FIFA World Cup 2026 का ग्रुप स्टेज खत्म होते ही नॉकआउट राउंड शुरू हो चुका है। इस चरण ने कई चौंकाने वाले नतीजे और बड़े बदलाव सामने लाए हैं, जो पूरे टूर्नामेंट की दिशा तय कर रहे हैं।
48 टीमों वाले इस वर्ल्ड कप में ग्रुप स्टेज पहले से कहीं ज्यादा रोमांचक रहा। कई बड़े उलटफेर देखने को मिले और फेवरेट टीमें भी दबाव में नजर आईं।
इस बार कई कम रैंकिंग वाली टीमों ने शानदार प्रदर्शन किया और नॉकआउट में जगह बनाई। इससे साबित हुआ कि अब कोई भी टीम आसान नहीं है।
फ्रांस, इंग्लैंड और अर्जेंटीना जैसी मजबूत टीमों ने अच्छा प्रदर्शन किया, लेकिन कई बार उन्हें कड़ी चुनौती का सामना करना पड़ा, जिससे मुकाबला और भी कठिन हो गया।
टूर्नामेंट के नए फॉर्मेट में 32 टीमों का नॉकआउट राउंड शामिल है, जिसमें ग्रुप टॉपर्स के साथ बेस्ट थर्ड-प्लेस टीमें भी शामिल हैं। इससे प्रतिस्पर्धा और बढ़ गई है।
अब हर मुकाबला सिंगल एलिमिनेशन है, यानी हारते ही बाहर। यही कारण है कि हर टीम पूरी ताकत से मैदान में उतर रही है और मुकाबले बेहद रोमांचक हो गए हैं।
नॉकआउट स्टेज में किसी भी टीम की जीत तय नहीं है। यही अनिश्चितता इस वर्ल्ड कप को और भी ज्यादा रोमांचक और ग्लोबल बना रही है।