उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मंगलवार यानी 8 सितंबर को अयोध्या दौरे पर पहुंचेंगे। मुख्यमंत्री का अयोध्या प्रवास करीब तीन घंटे का रहेगा। इस दौरान वह राजकीय इंटर कॉलेज (GIC) मैदान में आयोजित आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं के राज्यस्तरीय सम्मान समारोह में शामिल होंगे। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री कार्यकर्ताओं को सम्मानित करने के साथ उन्हें संबोधित भी करेंगे। इसके बाद मुख्यमंत्री हनुमानगढ़ी पहुंचकर दर्शन-पूजन करेंगे और फिर श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में रामलला के दर्शन करेंगे।
मुख्यमंत्री के अयोध्या दौरे को लेकर जिला प्रशासन ने तैयारियां पूरी कर ली हैं। जीआईसी मैदान में होने वाले मुख्य कार्यक्रम में अयोध्या मंडल की करीब 12 से 15 हजार आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं के शामिल होने की उम्मीद है। इसके अलावा राशन वितरण से जुड़ी स्वयं सहायता समूहों की महिलाएं भी कार्यक्रम में हिस्सा लेंगी। प्रदेश के अन्य जिलों में भी इस अवसर पर समानांतर कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे और मुख्य कार्यक्रम का प्रसारण भी किया जाएगा।
मुख्यमंत्री के कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं के योगदान को सम्मान देना है। आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से प्रदेश में बच्चों के पोषण, प्रारंभिक शिक्षा, स्वास्थ्य और महिला एवं बाल विकास से जुड़ी योजनाओं को जमीनी स्तर तक पहुंचाने में कार्यकर्ताओं की महत्वपूर्ण भूमिका रहती है। ऐसे में राज्यस्तरीय सम्मान समारोह के जरिए सरकार इन कार्यकर्ताओं का उत्साह बढ़ाने की कोशिश कर रही है।
कार्यक्रम को लेकर आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं में भी खास उत्साह है। बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं के अयोध्या पहुंचने की तैयारी है। जिला प्रशासन की ओर से कार्यक्रम स्थल पर बैठने, सुरक्षा, यातायात और अन्य व्यवस्थाओं को लेकर तैयारियां की गई हैं। मुख्यमंत्री की मौजूदगी को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था भी कड़ी रखी जाएगी।
मिली जानकारी के मुताबिक मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ दोपहर करीब 2:50 बजे हेलीकॉप्टर से जीआईसी मैदान पहुंचेंगे। यहां वह आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं के सम्मान समारोह में शामिल होंगे। कार्यक्रम में संबोधन के साथ सम्मान और अन्य सरकारी कार्यक्रम भी प्रस्तावित हैं। मुख्यमंत्री करीब चार बजे तक कार्यक्रम स्थल पर रहेंगे।
मुख्यमंत्री के इस कार्यक्रम को लेकर सबसे ज्यादा चर्चा आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के मानदेय को लेकर संभावित घोषणा की है। कुछ रिपोर्टों के मुताबिक सरकार आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं के मानदेय में बढ़ोतरी का ऐलान कर सकती है। हालांकि मुख्यमंत्री की ओर से आधिकारिक घोषणा होने तक इसे संभावित निर्णय के तौर पर ही देखा जा रहा है।
रिपोर्टों में प्रस्तावित बढ़ोतरी के तहत आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के मानदेय में 4 हजार रुपये और सहायिकाओं के मानदेय में 2 हजार रुपये की वृद्धि की संभावना जताई गई है। यदि यह घोषणा होती है तो प्रदेश की बड़ी संख्या में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं को इसका लाभ मिल सकता है। हालांकि अंतिम निर्णय और राशि की पुष्टि मुख्यमंत्री की घोषणा के बाद ही होगी।
कार्यक्रम के दौरान महिला एवं बाल विकास विभाग की योजनाओं और उनसे जुड़े कार्यों को प्रदर्शित करने वाली प्रदर्शनी भी लगाई जाएगी। इसके जरिए विभाग की योजनाओं, आंगनबाड़ी केंद्रों में हो रहे बदलाव और सरकार की ओर से किए जा रहे कार्यों की जानकारी दी जाएगी। विभागीय मंत्री और जनप्रतिनिधियों के भी कार्यक्रम में शामिल होने की जानकारी सामने आई है।
मुख्यमंत्री कार्यक्रम समाप्त होने के बाद रामकथा पार्क हेलीपैड पहुंचेंगे। वहां से वह सबसे पहले हनुमानगढ़ी जाएंगे और दर्शन-पूजन करेंगे। इसके बाद श्रीराम जन्मभूमि परिसर में पहुंचकर रामलला के दर्शन करेंगे। अयोध्या दौरे के दौरान मुख्यमंत्री का यह धार्मिक कार्यक्रम भी महत्वपूर्ण रहेगा।
