नुवामा ने जिंदल स्टेनलेस को ‘BUY’ रेटिंग दी, ₹723 का 12 महीने का टारगेट तय किया। कंपनी को निर्यात गिरावट और बढ़ते आयात का सामना, लेकिन लंबी अवधि में सुधार उम्मीद।
Steel Stock: ब्रोकरेज फर्म नुवामा ने जिंदल स्टेनलेस लिमिटेड (JSL) पर अपनी ताजातरीन रिपोर्ट जारी की है, जिसमें कंपनी की वर्तमान स्थिति और भविष्य की संभावनाओं पर विचार किया गया है। रिपोर्ट के मुताबिक, जबकि कंपनी फिलहाल कई चुनौतियों का सामना कर रही है, लंबी अवधि में सुधार की उम्मीद जताई गई है। नुवामा ने JSL के शेयर पर ‘BUY’ रेटिंग बनाए रखते हुए, अगले 12 महीनों में इसका टारगेट प्राइस ₹723 तय किया है। वर्तमान में कंपनी के शेयर का मूल्य ₹591 है, जिससे निवेशकों को करीब 22% रिटर्न मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
जिंदल स्टेनलेस को निर्यात में गिरावट
रिपोर्ट में नुवामा ने उल्लेख किया है कि जिंदल स्टेनलेस इस समय अंतरराष्ट्रीय बाजार में निर्यात मांग में कमी और चीन, इंडोनेशिया जैसे देशों से बढ़ते सस्ते आयात का सामना कर रही है। इस वजह से कंपनी को अपने उत्पाद कम मुनाफे वाले सेगमेंट में बेचना पड़ रहा है, जिससे मुनाफा प्रभावित हुआ है। नुवामा के अनुसार, कंपनी का चौथी तिमाही (Q4FY25) में प्रति टन EBITDA ₹16,000 तक रहने का अनुमान है, जो कि पहले के ₹20,800 से कम है।
FY26 में सीमित ग्रोथ, लेकिन उम्मीद बरकरार
नुवामा के मुताबिक, कंपनी का मैनेजमेंट FY26 के लिए 9-10% बिक्री वृद्धि और प्रति टन EBITDA ₹19,000-₹21,000 का अनुमान लगा रहा है। हालांकि, नुवामा ने यह भी कहा है कि कंपनी को उम्मीद है कि H2FY26 (अगले साल की दूसरी छमाही) में अमेरिका और यूरोप से ऑर्डर मिलने की संभावना है, जिससे स्थिति में सुधार हो सकता है।
अमेरिका में स्टील आयात पर टैक्स का जिंदल स्टेनलेस को लाभ
रिपोर्ट में यह भी उल्लेख किया गया है कि अमेरिका सरकार ने स्टेनलेस स्टील पर 25% इम्पोर्ट टैक्स लगाने का प्रस्ताव रखा है, जिससे जिंदल स्टेनलेस जैसी कंपनियों को अमेरिका में बेहतर अवसर मिल सकते हैं। इसके अतिरिक्त, भारत सरकार भी सस्ते स्टील आयात पर नियंत्रण के लिए कदम उठा रही है, जिससे घरेलू कंपनियों को राहत मिलने की संभावना है।
जाजपुर प्लांट का विस्तार स्थगित, बैलेंस शीट मजबूत
नुवामा ने बताया कि जिंदल स्टेनलेस ने ओडिशा स्थित अपने जाजपुर प्लांट के विस्तार प्रोजेक्ट को 8-9 महीने के लिए स्थगित कर दिया है। पहले यह प्रोजेक्ट H1FY27 तक पूरा होने वाला था, लेकिन अब इसकी समय सीमा बढ़ा दी गई है। नुवामा का मानना है कि कंपनी की बैलेंस शीट मजबूत है, और जैसे ही बाजार में मांग में सुधार होगा, यह प्रोजेक्ट तेज़ी से आगे बढ़ सकता है।