रूस-यूक्रेन युद्ध में रातभर हुए हमलों में यूक्रेन में कम से कम नौ लोगों की मौत हुई। जापोरिज्जिया में छह और निप्रॉपेट्रोस में तीन लोग मारे गए। रूस ने 396 यूक्रेनी ड्रोन रोकने का दावा किया, जबकि वोरोनिश में भी हमला हुआ।
रूस/यूक्रेन वॉर: रूस और यूक्रेन के बीच जारी युद्ध में एक बार फिर हमले तेज हो गए हैं। रातभर यूक्रेन के कई शहरों पर रूसी हमलों में कम से कम नौ लोगों की मौत हुई, जबकि दर्जनों लोग घायल बताए गए हैं। दूसरी ओर, यूक्रेन ने भी रूस के भीतर लंबी दूरी तक ड्रोन हमले जारी रखे। दोनों देशों की ओर से हुए हमलों ने युद्ध के और बढ़ने की आशंका बढ़ा दी है। यूक्रेन के अधिकारियों के अनुसार, सबसे अधिक नुकसान दक्षिण-पूर्वी शहर जापोरिज्जिया में हुआ, जहां रूसी हमलों में छह लोगों की मौत हुई और 19 अन्य घायल हुए। इसके अलावा निप्रॉपेट्रोस क्षेत्र में तीन लोगों के मारे जाने की जानकारी सामने आई है। राजधानी कीव में भी विस्फोटों की आवाज सुनी गई और एक व्यक्ति के घायल होने की सूचना है।
जापोरिज्जिया में रूसी हमलों से भारी नुकसान
यूक्रेन के जापोरिज्जिया क्षेत्र में रात के दौरान हुए रूसी हमलों में छह लोगों की जान चली गई। स्थानीय अधिकारियों के मुताबिक, हमलों में नागरिक बुनियादी ढांचे और अन्य इमारतों को नुकसान पहुंचा है। यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने दावा किया कि जापोरिज्जिया पर हुए हमलों में उत्तर कोरिया से मिले बैलिस्टिक मिसाइलों का इस्तेमाल किया गया। उन्होंने इन हमलों को नागरिक बुनियादी ढांचे को अधिकतम नुकसान पहुंचाने के उद्देश्य से किया गया हमला बताया। जेलेंस्की के अनुसार, क्षेत्र में 19 लोग घायल भी हुए हैं। हमलों के बाद बचाव और राहत दलों ने प्रभावित इलाकों में काम शुरू किया। मलबे और क्षतिग्रस्त इमारतों के बीच लोगों की तलाश तथा नुकसान का आकलन किया जा रहा है।
कीव में अस्पताल और इमारतें प्रभावित
यूक्रेन की राजधानी कीव में भी रातभर धमाकों की आवाज सुनाई दी। जेलेंस्की के मुताबिक, एक संक्रामक रोग अस्पताल को हमले में नुकसान पहुंचा है। कीव में एक गोदाम में आग लगने के बाद एक व्यक्ति के घायल होने की जानकारी आपातकालीन सेवाओं की ओर से दी गई। शहर के कुछ इलाकों में रूसी हमलों के बाद धुआं उठता देखा गया। हमलों के दौरान नागरिक इलाकों के आसपास सुरक्षा व्यवस्था भी बढ़ाई गई। यूक्रेन की राजधानी लंबे समय से रूसी मिसाइल और ड्रोन हमलों का निशाना रही है और हालिया हमलों ने एक बार फिर नागरिक सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ाई है।
खेरसॉन और खारकीव में बिजली आपूर्ति प्रभावित
जेलेंस्की ने कहा कि खेरसॉन और खारकीव क्षेत्रों में बिजली से जुड़े सब-स्टेशनों को भी नुकसान पहुंचा है। इसके कारण कुछ इलाकों में बिजली आपूर्ति बाधित हुई। ऊर्जा ढांचे पर हमले यूक्रेन के लिए विशेष चिंता का विषय हैं, क्योंकि युद्ध के दौरान रूस पहले भी बिजली संयंत्रों और ऊर्जा नेटवर्क को निशाना बनाता रहा है। बिजली आपूर्ति बाधित होने से घरों के अलावा अस्पतालों, उद्योगों और अन्य आवश्यक सेवाओं पर भी असर पड़ सकता है। यूक्रेनी राष्ट्रपति ने सहयोगी देशों से रूस पर अतिरिक्त प्रतिबंध लगाने और यूक्रेन की वायु रक्षा क्षमताओं को मजबूत करने की अपील की।
