ED की कार्रवाई पर सवालों से केरल के पूर्व मुख्यमंत्री पिनराई विजयन चेंगन्नूर में नाराज हो गए। पत्रकारों के लगातार सवालों पर उन्होंने कहा, “क्या आप मेरे साथ बाथरूम आएंगे?” ED ने PMLA की धारा 66(2) के तहत पुलिस को सामग्री भेजी है।
चेंगन्नूर: केरल के पूर्व मुख्यमंत्री और विपक्ष के नेता पिनराई विजयन बुधवार को प्रवर्तन निदेशालय (ED) की हालिया कार्रवाई को लेकर लगातार पूछे गए मीडिया सवालों पर नाराज हो गए। चेंगन्नूर में पत्रकारों से घिरे विजयन ने सवालों का जवाब देने के बजाय तीखी प्रतिक्रिया दी और एक विवादित टिप्पणी कर दी। पत्रकारों ने विजयन से उनके और उनके परिवार से जुड़े मामले में ED की हालिया कार्रवाई को लेकर सवाल पूछने की कोशिश की। इसी दौरान उन्होंने कहा, “क्या आप मेरे साथ बाथरूम आएंगे?” विजयन की इस टिप्पणी के बाद मौके पर मौजूद मीडिया के बीच यह घटनाक्रम चर्चा का विषय बन गया।
यह घटना ऐसे समय हुई है जब ED ने धन शोधन निवारण अधिनियम (PMLA) की धारा 66(2) के तहत अपनी जांच से जुड़े निष्कर्ष और सहायक दस्तावेज केरल के राज्य पुलिस प्रमुख को भेजे हैं। एजेंसी ने कथित तौर पर विजयन, उनकी बेटी टी. वीणा, उनके दामाद और विधायक पी.ए. मोहम्मद रियास समेत अन्य लोगों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम और अन्य लागू कानूनों के तहत मामला दर्ज करने की मांग की है।
चेंगन्नूर में मीडिया के सवालों से हुआ सामना
विजयन बुधवार दोपहर करीब 12 बजे चेंगन्नूर के कल्लीसेरी PWD रेस्ट हाउस पहुंचे थे। वह चंगनाशेरी की ओर यात्रा कर रहे थे और इसी दौरान कुछ समय के लिए रेस्ट हाउस में रुके।
जब विजयन अपनी आधिकारिक कार से बाहर निकले, तो वहां पहले से मौजूद मीडिया कर्मियों ने उन्हें घेर लिया। पत्रकारों ने ED की हालिया कार्रवाई और उनके परिवार से जुड़े मामले को लेकर सवाल पूछे।
रिपोर्ट के अनुसार, यह मीडिया के सामने विजयन की पहली सार्वजनिक उपस्थिति थी, जब ED ने राज्य पुलिस प्रमुख को अपने निष्कर्ष और संबंधित दस्तावेज भेजे थे।
पत्रकारों ने मामले से जुड़ा मुख्य सवाल दोहराया, लेकिन विजयन ने तत्काल कोई जवाब नहीं दिया। लगातार सवाल किए जाने के बाद उन्होंने तीखी प्रतिक्रिया दी।
‘क्या आप मेरे साथ बाथरूम आएंगे?’
मीडिया कर्मियों के सवालों के बीच विजयन ने कथित तौर पर कहा, “क्या आप मेरे साथ बाथरूम आएंगे?”
