दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने महिला सशक्तिकरण और शहर की प्रगति के लिए चार ऐतिहासिक योजनाएं राष्ट्र को समर्पित कीं। पिंक कार्ड, एलपीजी-DBT, लखपति बिटिया और मेरी पूंजी मेरा अधिकार से महिलाओं को प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा।
New Delhi: दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने महिलाओं के सशक्तिकरण और शहर की समृद्धि को ध्यान में रखते हुए चार महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक योजनाएं राष्ट्र को समर्पित की हैं। इन योजनाओं का उद्देश्य दिल्ली की महिलाओं को प्रत्यक्ष लाभ पहुंचाना और उनकी आर्थिक, सामाजिक और शैक्षिक स्थिति को मजबूत करना है। सीएम ने कहा कि यह पहल महिलाओं की सुरक्षा, शिक्षा और आर्थिक सशक्तिकरण को बढ़ावा देने के साथ दिल्ली की प्रगति में अहम योगदान देगी।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की उपस्थिति में महत्वपूर्ण घोषणा
चारों योजनाओं का उद्घाटन राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की उपस्थिति में किया गया। इस अवसर पर सीएम रेखा गुप्ता ने कहा कि इन योजनाओं के माध्यम से महिलाएं शहर के अंदर मुफ्त यात्रा कर सकेंगी, उनके रसोई खर्चों में कमी आएगी और बेटियों को शिक्षा के लिए आर्थिक मदद भी मिलेगी। यह कदम महिला सशक्तिकरण और समृद्ध दिल्ली के लक्ष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास है।
सहेली स्मार्ट पिंक कार्ड: महिलाओं के सुरक्षित आवागमन के लिए

पहली योजना सहेली स्मार्ट पिंक कार्ड है। इसका उद्देश्य महिलाओं के सुरक्षित और सुलभ आवागमन को सुनिश्चित करना है। इस योजना के तहत दिल्ली परिवहन निगम (DTC) की बसों में महिलाओं को निःशुल्क यात्रा की सुविधा मिलेगी। यह पहल वन नेशन, वन कार्ड के विजन के अनुरूप है और महिलाओं को सार्वजनिक परिवहन में स्वतंत्र और सुरक्षित यात्रा का अवसर प्रदान करेगी।
एलपीजी और पीएनजी उपभोक्ताओं के लिए DBT
दूसरी योजना एलपीजी एवं पीएनजी उपभोक्ताओं को सिलेंडर राशि का DBT है। इस योजना के तहत होली और दीपावली के अवसर पर सिलेंडर राशि सीधे लाभार्थियों के आधार-लिंक बैंक खातों में ट्रांसफर की जाएगी। प्रत्येक उपभोक्ता के खाते में ₹853 भेजे जाएंगे, जबकि प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों को ₹553 की राशि मिलेगी। इस योजना के अंतर्गत ₹130 करोड़ की राशि सीधे महिलाओं के खातों में ट्रांसफर की गई है। इस कदम से महिलाओं का रसोई बजट कम होगा और घरेलू खर्चों में राहत मिलेगी।
लखपति बिटिया योजना: बेटी की शिक्षा और भविष्य सुनिश्चित
तीसरी योजना लखपति बिटिया योजना है। इस योजना के तहत बेटी के जन्म से लेकर स्नातक स्तर तक उसकी शिक्षा पूरी होने तक सरकार हर चरण में मदद करेगी। जन्म के समय ₹61,000 की राशि जमा कर दी जाएगी, जो ब्याज सहित स्नातक की पढ़ाई पूरी होने पर लगभग ₹1.25 लाख हो जाएगी। यह पूरी प्रक्रिया डिजिटल, फेसलेस और एंड-टू-एंड ऑनलाइन है। बजट में इस योजना के लिए ₹128 करोड़ का प्रावधान किया गया है। अनाथालयों और चाइल्ड केयर संस्थानों में रहने वाली लड़कियों को भी इसका लाभ मिलेगा।

मेरी पूंजी मेरा अधिकार: बकाया राशि का वितरण
चौथी योजना मेरी पूंजी मेरा अधिकार है। इस योजना के तहत लाडली योजना की बकाया राशि का वितरण लाभार्थियों के बैंक खातों में सीधे किया जाएगा। पहले चरण में 30,000 बालिकाओं के खातों में कुल ₹90 करोड़ भेजे जाएंगे। दूसरे चरण में 40,000 बालिकाओं के खातों में ₹100 करोड़ रुपये ट्रांसफर किए जाएंगे। इससे लगभग 1.75 लाख लाभार्थियों को सीधे लाभ मिलेगा।
दिल्ली सरकार का महिला सशक्तिकरण पर जोर
सीएम रेखा गुप्ता ने चार योजनाओं को राष्ट्र के प्रति समर्पित करने के बाद कहा कि यह दिल्ली सरकार का महिला सशक्तिकरण के प्रति स्थायी प्रयास है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में महिला सशक्तिकरण अब राष्ट्रीय संकल्प बन चुका है। विकसित भारत की नींव महिलाओं की आर्थिक भागीदारी, आत्मविश्वास और नेतृत्व पर आधारित है। ऐसे में दिल्ली सरकार हर बेटी और हर महिला को उसका अधिकार दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है।
योजनाओं से महिलाओं को मिलेगा प्रत्यक्ष लाभ

इन योजनाओं के माध्यम से महिलाओं को अनेक क्षेत्रों में प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा। सहेली स्मार्ट पिंक कार्ड से सार्वजनिक परिवहन में महिलाओं की सुरक्षा बढ़ेगी। एलपीजी और पीएनजी के लिए DBT से घरेलू बजट पर बोझ कम होगा। लखपति बिटिया योजना और मेरी पूंजी मेरा अधिकार से बेटियों की शिक्षा और भविष्य सुरक्षित होगा। इन पहलुओं से महिलाओं की सामाजिक और आर्थिक स्थिति में सुधार आएगा और वे सशक्त बनेंगी।
डिजिटल और पारदर्शी प्रक्रिया
दिल्ली सरकार ने इन योजनाओं की प्रक्रिया पूरी तरह डिजिटल और पारदर्शी बनाई है। लाभार्थियों के खाते सीधे आधार से लिंक किए गए हैं। किसी भी बिचौलिये की जरूरत नहीं है। इससे भ्रष्टाचार की संभावना कम होगी और लाभ समय पर सीधे जनता तक पहुंचेगा।
महिला सशक्तिकरण से दिल्ली की समृद्धि
सीएम रेखा गुप्ता ने कहा कि जब महिलाएं सशक्त होंगी, तो समाज और शहर की समृद्धि स्वतः बढ़ेगी। महिलाओं की शिक्षा, सुरक्षा और आर्थिक भागीदारी से दिल्ली का सामाजिक और आर्थिक विकास सुनिश्चित होगा। इन चार योजनाओं से महिलाओं को उनके अधिकार और अवसर मिलेंगे।












