ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड के बीच एशेज 2025–26 की शुरुआत पर्थ स्टेडियम में हो रही है। इंग्लैंड के कप्तान बेन स्टोक्स ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला किया, लेकिन यह निर्णय तेज़ गेंदबाज़ मिचेल स्टार्क ने तुरंत गलत साबित कर दिया।
स्पोर्ट्स न्यूज़: एशेज 2025-26 सीरीज का आगाज पर्थ स्टेडियम में हो चुका है, जहां ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड के बीच पहले टेस्ट मैच के शुरुआती दिन ही कंगारू टीम के अनुभवी तेज गेंदबाज मिचेल स्टार्क ने इतिहास रच दिया। इंग्लैंड के कप्तान बेन स्टोक्स ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला लिया, लेकिन उनका यह निर्णय ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाजों विशेषकर स्टार्क ने जल्दी ही गलत साबित कर दिया।
स्टार्क ने पहले सेशन में ऐसी घातक गेंदबाजी की कि इंग्लैंड के बल्लेबाज संभल ही नहीं पाए। उन्होंने अपने पहले ही ओवर में जैक क्रॉली को शून्य पर पवेलियन भेजकर मैच पर ऑस्ट्रेलिया की पकड़ मजबूत कर दी। इसके बाद उन्होंने बेन डकेट और दिग्गज बल्लेबाज जो रूट के विकेट भी अपने नाम किए। जो रूट को डक पर आउट करते ही स्टार्क ने एशेज के इतिहास में एक अनोखी उपलब्धि हासिल कर ली।

एशेज में 100 विकेट लेने वाले पहले लेफ्ट-आर्म फास्ट बॉलर
मिचेल स्टार्क ने पर्थ टेस्ट के दौरान एशेज में अपने 100 विकेट पूरे कर लिए। इसके साथ ही वह एशेज इतिहास में ऐसा कारनामा करने वाले पहले बाएं हाथ के तेज गेंदबाज बन गए। यह उपलब्धि स्टार्क की निरंतरता, गति और स्विंग की क्षमता को प्रमाणित करती है। उनकी गेंदबाजी ने न केवल इंग्लैंड को शुरुआत में ही दबाव में डाला, बल्कि उन्हें एशेज के इतिहास के सबसे सफल तेज गेंदबाजों में भी शामिल कर दिया।
स्टार्क अब ऑस्ट्रेलिया के लिए एशेज में 100 विकेट लेने वाले 13वें गेंदबाज बन गए हैं। दोनों टीमों के मिलाकर वह इस उपलब्धि तक पहुंचने वाले 21वें गेंदबाज हैं। उन्होंने यह मुकाम 23 टेस्ट मैचों में 26.72 की औसत से हासिल किया है। एशेज जैसे प्रतिष्ठित मुकाबले में 100 विकेट हासिल करना किसी भी गेंदबाज के लिए बड़ी उपलब्धि है—और स्टार्क ने यह मील का पत्थर आक्रामक और प्रभावशाली अंदाज में पार किया।








