आगरा में बीते दिनों बारिश और बादलों के दौर के बाद सोमवार सुबह मौसम में बदलाव देखने को मिला। सुबह से हल्की धूप निकली रही और आसमान में पहले की तुलना में कम बादल दिखाई दिए। बारिश से राहत मिलने के बाद शहर के लोगों को उमस और गर्मी का सामना भी करना पड़ सकता है। ताजा मौसम पूर्वानुमान के अनुसार मंगलवार 8 सितंबर को आगरा में बारिश की संभावना बेहद कम है और अधिकतम तापमान करीब 36 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है।
मौसम के इस बदलाव को पिछले कुछ दिनों की स्थिति से जोड़कर देखा जा रहा है। आगरा और आसपास के इलाकों में हाल में बारिश के कारण तापमान में उतार-चढ़ाव देखने को मिला था। बारिश के बाद सुबह और रात के समय मौसम अपेक्षाकृत सुहावना रहा, लेकिन अब बारिश की गतिविधियां कमजोर पड़ने के साथ दिन के तापमान में फिर बढ़ोतरी की संभावना बन रही है।
सोमवार को आगरा में सुबह हल्की धूप निकलने के साथ मौसम सामान्य नजर आया। हालांकि वातावरण में नमी बनी हुई है, जिसके कारण धूप निकलने के बावजूद उमस महसूस हो सकती है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार मानसून की गतिविधियां कमजोर होने पर पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में कुछ दिनों के लिए मौसम अपेक्षाकृत शुष्क हो सकता है। उत्तर प्रदेश में पूर्वांचल की ओर बारिश की गतिविधियां जारी रहने की संभावना बताई गई है, लेकिन इसका असर आगरा पर लगातार बारिश के रूप में दिखाई देना जरूरी नहीं है।
आगरा में मंगलवार को मौसम मुख्य रूप से साफ या धूप वाला रहने का अनुमान है। उपलब्ध पूर्वानुमान के अनुसार 8 सितंबर को बारिश की संभावना सिर्फ करीब 4 प्रतिशत है। दिन का अधिकतम तापमान 36.1 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान करीब 26.2 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। ऐसे में सुबह के समय मौसम सामान्य रहने के बाद दोपहर में गर्मी और उमस बढ़ सकती है।
अगले कुछ दिनों में भी आगरा के मौसम में बहुत ज्यादा बारिश जैसी स्थिति बनने के आसार कम बताए जा रहे हैं। इससे शहर में जलभराव वाले स्थानों पर भी राहत मिल सकती है। हालांकि जिन इलाकों में पिछले दिनों हुई बारिश के कारण पानी जमा हुआ है, वहां पानी पूरी तरह सूखने में समय लग सकता है। तापमान बढ़ने के साथ सड़क और बाजारों में दिन के समय गर्मी का असर दोबारा महसूस होने की संभावना है।
आगरा में सितंबर का मौसम आम तौर पर मानसून और गर्मी के बीच बदलाव वाला रहता है। इस दौरान कभी तेज बारिश तो कभी कई दिनों तक मौसम साफ रहने की स्थिति बन सकती है। मौजूदा पूर्वानुमान भी इसी तरह के बदलाव की ओर संकेत कर रहा है। सितंबर में आगरा का सामान्य अधिकतम तापमान करीब 33 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम करीब 25 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहता है, हालांकि किसी विशेष दिन तापमान इससे ऊपर-नीचे हो सकता है।
मौसम विभाग की गतिविधियों पर नजर रखने की जरूरत इसलिए भी है क्योंकि मानसून के दौरान स्थानीय स्तर पर मौसम तेजी से बदल सकता है। एक तरफ पश्चिमी उत्तर प्रदेश में बारिश की गतिविधियां कमजोर हो सकती हैं, वहीं पूर्वी उत्तर प्रदेश में बने मौसम तंत्र के कारण राज्य के दूसरे हिस्सों में बारिश का दौर जारी रह सकता है। ताजा रिपोर्ट के मुताबिक पूर्वांचल में चक्रवाती हवा के क्षेत्र और झारखंड से पूर्वी उत्तर प्रदेश होते हुए बिहार तक बने कम दबाव के क्षेत्र के कारण कुछ इलाकों में बारिश की संभावना बनी हुई है।
आगरा में बारिश रुकने के बाद तापमान बढ़ने से लोगों को दिन के समय धूप और उमस दोनों का सामना करना पड़ सकता है। खासकर दोपहर के समय बाहर निकलने वालों को गर्मी ज्यादा महसूस हो सकती है। वहीं सुबह और शाम के समय तापमान अपेक्षाकृत आरामदायक रह सकता है। मौसम साफ रहने की स्थिति में ताजमहल, आगरा किला और शहर के अन्य पर्यटन स्थलों पर आने वाले पर्यटकों को बारिश से कुछ राहत मिलेगी, लेकिन दोपहर की गर्मी को ध्यान में रखना जरूरी होगा।
मौसम में अगला बड़ा बदलाव 12 सितंबर के आसपास देखने को मिल सकता है। फिलहाल पांच दिनों तक बारिश की गतिविधियां सीमित रहने के बाद 12 सितंबर के आसपास बादलों की सक्रियता बढ़ने की संभावना जताई जा रही है। हालांकि यह पूर्वानुमान आगे बदल भी सकता है, इसलिए 11 और 12 सितंबर के आसपास मौसम विभाग की नई अपडेट को देखना अधिक महत्वपूर्ण होगा।
बारिश के दिनों के बाद अचानक धूप निकलने से तापमान में बढ़ोतरी स्वाभाविक रूप से महसूस हो सकती है। ऐसे में लोगों को दिन में पर्याप्त पानी पीने और तेज धूप से बचने की सलाह दी जाती है। वहीं किसानों के लिए भी अगले कुछ दिनों का मौसम महत्वपूर्ण है, क्योंकि बारिश रुकने के बाद खेतों में जलभराव की स्थिति कम होने पर कृषि कार्यों में तेजी लाई जा सकती है।
कुल मिलाकर आगरा में सोमवार से मौसम ने राहत का संकेत दिया है। सुबह हल्की धूप के बाद फिलहाल बारिश का दौर थमता नजर आ रहा है। मंगलवार को बारिश की संभावना बेहद कम रहने और तापमान करीब 36 डिग्री तक पहुंचने का अनुमान है। अगले कुछ दिनों में भी मौसम अपेक्षाकृत शुष्क रह सकता है, जबकि 12 सितंबर के आसपास फिर से बदलाव के संकेत मिल रहे हैं। हालांकि मानसून के दौरान स्थानीय मौसम में अचानक परिवर्तन संभव है, इसलिए बारिश और तापमान को लेकर रोजाना जारी होने वाले ताजा पूर्वानुमान पर नजर रखना जरूरी होगा।







