उत्तराखंड के प्रसिद्ध जिम कॉर्बेट नेशनल पार्क में पर्यटकों के लिए सफारी के समय में बदलाव कर दिया गया है। पार्क प्रशासन ने मौसम और पर्यटकों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए मंगलवार से सफारी की टाइमिंग में संशोधन किया है। नए शेड्यूल के अनुसार सुबह की सफारी की शुरुआत के समय में 15 मिनट का बदलाव किया गया है। इससे जंगल सफारी के लिए जाने वाले पर्यटकों को अब नए समय के अनुसार ही प्रवेश करना होगा।
सफारी के समय में बदलाव का सीधा असर उन पर्यटकों पर पड़ेगा जिन्होंने आने वाले दिनों के लिए जंगल सफारी की बुकिंग कर रखी है। पर्यटकों को सलाह दी गई है कि वे सफारी परमिट और बुकिंग से जुड़े समय की जानकारी पहले ही जांच लें, ताकि प्रवेश के समय किसी तरह की परेशानी न हो। कॉर्बेट टाइगर रिजर्व के आधिकारिक पोर्टल पर भी भ्रमण दिवस के लिए सुबह की पाली की ऑनलाइन बुकिंग का अंतिम समय सुबह 6:30 बजे और दोपहर की पाली के लिए शाम 4 बजे निर्धारित है।
पार्क प्रशासन समय-समय पर मौसम, सूर्योदय-सूर्यास्त और वन्यजीवों की गतिविधियों को ध्यान में रखते हुए सफारी की टाइमिंग में बदलाव करता है। जंगल में सफारी के दौरान पर्यटकों की सुरक्षा सबसे महत्वपूर्ण होती है। बारिश के मौसम में जंगल के रास्तों की स्थिति, नदियों-नालों में पानी और मौसम में अचानक बदलाव को देखते हुए सफारी संचालन के समय में परिवर्तन किया जा सकता है।
कॉर्बेट टाइगर रिजर्व में अलग-अलग पर्यटन जोन के लिए सफारी के समय में अंतर भी हो सकता है। उदाहरण के तौर पर विभिन्न जोन में सुबह और शाम की सफारी के प्रवेश और निकास समय अलग निर्धारित किए जाते हैं। इसलिए पर्यटकों को केवल सामान्य सफारी टाइमिंग पर निर्भर रहने के बजाय अपने बुकिंग परमिट पर दिए गए समय की जानकारी को प्राथमिकता देनी चाहिए।
जिम कॉर्बेट देश के प्रमुख टाइगर रिजर्व में शामिल है और यहां हर साल बड़ी संख्या में पर्यटक बाघ, हाथी, हिरण, भालू और कई तरह के पक्षियों को देखने के लिए पहुंचते हैं। जंगल सफारी के दौरान पर्यटकों को निर्धारित मार्ग और समय का पालन करना होता है। पार्क के पर्यटन क्षेत्रों में वाहनों की संख्या भी निर्धारित क्षमता के अनुसार नियंत्रित की जाती है, ताकि वन्यजीवों के प्राकृतिक आवास पर अतिरिक्त दबाव न पड़े।
बारिश के मौसम में सफारी संचालन को लेकर विशेष सावधानी बरती जाती है। भारी बारिश होने पर जंगल के कुछ रास्ते खराब हो सकते हैं और नदियों या बरसाती नालों में पानी का बहाव बढ़ सकता है। ऐसी परिस्थितियों में वन विभाग पर्यटकों की सुरक्षा को प्राथमिकता देता है और आवश्यकता पड़ने पर किसी क्षेत्र में सफारी को अस्थायी रूप से रोक भी सकता है। जिरना जोन जैसे कुछ पर्यटन क्षेत्र मौसम और सड़क की स्थिति सुरक्षित रहने पर सालभर डे सफारी के लिए खुले रहते हैं।
सफारी के नए समय में बदलाव के बाद पर्यटकों को सुबह की पाली में पहले की तुलना में निर्धारित संशोधित समय पर गेट पर पहुंचना होगा। देरी होने पर प्रवेश में परेशानी हो सकती है, इसलिए पर्यटकों को निर्धारित समय से पहले संबंधित गेट पर पहुंचने की सलाह दी जाती है। आधिकारिक कॉर्बेट पोर्टल पर भी सही पहचान पत्र के साथ बुकिंग करने और प्रवेश के समय उसी दस्तावेज की जांच होने की जानकारी दी गई है।
कॉर्बेट में सफारी के लिए आने वाले पर्यटकों के बीच सुबह की पाली काफी लोकप्रिय रहती है। सुबह के समय जंगल का तापमान अपेक्षाकृत अनुकूल रहता है और कई वन्यजीवों की गतिविधियां भी देखने को मिल सकती हैं। इसी वजह से सुबह की सफारी के समय में मामूली बदलाव भी पर्यटकों के लिए महत्वपूर्ण हो जाता है।
पार्क प्रशासन की ओर से पर्यटकों से जंगल के नियमों का पालन करने की अपील की जाती है। सफारी वाहन से उतरना, वन्यजीवों को खाना खिलाना, तेज आवाज करना या जानवरों के बेहद करीब जाने की कोशिश करना प्रतिबंधित है। जंगल में मोबाइल फोन के इस्तेमाल को लेकर भी नियम लागू हैं। कॉर्बेट टाइगर रिजर्व के आधिकारिक पोर्टल के अनुसार टाइगर रिजर्व के कोर पर्यटन क्षेत्रों में मोबाइल फोन का इस्तेमाल प्रतिबंधित है।
पर्यटकों को सफारी के दौरान अपने साथ बुकिंग परमिट और वैध पहचान पत्र रखना चाहिए। किसी भी तरह की असुविधा से बचने के लिए उन्हें बुकिंग की तारीख, जोन, प्रवेश द्वार और निर्धारित समय की जानकारी पहले ही जांच लेनी चाहिए। खासकर समय में बदलाव के बाद पुराने शेड्यूल के आधार पर पार्क पहुंचने से परेशानी हो सकती है।
जिम कॉर्बेट में सफारी सिर्फ वन्यजीव देखने का माध्यम नहीं है, बल्कि प्राकृतिक पर्यावरण को करीब से समझने का अवसर भी है। यहां वन विभाग वन्यजीव संरक्षण और पर्यटन के बीच संतुलन बनाए रखने की कोशिश करता है। सीमित संख्या में वाहनों को प्रवेश देने और निर्धारित समय में सफारी कराने का उद्देश्य भी वन्यजीवों को अनावश्यक परेशानी से बचाना है।
फिलहाल मंगलवार से लागू किए गए नए शेड्यूल के अनुसार पर्यटकों को सफारी के लिए संशोधित समय का पालन करना होगा। मौसम और परिस्थितियों के अनुसार भविष्य में भी समय में बदलाव संभव है। इसलिए कॉर्बेट घूमने की योजना बना रहे पर्यटकों के लिए सबसे जरूरी है कि वे यात्रा से पहले आधिकारिक बुकिंग पोर्टल पर अपने सफारी स्लॉट की ताजा जानकारी जरूर जांचें।









