गोरखपुर रेलवे स्टेशन पर नॉन इंटरलॉकिंग कार्य के चलते आनंद विहार-मुजफ्फरपुर गरीब रथ करीब छह घंटे खड़ी रही। नाराज यात्री ट्रैक पर उतरकर हंगामा करने लगे। आरपीएफ ने समझाकर उन्हें ट्रेन में बैठाया, जिसके बाद ट्रेन रवाना हुई।
गोरखपुर: गोरखपुर कैंट-उनौला डबल रेल लाइन के नॉन इंटरलॉकिंग कार्य के कारण ट्रेनों का संचालन प्रभावित रहा। गुरुवार को ट्रेन नंबर 12212 आनंद विहार टर्मिनल-मुजफ्फरपुर गरीब रथ करीब छह घंटे स्टेशन पर खड़ी रही। इससे नाराज यात्रियों ने रेलवे ट्रैक पर उतरकर हंगामा शुरू कर दिया। आरपीएफ ने मौके पर पहुंचकर यात्रियों को समझाया और बाद में ट्रेन को रवाना कराया।
करीब छह घंटे स्टेशन पर खड़ी रही गरीब रथ
गोरखपुर रेलवे स्टेशन पर नॉन इंटरलॉकिंग कार्य के कारण ट्रेन नंबर 12212 आनंद विहार टर्मिनल-मुजफ्फरपुर गरीब रथ का परिचालन प्रभावित हुआ। ट्रेन करीब 11:55 बजे प्लेटफार्म नंबर पांच पर पहुंची थी, लेकिन शाम पांच बजे तक इसके रवाना नहीं होने पर यात्रियों का धैर्य जवाब देने लगा।
![]()
इसके बाद बड़ी संख्या में यात्री प्लेटफार्म नंबर पांच और छह के बीच रेलवे ट्रैक पर उतर आए और हंगामा करने लगे। धीरे-धीरे ट्रैक पर यात्रियों की संख्या बढ़ने लगी। इससे स्टेशन पर कुछ समय के लिए अफरा-तफरी की स्थिति बन गई।
आरपीएफ ने समझाकर यात्रियों को हटाया
हंगामे की सूचना मिलने पर आरपीएफ के प्रभारी निरीक्षक गिरिजेश विश्वकर्मा जवानों के साथ मौके पर पहुंचे। शुरुआत में यात्री उनकी बात मानने को तैयार नहीं थे। आरपीएफ टीम ने यात्रियों को समझाया और उन्हें सुरक्षित तरीके से ट्रैक से हटाकर दोबारा ट्रेन में बैठाया।
आरपीएफ ने मामले की जानकारी उच्चाधिकारियों को दी और संबंधित विभागों के साथ समन्वय किया। इसके बाद गरीब रथ को शाम 5:52 बजे गोरखपुर स्टेशन से रवाना किया गया।
नॉन इंटरलॉकिंग कार्य से कई ट्रेनें प्रभावित
गोरखपुर कैंट-उनौला डबल रेल लाइन पर चल रहे नॉन इंटरलॉकिंग कार्य के कारण सिर्फ गरीब रथ ही नहीं, बल्कि कई अन्य ट्रेनों का संचालन भी प्रभावित हुआ। रेलवे प्रशासन ने काम के दौरान कई ट्रेनों को रद्द, पुनर्निर्धारित और नियंत्रित करके चलाने की व्यवस्था की थी।
गोरखपुर स्टेशन से चलने वाली कई ट्रेनों को भी निर्धारित समय से देरी से रवाना किया गया। नॉन इंटरलॉकिंग कार्य के चलते यात्रियों को लंबे समय तक प्लेटफार्म पर ट्रेनों का इंतजार करना पड़ा।
इस दौरान यात्रियों की परेशानी को देखते हुए रेलवे सुरक्षा बल और रेलवे अधिकारियों ने स्थिति पर नजर बनाए रखी। गरीब रथ के यात्रियों के ट्रैक पर उतरने के बाद आरपीएफ के हस्तक्षेप से स्थिति को नियंत्रित किया गया और ट्रेन को सुरक्षित तरीके से रवाना कराया गया।