रामलला के दर्शन के बाद मुख्यमंत्री के शाम करीब पांच बजे हेलीकॉप्टर से लखनऊ रवाना होने का कार्यक्रम है। इस तरह अयोध्या में उनका कुल प्रवास लगभग तीन घंटे का रहेगा। मुख्यमंत्री के दौरे को लेकर प्रशासन ने समयबद्ध कार्यक्रम तैयार किया है, ताकि सभी कार्यक्रम निर्धारित समय के अनुसार पूरे किए जा सकें।
मुख्यमंत्री के दौरे को देखते हुए अयोध्या शहर में यातायात व्यवस्था में भी बदलाव किया गया है। प्रशासन की ओर से कुछ प्रमुख मार्गों पर रूट डायवर्जन लागू किया जाएगा। रामपथ और हनुमानगढ़ी की ओर जाने वाले रास्तों के साथ अन्य महत्वपूर्ण मार्गों पर भी सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई जाएगी। लोगों से अपील की गई है कि मुख्यमंत्री के दौरे के दौरान निर्धारित यातायात व्यवस्था का पालन करें।
मुख्यमंत्री के अयोध्या पहुंचने से पहले ही जीआईसी मैदान में कार्यक्रम की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। मंच, सुरक्षा व्यवस्था, बैठने की व्यवस्था और अन्य इंतजामों को अंतिम रूप दिया जा चुका है। अधिकारियों की निगरानी में कार्यक्रम स्थल पर व्यवस्थाओं को जांचा गया है। जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी लगातार तैयारियों पर नजर रख रहे हैं।
आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के लिए यह कार्यक्रम इसलिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि प्रदेश में महिला एवं बाल विकास से जुड़ी योजनाओं को लागू करने में उनकी भूमिका सीधे तौर पर जुड़ी है। गांव और शहर के स्तर पर आंगनबाड़ी केंद्र बच्चों और महिलाओं तक पोषण एवं अन्य सरकारी सेवाएं पहुंचाने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं। सरकार की ओर से समय-समय पर इन केंद्रों को मजबूत करने और कार्यकर्ताओं की सुविधाओं में सुधार की बात कही जाती रही है।
अयोध्या में होने वाले इस राज्यस्तरीय कार्यक्रम में प्रदेशभर के आंगनबाड़ी नेटवर्क से जुड़े मुद्दों और उपलब्धियों को भी सामने रखा जा सकता है। मुख्यमंत्री के संबोधन पर भी कार्यकर्ताओं की नजर रहेगी। खासकर मानदेय बढ़ोतरी को लेकर संभावित घोषणा के कारण कार्यक्रम को लेकर उत्सुकता और बढ़ गई है। हालांकि सरकार की ओर से अंतिम घोषणा होने के बाद ही इस संबंध में स्थिति पूरी तरह स्पष्ट होगी।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का अयोध्या दौरा धार्मिक और प्रशासनिक दोनों दृष्टि से महत्वपूर्ण रहेगा। एक तरफ वह हजारों आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं के सम्मान समारोह में शामिल होंगे, वहीं दूसरी तरफ हनुमानगढ़ी और रामलला के दर्शन करेंगे। इसके चलते अयोध्या में सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को लेकर प्रशासन ने विशेष इंतजाम किए हैं।
मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में शामिल होने के लिए अयोध्या मंडल के विभिन्न जिलों से बड़ी संख्या में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के पहुंचने की तैयारी है। अधिकारियों के अनुसार करीब 12 से 15 हजार कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं की मौजूदगी हो सकती है। प्रदेश के बाकी जिलों में भी कार्यक्रम आयोजित किए जाने हैं, जिससे यह आयोजन राज्यस्तरीय रूप लेगा।
फिलहाल सभी की नजर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के संबोधन और संभावित घोषणाओं पर है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को उम्मीद है कि सरकार उनके मानदेय और अन्य सुविधाओं को लेकर कोई बड़ा ऐलान कर सकती है। वहीं प्रशासन का पूरा ध्यान मुख्यमंत्री के कार्यक्रम को शांतिपूर्ण और व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने पर है।
मुख्यमंत्री दोपहर में अयोध्या पहुंचेंगे, जीआईसी मैदान में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के सम्मान समारोह में शामिल होंगे, इसके बाद हनुमानगढ़ी और रामलला के दर्शन करेंगे और शाम को लखनऊ लौट जाएंगे। मुख्यमंत्री के इस दौरे के दौरान होने वाली घोषणाओं पर प्रदेशभर की आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं की नजर रहेगी।