जेलेंस्की का रूस पर गंभीर आरोप
जेलेंस्की ने आरोप लगाया कि रूस शांति की दिशा में आगे बढ़ने के बजाय युद्ध को और तेज करने की तैयारी कर रहा है। उन्होंने रूस की बैलिस्टिक मिसाइल क्षमता में बढ़ोतरी और उत्तर कोरियाई सैन्य उपकरणों के इस्तेमाल को लेकर चिंता जताई। यूक्रेनी राष्ट्रपति ने यह भी कहा कि रूस की सैन्य तैयारियां संघर्ष के संभावित विस्तार की ओर संकेत करती हैं। हालांकि, युद्ध से जुड़े ऐसे दावों की स्वतंत्र पुष्टि करना कई बार मुश्किल होता है। उत्तर कोरियाई हथियारों के कथित इस्तेमाल को लेकर रूस और उत्तर कोरिया की ओर से तत्काल स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध नहीं है। इसलिए इस दावे को यूक्रेनी राष्ट्रपति के आरोप के रूप में ही देखा जाना चाहिए।
रूस ने 396 यूक्रेनी ड्रोन मार गिराने का दावा किया
रूस के रक्षा मंत्रालय ने दावा किया कि उसकी वायु रक्षा प्रणालियों ने रातभर देश के 15 क्षेत्रों में 396 यूक्रेनी ड्रोन को रोककर नष्ट कर दिया। रूसी अधिकारियों के अनुसार, रूस ने यूक्रेन में रक्षा उद्योग से जुड़े ठिकानों तथा परिवहन और लॉजिस्टिक्स केंद्रों को निशाना बनाया। हालांकि, इन सैन्य दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। रूस का दावा ऐसे समय आया है जब यूक्रेन ने रूस के भीतर काफी दूरी तक ड्रोन हमले करने की अपनी क्षमता बढ़ाई है। पिछले कुछ समय में यूक्रेनी ड्रोन रूस के उन क्षेत्रों तक भी पहुंचे हैं जो अग्रिम मोर्चे से काफी दूर हैं।
रूस के वोरोनिश में ड्रोन हमला
रूस के वोरोनिश क्षेत्र में भी यूक्रेनी ड्रोन हमले की जानकारी सामने आई है। क्षेत्रीय गवर्नर अलेक्जेंडर गुसेव के अनुसार, हमले में एक व्यक्ति की मौत हुई और दो लोग घायल हुए। हमले के बाद दो गोदामों में आग लगने की सूचना मिली। अधिकारियों के अनुसार, घायलों में से एक व्यक्ति एक बड़े लॉजिस्टिक्स केंद्र में मौजूद था। रूसी अधिकारियों के मुताबिक, प्रभावित क्षेत्र में आपातकालीन सेवाओं को तैनात किया गया और आग पर काबू पाने का काम शुरू किया गया।
Wildberries के लॉजिस्टिक्स केंद्र में लगी आग
वोरोनिश क्षेत्र में हमले के दौरान रूस की प्रमुख ई-कॉमर्स कंपनी Wildberries के लॉजिस्टिक्स परिसर को भी नुकसान पहुंचा। कंपनी ने बताया कि उसके लॉजिस्टिक्स केंद्र पर हमला हुआ और आग लग गई थी। कंपनी के अनुसार, आग पर काबू पा लिया गया है, हालांकि दमकलकर्मी घटनास्थल पर काम करते रहे। Wildberries ने कहा कि परिसर को पहले ही खाली करा लिया गया था और ज्यादातर सामान सुरक्षित रहा। यह कंपनी रूस के सबसे बड़े ऑनलाइन रिटेल प्लेटफॉर्म में से एक है और इसे अक्सर रूस के अमेजन के रूप में देखा जाता है। पिछले कुछ हफ्तों में इसके कुछ ठिकाने यूक्रेनी हमलों की रिपोर्ट में सामने आए हैं।

ओरेनबर्ग में औद्योगिक परिसर पर हमला
रूस के ओरेनबर्ग क्षेत्र के गवर्नर येवगेनी सोल्न्त्सेव ने भी यूक्रेनी ड्रोन हमले की जानकारी दी। उनके अनुसार, हमले के बाद एक औद्योगिक परिसर में आग लग गई। गवर्नर ने बताया कि शुरुआती जानकारी के मुताबिक इस घटना में कोई हताहत नहीं हुआ। अधिकारियों ने दावा किया कि क्षेत्र में आठ ड्रोन को मार गिराया गया। ओर्स्क शहर में एक तेल रिफाइनरी के आसपास धुआं दिखाई देने वाली कुछ तस्वीरें भी सोशल मीडिया पर सामने आईं, लेकिन इन तस्वीरों और दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
