राजस्थान में मौसम एक बार फिर बदलाव के दौर से गुजर रहा है। हाल ही में हुई हल्की बारिश और मौसम की गतिविधियों के बाद अब प्रदेश में गर्मी ने दोबारा दस्तक दे दी है। राज्य के अधिकांश हिस्सों में तापमान बढ़ने लगा है और आने वाले दिनों में गर्मी और तेज होने की संभावना जताई जा रही है।
जयपुर: राजस्थान में बारिश का दौर थमते ही अब गर्मी ने अपना असर दिखाना शुरू कर दिया है। पश्चिमी इलाकों के साथ-साथ पूर्वी, उत्तरी और दक्षिणी जिलों में भी तापमान तेजी से बढ़ रहा है। 10 अप्रैल को पूरे राज्य में तेज धूप खिली रही, जिससे अधिकतम तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की गई। Jaipur समेत कई शहरों में पारा 33 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जिसके चलते दोपहर के समय लोगों को गर्मी और हल्की उमस का सामना करना पड़ा। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में तापमान में और बढ़ोतरी हो सकती है, जिससे गर्मी का असर और तेज होने की संभावना है।
बीकानेर संभाग में बादलों की हलचल, बारिश की संभावना बेहद कम
मौसम विभाग के अनुसार, एक हल्के प्रभाव वाला पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो सकता है, जिसका असर सीमित क्षेत्रों तक ही रहेगा। खासतौर पर बीकानेर, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, फलोदी और चूरू जिलों में आंशिक बादल छाए रह सकते हैं। हालांकि, विशेषज्ञों ने स्पष्ट किया है कि इस सिस्टम के कारण बारिश की संभावना बहुत कम है। यह केवल बादलों की लुका-छिपी तक सीमित रहेगा और इससे तापमान पर मामूली असर पड़ सकता है।
पिछले कुछ दिनों में राजस्थान के अधिकांश हिस्सों में तेज धूप देखने को मिली है। 10 अप्रैल को दिनभर साफ मौसम और तेज धूप के कारण अधिकतम तापमान में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई। राजधानी जयपुर समेत कई शहरों में तापमान 33 डिग्री सेल्सियस के आसपास पहुंच गया, जिससे दोपहर के समय गर्मी और हल्की उमस का अनुभव हुआ। पश्चिमी राजस्थान के रेगिस्तानी क्षेत्रों में तापमान पहले ही बढ़ चुका है और अब इसका असर पूर्वी, उत्तरी और दक्षिणी जिलों में भी दिखाई देने लगा है।
आने वाले दिनों में 3 से 4 डिग्री तक बढ़ सकता है तापमान
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IMD के पूर्वानुमान के अनुसार, अगले एक सप्ताह तक राज्य के अधिकांश हिस्सों में मौसम शुष्क बना रहेगा। इस दौरान अधिकतम तापमान में 3 से 4 डिग्री सेल्सियस तक की वृद्धि हो सकती है। न्यूनतम तापमान में भी बढ़ोतरी की संभावना है, जिससे रात के समय भी गर्मी का असर महसूस किया जाएगा। इसका मतलब है कि दिन के साथ-साथ रातें भी धीरे-धीरे गर्म होती जाएंगी।
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि इस बार सक्रिय होने वाला पश्चिमी विक्षोभ काफी कमजोर है। इसका प्रभाव केवल उत्तर-पश्चिमी राजस्थान के कुछ हिस्सों तक सीमित रहेगा और इससे किसी बड़े मौसम परिवर्तन की उम्मीद नहीं है। ऐसे में प्रदेश के अधिकांश क्षेत्रों में तेज धूप और शुष्क मौसम का सिलसिला जारी रहेगा।
गर्मी से बढ़ेगी चुनौती, सावधानी जरूरी
राजस्थान में तापमान में लगातार वृद्धि के साथ ही लोगों के लिए गर्मी से बचाव जरूरी हो गया है। विशेषज्ञों की सलाह है कि:
- दोपहर के समय धूप में बाहर निकलने से बचें
- पर्याप्त मात्रा में पानी और तरल पदार्थ लें
- हल्के और सूती कपड़े पहनें
- बच्चों और बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखें
आने वाले दिनों में तापमान बढ़ने के साथ ही हीटवेव जैसी परिस्थितियां भी बन सकती हैं, खासकर पश्चिमी और उत्तर-पश्चिमी जिलों में। मौसम में इस बदलाव का असर कृषि और दैनिक जीवन पर भी पड़ सकता है। जहां एक ओर शुष्क मौसम फसलों के लिए चुनौती बन सकता है, वहीं बढ़ती गर्मी से पानी की मांग भी बढ़ेगी।










