नई दिल्ली में बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन की अध्यक्षता में पार्टी की नई राष्ट्रीय टीम की पहली बैठक आयोजित की गई। बैठक की शुरुआत राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ के सभी छह छंदों के पूर्ण गायन के साथ हुई।
Vande Mataram Controversy: राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ को लेकर भारतीय राजनीति में नया विवाद खड़ा हो गया है। भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने नई दिल्ली में आयोजित अपनी नई राष्ट्रीय टीम की पहली बैठक में कांग्रेस के उस रुख की कड़ी आलोचना की, जिसमें पार्टी ने अपने कार्यक्रमों में ‘वंदे मातरम्’ के केवल शुरुआती दो पद गाने की बात दोहराई है। बैठक की अध्यक्षता BJP के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने की और इस दौरान पार्टी ने कांग्रेस के फैसले के विरोध में 10 बिंदुओं वाला निंदा प्रस्ताव भी पारित किया।
बैठक की शुरुआत ‘वंदे मातरम्’ के सभी छह छंदों के पूर्ण गायन के साथ हुई। BJP नेतृत्व ने इस मुद्दे को राष्ट्रीय स्वाभिमान, स्वतंत्रता संग्राम की विरासत और राष्ट्रगीत के सम्मान से जोड़ते हुए देशव्यापी जनसंपर्क और राजनीतिक अभियान चलाने का ऐलान किया।
BJP ने कांग्रेस पर तुष्टीकरण का आरोप लगाया
बैठक में BJP के शीर्ष नेताओं ने कांग्रेस के फैसले पर तीखी प्रतिक्रिया दी। पार्टी का कहना है कि राजनीतिक लाभ या वोट बैंक की राजनीति के लिए ‘वंदे मातरम्’ की ऐतिहासिक विरासत और सम्मान से समझौता नहीं किया जा सकता। BJP के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह समेत पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने कांग्रेस के रुख को लेकर सवाल उठाए। पार्टी ने आरोप लगाया कि राष्ट्रगीत के पूरे स्वरूप को लेकर किसी तरह की राजनीतिक सीमाएं तय करना देश की राष्ट्रीय भावना और स्वतंत्रता सेनानियों के योगदान का अपमान है।
BJP ने अपने प्रस्ताव में कहा कि ‘वंदे मातरम्’ भारत के स्वतंत्रता आंदोलन से गहराई से जुड़ा रहा है और इसे केवल राजनीतिक विवाद का विषय नहीं बनाया जाना चाहिए। पार्टी अब इसके इतिहास, सांस्कृतिक महत्व और स्वतंत्रता संग्राम में इसकी भूमिका को लेकर देशभर में व्यापक अभियान चलाने की तैयारी में है।
देशभर में चलेगा जनजागरण अभियान
BJP की नई राष्ट्रीय टीम की बैठक में आगामी राजनीतिक और संगठनात्मक रणनीतियों पर भी चर्चा की गई। ‘वंदे मातरम्’ के मुद्दे को पार्टी जनसंपर्क अभियान के जरिए देश के विभिन्न हिस्सों तक ले जाएगी। पार्टी का कहना है कि अभियान के दौरान लोगों को ‘वंदे मातरम्’ के इतिहास और स्वतंत्रता आंदोलन में इसके योगदान की जानकारी दी जाएगी।
BJP ने महात्मा गांधी के उन विचारों का भी उल्लेख किया, जिनमें उन्होंने ‘वंदे मातरम्’ को राष्ट्रीय भावना और औपनिवेशिक शासन के खिलाफ संघर्ष से जुड़ा महत्वपूर्ण उद्घोष बताया था। BJP के अनुसार, राष्ट्रगीत के सम्मान के सवाल पर कोई समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा और पार्टी इस विषय को व्यापक स्तर पर जनता के बीच उठाएगी।
कांग्रेस ने 1937 की परंपरा का दिया हवाला

विवाद के बीच कांग्रेस ने अपने रुख का बचाव करते हुए कहा है कि पार्टी कोई नया निर्णय नहीं ले रही, बल्कि 1937 से चली आ रही ऐतिहासिक परंपरा का पालन कर रही है। कांग्रेस कार्य समिति (CWC) के अनुसार, पार्टी के कार्यक्रमों में ‘वंदे मातरम्’ के शुरुआती दो पदों का गायन इसी ऐतिहासिक निर्णय के अनुरूप किया जाता है।
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और पार्टी के अन्य नेताओं का कहना है कि यह व्यवस्था स्वतंत्रता आंदोलन के दौर में अपनाई गई थी। कांग्रेस का दावा है कि अक्टूबर 1937 में पार्टी के तत्कालीन नेतृत्व और प्रमुख राष्ट्रीय नेताओं के बीच बनी सहमति के आधार पर यह परंपरा शुरू हुई थी। कांग्रेस के मुताबिक, महात्मा गांधी, जवाहरलाल नेहरू, सरदार वल्लभभाई पटेल, सुभाष चंद्र बोस और रवींद्रनाथ टैगोर जैसे नेताओं से जुड़े उस दौर की ऐतिहासिक पृष्ठभूमि को ध्यान में रखते हुए शुरुआती दो पदों के गायन की परंपरा अपनाई गई थी।
वंदे मातरम् को लेकर कानूनी प्रावधानों पर भी चर्चा
‘वंदे मातरम्’ से जुड़े राजनीतिक विवाद के बीच इसके कानूनी संरक्षण का मुद्दा भी चर्चा में है। हाल में राष्ट्रीय सम्मान से जुड़े कानून में संशोधन कर राष्ट्रगीत के अपमान और इसके गायन में जानबूझकर बाधा डालने से संबंधित प्रावधानों को मजबूत किए जाने की बात सामने आई है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, संसद के दोनों सदनों से विधेयक पारित होने और राष्ट्रपति की मंजूरी के बाद इसे कानून का रूप दिया गया।
नए प्रावधानों के तहत यदि कोई व्यक्ति जानबूझकर राष्ट्रगीत के सार्वजनिक गायन में बाधा डालता है या उसका अपमान करता है, तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सकती है। कानून में दोषी पाए जाने पर तीन साल तक की जेल या अन्य निर्धारित दंड का प्रावधान बताया गया है। हालांकि, कानूनी प्रावधानों की व्याख्या और उनका लागू होना संबंधित कानून की सटीक धाराओं एवं परिस्थितियों पर निर्भर करेगा।











