकार दबोच लिया गया। उसके खिलाफ पहले भी हत्या व हत्या के प्रयास जैसे गंभीर मामले दर्ज हैं।
फरार आरोपी गिरफ्तार
30 अक्टूबर को दुकान में घुसकर आरोपी ने दिव्यांग केशरदेव से रुपए छीने और विरोध करने पर लोहे के बाट से हमला कर उनकी हत्या कर दी थी। पुलिस पिछले कई दिनों से आरोपी के पीछे लगी हुई थी। तकनीकी निगरानी और लगातार दबिशों के बाद आरोपी को आखिरकार दबोच लिया गया। उसके खिलाफ पहले भी हत्या व हत्या के प्रयास जैसे गंभीर मामले दर्ज हैं।
मुकुंदगढ़ थाना पुलिस ने दिव्यांग बुजुर्ग की हत्या के मामले में फरार चल रहे 20 हजार रुपए के इनामी आरोपी भवानी सिंह बिर्ख को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। कार्रवाई पुलिस अधीक्षक बृजेश ज्योति उपाध्याय के निर्देश पर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक देवेंद्र सिंह और वृताधिकारी महावीर सिंह की निगरानी में, थानाधिकारी ताराचंद के नेतृत्व में की गई।
दुकान में घुसकर छीने थे रुपए
घटना 30 अक्टूबर की है। परिवादी मीना कुमारी ने बताया था कि उनके दिव्यांग ससुर केशरदेव अपनी आटा चक्की पर काम कर रहे थे। तभी आरोपी भवानी सिंह पुत्र खेमाराम जाट दुकान में आया और वहां रखे 16,300 रुपए उठाकर भागने लगा।
विरोध पर लोहे के बाट से किया था हमला
जब केशरदेव ने उसे रोकने की कोशिश की, तो आरोपी ने दुकान में रखा लोहे का बाट उठाकर उन पर कई वार कर दिए। गंभीर रूप से घायल केशरदेव की इलाज के दौरान मौत हो गई। पुलिस के अनुसार, आरोपी पहले भी मृतक को धमका चुका था और वह एक आदतन अपराधी है।
कई राज्यों में दबिश
वारदात के बाद आरोपित लगातार ठिकाने बदलता रहा। उसकी गिरफ्तारी पर 20 हजार रुपए का इनाम घोषित किया गया था। पुलिस टीम ने जयपुर, चित्तौड़गढ़, मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र समेत कई स्थानों पर दबिश दी। तकनीकी विश्लेषण और खुफिया इनपुट के आधार पर अंततः उसे वार्ड 5 मुकुंदगढ़ क्षेत्र से पकड़ लिया गया।
इससे पहले भी मामले दर्ज
आरोपी भवानी सिंह के खिलाफ पूर्व में भी हत्या और हत्या के प्रयास सहित कई गंभीर अपराधों के मामले दर्ज हैं। पुलिस उससे पूछताछ कर रही है ताकि अन्य संभावित अपराधों का भी खुलासा किया जा सके। गिरफ्तारी अभियान में थानाधिकारी ताराचंद, हेड कॉन्स्टेबल जितेंद्र कुमार, हेड कॉन्स्टेबल राजकुमार, कॉन्स्टेबल अमर सिंह, मुल्तानाराम और शीशराम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।








