हल्द्वानी: सुशीला तिवारी अस्पताल में तीन दिन के भीतर स्वाइन फ्लू से दूसरी बुजुर्ग की मौत हुई है। 65 वर्षीय मरीज को निमोनिया और सांस की परेशानी के बाद भर्ती किया गया था। अस्पताल ने आइसोलेशन व्यवस्था बढ़ाई है।
हल्द्वानी: उत्तराखंड में स्वाइन फ्लू संक्रमण के बीच हल्द्वानी के सुशीला तिवारी अस्पताल में तीन दिन के भीतर दूसरी मौत हुई है। शनिवार को रातीघाट निवासी 65 वर्षीय बुजुर्ग ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। उन्हें निमोनिया, सांस लेने में परेशानी, लकवा और अनियंत्रित रक्तचाप की शिकायत थी। जांच में 4 सितंबर को स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई थी।
तीन दिन में स्वाइन फ्लू से दूसरी मौत
सुशीला तिवारी अस्पताल में स्वाइन फ्लू से तीन दिन के भीतर दो बुजुर्गों की मौत हो चुकी है। शनिवार को रातीघाट निवासी 65 वर्षीय बुजुर्ग की इलाज के दौरान मौत हुई। उन्हें 2 सितंबर को अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
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मरीज को निमोनिया और सांस लेने में गंभीर परेशानी थी। इसके अलावा वह पहले से लकवा और अनियंत्रित रक्तचाप से पीड़ित थे। जांच के बाद 4 सितंबर को स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई, जिसके बाद उन्हें आईसीयू में भर्ती कर इलाज शुरू किया गया। 5 सितंबर को उन्होंने दम तोड़ दिया।
इससे पहले 3 सितंबर को नैनीताल निवासी 62 वर्षीय बुजुर्ग की भी स्वाइन फ्लू के कारण मौत हुई थी। वह भी पहले से गंभीर बीमारी से पीड़ित थे।
एसटीएच में दो मरीज और एक संदिग्ध भर्ती
फिलहाल सुशीला तिवारी अस्पताल में स्वाइन फ्लू से संक्रमित दो मरीजों के साथ एक संदिग्ध मरीज को भी भर्ती किया गया है। अस्पताल प्रशासन संक्रमण की स्थिति पर नजर बनाए हुए है।
अलग क्लीनिक और आइसोलेशन वार्ड की व्यवस्था
लगातार मामलों और मौतों के बाद एसटीएच प्रशासन ने संक्रमण को नियंत्रित करने के लिए अस्पताल में अलग स्वाइन फ्लू क्लीनिक बनाया है। संदिग्ध लक्षण वाले मरीजों को सामान्य वार्ड से अलग विशेष आइसोलेशन वार्ड में भर्ती किया जा रहा है।
अस्पताल प्रशासन के अनुसार, संदिग्ध मरीजों का तुरंत परीक्षण और उपचार शुरू किया जा रहा है, ताकि संक्रमण को दूसरे मरीजों और अस्पताल में मौजूद लोगों तक फैलने से रोका जा सके।