रूस के अंदर ऊर्जा ठिकानों पर भी आग की खबरें
रूस के कई दूरदराज के क्षेत्रों में ऊर्जा प्रतिष्ठानों में आग लगने की अपुष्ट खबरें भी सामने आई हैं। सोशल मीडिया पर जारी कुछ तस्वीरों में इरकुत्स्क क्षेत्र के अंगार्स्क में एक ताप विद्युत संयंत्र के आसपास धुआं दिखाई देने का दावा किया गया। ओर्स्क में एक तेल रिफाइनरी और खाबरोव्स्क क्षेत्र के कोम्सोमोल्स्क-ऑन-अमूर में एक अन्य रिफाइनरी में आग लगने की भी अपुष्ट रिपोर्टें सामने आईं। हालांकि, इन घटनाओं को लेकर सभी स्थानों पर आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। इसलिए इनके कारण और यूक्रेनी ड्रोन हमलों से संभावित संबंध की स्वतंत्र पुष्टि का इंतजार है।
यूक्रेन के लंबी दूरी के हमलों से बढ़ी चिंता
यूक्रेन ने हाल के दिनों में रूस के भीतर लंबी दूरी तक ड्रोन हमले तेज किए हैं। सोमवार को जेलेंस्की ने दावा किया था कि साइबेरिया के टोबोल्स्क में एक रिफाइनरी को निशाना बनाया गया, जिसकी दूरी यूक्रेन से 2,500 किलोमीटर से अधिक बताई गई। इससे पहले रूस के तातारस्तान क्षेत्र में हुए एक ड्रोन हमले में स्थानीय अधिकारियों ने कम से कम 13 लोगों की मौत और 75 से अधिक लोगों के घायल होने की जानकारी दी थी। रूस के भीतर गहराई तक पहुंचने वाले इन हमलों से युद्ध का भौगोलिक दायरा बढ़ने की चिंता पैदा हुई है। यूक्रेन की रणनीति में रूसी सैन्य, ऊर्जा और लॉजिस्टिक्स ढांचे को दूर से निशाना बनाना महत्वपूर्ण हिस्सा बनता जा रहा है।
युद्ध में बढ़ती ड्रोन और मिसाइल गतिविधि
रूस और यूक्रेन के बीच युद्ध में ड्रोन अब प्रमुख हथियारों में शामिल हो चुके हैं। दोनों पक्ष एक-दूसरे के सैन्य और रणनीतिक ठिकानों पर हमले के लिए बड़ी संख्या में ड्रोन का इस्तेमाल कर रहे हैं। रूस जहां यूक्रेन के शहरों और ऊर्जा ढांचे पर मिसाइल तथा ड्रोन हमले करता रहा है, वहीं यूक्रेन रूस के भीतर सैन्य और औद्योगिक ठिकानों को निशाना बनाने की कोशिश कर रहा है। हालिया घटनाओं से संकेत मिलता है कि दोनों पक्षों के बीच हवाई हमलों की तीव्रता कम होने के बजाय बढ़ रही है। नागरिक इलाकों में होने वाली मौतें और बुनियादी ढांचे को नुकसान युद्ध के मानवीय प्रभाव को और गंभीर बना रहे हैं।
आगे क्या होगा?
रूस और यूक्रेन के बीच ताजा हमलों के बाद युद्ध में तनाव और बढ़ने की आशंका है। यूक्रेन ने अपने सहयोगी देशों से अतिरिक्त वायु रक्षा प्रणाली और रूस पर नए प्रतिबंधों की मांग की है। दूसरी ओर, रूस लगातार यूक्रेन के सैन्य और लॉजिस्टिक्स ठिकानों को निशाना बनाने का दावा कर रहा है। दोनों देशों के दावों में से कई की स्वतंत्र पुष्टि युद्ध की परिस्थितियों में संभव नहीं हो पाती। फिलहाल सबसे बड़ी चिंता नागरिकों की सुरक्षा और महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे को लेकर है। जापोरिज्जिया, कीव और अन्य यूक्रेनी क्षेत्रों में हुए हमलों के साथ-साथ रूस के अंदर ड्रोन हमलों ने संघर्ष को एक बार फिर गंभीर मोड़ पर ला दिया है।












