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RBI ने Know Your Customer (KYC) नियमों में किए 6 बड़े बदलाव, जानें क्या हैं नए दिशा-निर्देश?

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भारतीय रिजर्व बैंक ने बुधवार, 6 नवंबर को एक अधिसूचना जारी करते हुए Know Your Customer (KYC) नियमों में 6 महत्वपूर्ण बदलाव किए हैं, जो तुरंत प्रभाव से लागू हो गए हैं।

(KYC) दिशा-निर्देश, 2016 में संशोधन के तहत, विनियमित संस्थाओं (RE) को यूनीक कस्टमर आइडेंटिफिकेशन कोड (UCIC) स्तर पर ग्राहक की उचित देखभाल (CDD) प्रक्रिया को लागू करना अनिवार्य होगा।

नई दिल्ली: भारतीय रिजर्व बैंक ने 'अपने ग्राहक को जानें' यानी KYC के नियमों में बदलाव करने की घोषणा की है। केंद्रीय बैंक ने KYC से संबंधित 6 नियमों में बदलाव किया है, जो तुरंत प्रभाव से लागू हो चुके हैं। रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया ने बुधवार, 6 नवंबर को एक सर्कुलर जारी कर इस बात की जानकारी दी।

यह ध्यान देने योग्य है कि 'अपने ग्राहक को जानें' (KYC) के माध्यम से कोई भी बैंक या वित्तीय संस्थान अपने ग्राहकों की पहचान की जांच करता है। KYC मनी लॉन्ड्रिंग और आतंकवादी वित्तपोषण जैसी अवैध गतिविधियों को रोकने में मदद करता है, साथ ही यह फर्म और ग्राहकों दोनों की सुरक्षा को सुनिश्चित करता है।

इन नियमों में बदलाव

रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया ने बुधवार, 6 नवंबर 2024 को एक अधिसूचना जारी की, जिसमें 19 जुलाई 2024 की गज़ट अधिसूचना के माध्यम से मनी लॉन्ड्रिंग प्रीवेन्शन (अभिलेखों का रखरखाव) नियम, 2005 में किए गए हालिया संशोधनों के साथ निर्देशों को संरेखित किया गया है।

(B) भारत सरकार की ओर से 2 फरवरी, 2021 के आदेश में 'अनयूजफुल एक्टिविटी (रोकथाम) अधिनियम 1967' की धारा 51A के कार्यान्वयन की प्रक्रिया पर 22 अप्रैल, 2024 के शुद्धिपत्र के संदर्भ में निर्देश शामिल किए गए हैं। (C) कुछ मौजूदा निर्देशों में भी संशोधन किया गया है।

इसके अलावा, CCD प्रक्रिया और सेंट्रल केवाईसी रिकॉर्ड रजिस्ट्रि (CKYCR) के साथ केवाईसी जानकारी साझा करने के संबंध में भी संशोधन किए गए हैं।

आरबीआई ने कही ये महत्वपूर्ण जानकारी

आरबीआई ने कहा, "जब भी किसी इनकार्पोरेट संस्थान को ग्राहक से अतिरिक्त या अपडेटेड जानकारी की आवश्यकता होती है, तो उसे विनियमित संस्था द्वारा सात दिनों के भीतर या केंद्र सरकार द्वारा निर्धारित समयसीमा के अंदर अपडेटेड डिटेल्स केंद्रीय केवाईसी रिकॉर्ड रजिस्ट्र्री (सीकेवाईसीआर) को उपलब्ध करानी होगी।

इससे सीकेवाईसीआर में मौजूदा ग्राहक के केवाईसी रिकॉर्ड को अद्यतन किया जाएगा।" यह जानना जरूरी है कि सेंट्रल केवाईसी रिकॉर्ड रजिस्ट्र्री (सीकेवाईसीआर) एक ऐसी इकाई है जो ग्राहक के केवाईसी रिकॉर्ड को डिजिटल रूप में प्राप्त करती है, संग्रहीत करती है, सुरक्षित रखती है और आवश्यकतानुसार उसे पुनः प्राप्त करती है।

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