डिजिटल क्रिएटर से अभिनेत्री बनीं धरना दुर्गा हाल ही में नेटफ्लिक्स की फिल्म ‘मां बहन’ में नजर आईं। इस फिल्म में उन्होंने तृप्ति डिमरी और माधुरी दीक्षित जैसे अनुभवी कलाकारों के साथ स्क्रीन साझा की।
एंटरटेनमेंट न्यूज़: डिजिटल क्रिएटर से अभिनेत्री बनीं धरना दुर्गा ने नेटफ्लिक्स फिल्म ‘मां बहन’ में अपने अनुभव को बेहद खास और सीख से भरा बताया है। फिल्म में उन्होंने बॉलीवुड की दिग्गज अभिनेत्री माधुरी दीक्षित और युवा स्टार तृप्ति डिमरी के साथ स्क्रीन साझा की। धरना के अनुसार, यह अनुभव उनके लिए किसी “फिल्म स्कूल” से कम नहीं था।
सुरेश त्रिवेणी के निर्देशन में बनी यह फिल्म हाल ही में नेटफ्लिक्स पर रिलीज हुई है और इसमें माधुरी दीक्षित, तृप्ति डिमरी, धरना दुर्गा और रवि किशन प्रमुख भूमिकाओं में नजर आते हैं। फिल्म को दर्शकों और आलोचकों से मिश्रित प्रतिक्रिया मिली है, लेकिन इसके कलाकारों के प्रदर्शन की चर्चा लगातार हो रही है।
‘हर दिन कुछ नया सीखने जैसा था शूटिंग अनुभव’
ई-टाइम्स को दिए इंटरव्यू में धरना दुर्गा ने बताया कि बड़े सितारों के साथ काम करना उनके लिए बेहद प्रेरणादायक रहा। उन्होंने कहा कि वे अभी भी फिल्म एक्टिंग की बारीकियों को समझने की प्रक्रिया में हैं और शूटिंग के दौरान हर दिन कुछ नया सीखने को मिला। धरना के अनुसार, अभिनय की सबसे बड़ी सीख ईमानदारी है, जो उनके सोशल मीडिया कंटेंट से लेकर बड़े पर्दे तक उनकी मार्गदर्शक रही है।
माधुरी दीक्षित और तृप्ति डिमरी के साथ काम को बताया ‘मास्टरक्लास’
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धरना ने कहा कि माधुरी दीक्षित और तृप्ति डिमरी के साथ सीन शेयर करना उनके लिए एक “लाइव मास्टरक्लास” जैसा अनुभव था। उन्होंने बताया कि उन्होंने दोनों अभिनेत्रियों की परफॉर्मेंस की बारीकियों को बेहद करीब से देखा, जिससे उन्हें रिदम, टाइमिंग और सीन की फ्लो को बेहतर समझने में मदद मिली। धरना के शब्दों में, “जब आप माधुरी मैम और तृप्ति के साथ एक फ्रेम में होते हैं, तो ऐसा लगता है जैसे आप फिल्म स्कूल में हों।”
धरना दुर्गा ने विशेष रूप से कॉमेडी सीन और टाइमिंग को अपने लिए सबसे बड़ी सीख बताया। उन्होंने कहा कि हर एक बीट और एक्सप्रेशन का सही समय पर होना बेहद जरूरी है, और यह उन्होंने अपने को-स्टार्स से बहुत करीब से सीखा। उनका कहना है कि अनुभवी कलाकारों के साथ काम करने से उन्हें यह समझने में मदद मिली कि कैसे छोटे-छोटे बदलाव पूरे सीन की प्रभावशीलता को बदल सकते हैं।
सेट का माहौल रहा सहयोगपूर्ण और प्रेरणादायक
धरना ने अपने को-स्टार्स की जमकर सराहना करते हुए कहा कि शूटिंग के दौरान उन्हें कभी भी असहज या दबाव महसूस नहीं हुआ। उन्होंने बताया कि पूरी टीम का माहौल बहुत सहयोगपूर्ण था, जिससे उन्हें अपनी भूमिका को आत्मविश्वास के साथ निभाने में मदद मिली। धरना के अनुसार, “अनुभवी कलाकारों की सबसे बड़ी खासियत यह होती है कि वे कहानी और सीन को प्राथमिकता देते हैं। इसी वजह से सेट पर काम करना बेहद आसान और सहज हो गया।”
धरना ने माधुरी दीक्षित और तृप्ति डिमरी की तारीफ करते हुए कहा कि वे दोनों बेहद विनम्र और सहयोगी कलाकार हैं। उन्होंने कहा कि इतने अनुभव के बावजूद उन्हें कभी यह महसूस नहीं हुआ कि वे उनसे अलग या कमतर हैं। इस व्यवहार ने उनके आत्मविश्वास को बढ़ाया और प्रदर्शन पर दबाव कम किया।









