अशोक कुमार मित्तल  के 9 ठिकानों पर ED रेड, लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी भी जांच के दायरे में

AAP सांसद अशोक कुमार मित्तल के जालंधर-फगवाड़ा स्थित 9 ठिकानों पर ED की छापेमारी जारी है। Lovely Professional University समेत कई परिसरों में जांच चल रही है।

Ashok Kumar Mittal के जालंधर और फगवाड़ा स्थित 9 ठिकानों पर ED ने छापेमारी की है। Lovely Professional University समेत कई परिसरों में जांच जारी है। AAP ने इसे राजनीतिक कार्रवाई बताया है।

जालंधर: पंजाब में आम आदमी पार्टी (AAP) के राज्यसभा सांसद अशोक मित्तल से जुड़े परिसरों पर बुधवार सुबह प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने बड़ी कार्रवाई की। जांच एजेंसी की टीमें जालंधर और फगवाड़ा में लवली ग्रुप के कई ठिकानों पर छापेमारी कर रही हैं। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, यह कार्रवाई कथित मनी लॉन्ड्रिंग मामले से जुड़ी है।

ED की टीम सुबह करीब 7:30 बजे अशोक मित्तल के जालंधर स्थित घर पहुंची। इसके साथ ही लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (LPU), लवली ऑटोज, लवली स्वीट्स और लवली डिस्टेंस एजुकेशन सेंटर समेत कुल 9 ठिकानों पर तलाशी ली जा रही है। घर के बाहर पुलिस बल भी तैनात किया गया है।

ED की कार्रवाई में कारोबारी लेनदेन और दस्तावेज खंगाले जा रहे

सूत्रों के अनुसार, ED की यह कार्रवाई कथित मनी लॉन्ड्रिंग और वित्तीय लेनदेन से जुड़े मामले की जांच का हिस्सा है। जांच एजेंसी अशोक मित्तल और उनके बेटे से जुड़े कुछ कारोबारी लेनदेन की पड़ताल कर रही है।

फिलहाल ED ने आधिकारिक तौर पर मामले की विस्तृत जानकारी सार्वजनिक नहीं की है, लेकिन सूत्रों का कहना है कि दस्तावेज, डिजिटल रिकॉर्ड और कारोबारी फाइलों की जांच की जा रही है। तलाशी के दौरान इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों और वित्तीय कागजात को भी खंगाला जा रहा है।

किन-किन ठिकानों पर छापेमारी

ED की दिल्ली टीम पंजाब पहुंची और जालंधर व फगवाड़ा में कई परिसरों पर एक साथ छापेमारी शुरू की। जिन प्रमुख जगहों पर जांच जारी है, उनमें:

  • लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी
  • लवली ऑटोज
  • लवली स्वीट्स
  • लवली डिस्टेंस एजुकेशन सेंटर

परिवार से जुड़े आवासीय परिसर

इसके अलावा, मित्तल परिवार के अन्य सदस्यों, खासकर उनके भाइयों रमेश मित्तल और नरेश मित्तल से जुड़े परिसरों पर भी जांच की जा रही है।

अशोक मित्तल इस वक्त कहां हैं

जानकारी के मुताबिक, छापेमारी के दौरान अशोक मित्तल अपने जालंधर स्थित घर में ही मौजूद थे। फिलहाल ED अधिकारी उनसे पूछताछ कर सकते हैं या दस्तावेजों के संबंध में जानकारी ले सकते हैं।

अब तक न तो अशोक मित्तल और न ही उनके परिवार की ओर से इस कार्रवाई पर कोई औपचारिक बयान सामने आया है।
भगवंत मान ने केंद्र पर साधा निशाना

इस कार्रवाई के बाद पंजाब की राजनीति गरमा गई है। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने ED की छापेमारी को राजनीतिक कार्रवाई बताया।
उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा कि भाजपा ने पंजाब चुनाव की तैयारी शुरू कर दी है और यह “टिपिकल मोदी स्टाइल” की कार्रवाई है। भगवंत मान ने कहा कि आम आदमी पार्टी दबाव में आने वाली नहीं है।