यह टिप्पणी उस समय सामने आई जब पत्रकार उनसे ED की कार्रवाई पर उनकी प्रतिक्रिया जानना चाह रहे थे। विजयन ने इस मौके पर ED की कार्रवाई से संबंधित सवालों का विस्तृत जवाब नहीं दिया।
उनकी प्रतिक्रिया को मीडिया से सवाल-जवाब के दौरान असामान्य और तीखा माना गया है। हालांकि, इस संक्षिप्त घटनाक्रम में विजयन ने ED द्वारा भेजे गए दस्तावेजों या उनके खिलाफ संभावित कानूनी कार्रवाई के संबंध में कोई विस्तृत स्पष्टीकरण नहीं दिया।
ED ने राज्य पुलिस प्रमुख को भेजे दस्तावेज
यह पूरा घटनाक्रम ED की उस कार्रवाई की पृष्ठभूमि में सामने आया है जिसमें जांच एजेंसी ने PMLA की धारा 66(2) के तहत अपनी जांच से संबंधित सामग्री राज्य पुलिस प्रमुख को भेजी है।
रिपोर्ट के मुताबिक, ED ने उपलब्ध निष्कर्षों और सहायक दस्तावेजों के आधार पर विजयन और उनके परिवार के कुछ सदस्यों समेत अन्य लोगों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम तथा अन्य संबंधित कानूनों के तहत मामला दर्ज करने की मांग की है।
इस सूची में पिनराई विजयन के अलावा उनकी बेटी टी. वीणा और उनके दामाद पी.ए. मोहम्मद रियास का नाम भी शामिल है। रियास केरल के विधायक हैं।
हालांकि, ED की ओर से किसी व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज करने का अनुरोध या जांच में किसी व्यक्ति का नाम आना अपने आप में अपराध सिद्ध नहीं करता। संबंधित आरोपों पर अंतिम निर्णय सक्षम कानूनी और न्यायिक प्रक्रिया के तहत ही होगा।
CMRL-Exalogic मामले से जुड़ा विवाद
ED की यह कार्रवाई केरल के चर्चित CMRL-Exalogic मामले से जुड़ी जांच के संदर्भ में सामने आई है। इस मामले में एजेंसी की जांच के निष्कर्षों और दस्तावेजों को लेकर राज्य की राजनीति में भी तीखी प्रतिक्रिया देखने को मिली है।
ED द्वारा राज्य पुलिस प्रमुख को सामग्री भेजे जाने के बाद अब यह मामला राजनीतिक और कानूनी दोनों स्तरों पर महत्वपूर्ण हो गया है। राज्य सरकार को उपलब्ध दस्तावेजों और जांच एजेंसी की ओर से भेजी गई सामग्री की समीक्षा के बाद आगे की कार्रवाई पर फैसला करना होगा।
इस घटनाक्रम को लेकर सत्तारूढ़ और विपक्षी राजनीतिक खेमों के बीच आरोप-प्रत्यारोप भी तेज हो सकते हैं।
विजयन ने मीडिया के सवालों का जवाब नहीं दिया
कल्लीसेरी PWD रेस्ट हाउस के बाहर मौजूद पत्रकारों ने विजयन से मामले पर सीधे सवाल पूछे। रिपोर्ट के अनुसार, विजयन ने शुरुआत में कोई प्रतिक्रिया नहीं दी और चुप रहे।
जब पत्रकार लगातार सवाल करते रहे, तो उन्होंने तीखी टिप्पणी की। इसके बाद भी उन्होंने ED के निष्कर्षों, राज्य पुलिस प्रमुख को भेजे गए दस्तावेजों या अपने और परिवार के सदस्यों के खिलाफ संभावित कार्रवाई पर कोई विस्तृत जवाब नहीं दिया।
घटना के दौरान मीडिया का मुख्य फोकस ED की हालिया कार्रवाई और इससे जुड़े संभावित कानूनी कदमों पर था।
आगे की कार्रवाई पर नजर
ED की ओर से राज्य पुलिस प्रमुख को दस्तावेज भेजे जाने के बाद अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि राज्य पुलिस इस सामग्री की समीक्षा किस तरह करती है और क्या इसके आधार पर कोई प्राथमिकी दर्ज की जाती है।
यदि पुलिस को उपलब्ध सामग्री के आधार पर अपराध के संज्ञेय तत्व मिलते हैं, तो कानून के तहत आगे की कार्रवाई की जा सकती है। इसके साथ ही संबंधित पक्षों को अपना पक्ष रखने और कानूनी प्रक्रिया में जवाब देने का अवसर मिलेगा।
फिलहाल, विजयन की चेंगन्नूर यात्रा के दौरान मीडिया से हुई यह संक्षिप्त लेकिन तीखी बातचीत ED की कार्रवाई के बीच राजनीतिक चर्चा का नया विषय बन गई है।
यह घटनाक्रम ऐसे समय में हुआ है जब CMRL-Exalogic मामले की जांच और ED द्वारा राज्य पुलिस को भेजी गई सामग्री के कारण केरल की राजनीति में मामला पहले से ही संवेदनशील बना हुआ है।
महत्वपूर्ण: ED की जांच, उसके निष्कर्ष और किसी संभावित प्राथमिकी से जुड़े आरोपों को न्यायिक रूप से सिद्ध तथ्य नहीं माना जा सकता। संबंधित व्यक्तियों की कानूनी स्थिति जांच और न्यायिक प्रक्रिया के अंतिम परिणाम पर निर्भर करेगी।