उनका बयान यह संकेत देता है कि AAP इस छापेमारी को राजनीतिक प्रतिशोध के रूप में पेश करने की कोशिश कर रही है।

अरविंद केजरीवाल का आरोप: चुनावी तैयारी शुरू

AAP के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने भी ED की कार्रवाई पर तीखी प्रतिक्रिया दी।

केजरीवाल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पंजाब में चुनावी तैयारी शुरू कर दी है। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्षी नेताओं और AAP से जुड़े लोगों पर केंद्रीय एजेंसियों का इस्तेमाल किया जा रहा है।

केजरीवाल ने कहा कि पंजाब के लोग ऐसी राजनीति को बर्दाश्त नहीं करेंगे और भाजपा को इसका जवाब देंगे।

कौन हैं अशोक मित्तल

अशोक मित्तल पंजाब के प्रमुख उद्योगपति, शिक्षाविद और AAP के राज्यसभा सांसद हैं। वे लवली ग्रुप और लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी के संस्थापक हैं।
उनका पारिवारिक कारोबार बेहद साधारण स्तर से शुरू हुआ था। उनके पिता बलदेव राज मित्तल ने 1961 में 500 रुपए उधार लेकर जालंधर कैंट क्षेत्र में एक मिठाई की दुकान खोली थी, जिसका नाम लवली स्वीट हाउस रखा गया।

धीरे-धीरे यह कारोबार बढ़ता गया और परिवार ने मिठाई कारोबार को पंजाब में प्रतिष्ठित ब्रांड बना दिया।

मिठाई कारोबार से शिक्षा साम्राज्य तक का सफर

अशोक मित्तल ने शुरुआती दिनों में अपने परिवार के कारोबार में हाथ बंटाया। पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्होंने 1991 में ऑटोमोबाइल सेक्टर में कदम रखा। उन्होंने बजाज और बाद में मारुति सुजुकी की डीलरशिप ली।

कम समय में वे पंजाब के प्रमुख ऑटोमोबाइल कारोबारी बन गए। इसके बाद उन्होंने शिक्षा क्षेत्र में कदम रखा।

2001 में फगवाड़ा में 3.5 एकड़ जमीन पर एक कॉलेज की स्थापना की गई। 2005 में इस संस्थान को प्राइवेट यूनिवर्सिटी का दर्जा मिला और यह लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी के रूप में विकसित हुई।

LPU का विस्तार और वैश्विक पहचान

आज लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी भारत के सबसे बड़े निजी शैक्षणिक संस्थानों में गिनी जाती है।

संस्थान से जुड़ी प्रमुख बातें:

  • 600 एकड़ से अधिक का कैंपस
  • 50 से अधिक देशों के छात्र
  • 40,000 से ज्यादा विद्यार्थी
  • 3,600 से अधिक शिक्षक

लवली ग्रुप का सालाना कारोबार लगभग 850 करोड़ रुपए तक पहुंच चुका है।

कार्रवाई के राजनीतिक और संस्थागत मायने

ED की यह छापेमारी सिर्फ एक कारोबारी जांच नहीं, बल्कि पंजाब की राजनीति में बड़ा असर डालने वाली घटना बन सकती है। AAP इसे केंद्र सरकार की राजनीतिक रणनीति बता रही है, जबकि जांच एजेंसी इसे वित्तीय अनियमितताओं की जांच का हिस्सा मान रही है।

आने वाले दिनों में ED की जांच, संभावित बरामदगी और आधिकारिक बयान इस मामले की दिशा तय करेंगे। फिलहाल, पंजाब की राजनीति और शिक्षा जगत की नजरें इस कार्रवाई के अगले चरण पर टिकी हैं।

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