वाराणसी के महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ में युवा संवाद-2026 के दौरान भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन ने छात्रों से बातचीत की। युवाओं ने डिजिटल करियर, रोजगार, शिक्षा, परीक्षा व्यवस्था और सोशल मीडिया के प्रभाव से जुड़े सवाल उठाए।
वाराणसी: महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ में आयोजित ‘युवा संवाद-2026’ में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने छात्रों से सीधे संवाद किया। कार्यक्रम में युवाओं ने शिक्षा, रोजगार, डिजिटल करियर, परीक्षा व्यवस्था और सोशल मीडिया से जुड़े मुद्दों पर सवाल पूछे। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी ने भी युवाओं की राष्ट्र निर्माण में भूमिका पर बात करते हुए केंद्र सरकार की विभिन्न योजनाओं और नीतियों का उल्लेख किया।
डिजिटल करियर और रोजगार पर छात्रों ने पूछे सवाल
युवा संवाद के दौरान छात्रों ने बदलते करियर विकल्पों और रोजगार की संभावनाओं को लेकर कई सवाल रखे। एक छात्रा ने डिजिटल मीडिया और कंटेंट क्रिएशन को करियर के तौर पर अपनाने वाले युवाओं के लिए प्रशिक्षण और आर्थिक सहायता से जुड़ी संभावनाओं पर सवाल किया। छात्रों ने यह जानने की कोशिश की कि उत्तर प्रदेश में डिजिटल क्षेत्र में काम करने वाले युवाओं को स्थानीय स्तर पर किस तरह के अवसर मिल सकते हैं।

बनारस में इंटर्नशिप और व्यावहारिक अनुभव के अवसरों का मुद्दा भी संवाद में उठा। छात्रों ने सवाल किया कि पढ़ाई के साथ स्थानीय कंपनियों और संस्थानों में इंटर्नशिप की सुविधा कैसे बढ़ाई जा सकती है। काशी विद्यापीठ के द्वितीय वर्ष के छात्र शिशिर गुप्त ने उच्च शिक्षा में डिग्री के साथ स्किल, इनोवेशन और रिसर्च को बढ़ावा देने को लेकर भी सवाल किया।
नितिन नवीन ने युवाओं के सवालों को सुनते हुए कहा कि देश के भविष्य की दिशा तय करने में युवाओं की सोच और उनके अनुभव महत्वपूर्ण हैं। उन्होंने कहा कि युवाओं को केवल अलग-अलग पीढ़ियों या वर्गों में बांटकर समझने के बजाय उनके विचारों और आकांक्षाओं को समझना जरूरी है।
परीक्षा व्यवस्था और सोशल मीडिया पर भी हुई चर्चा
कार्यक्रम में परीक्षा व्यवस्था को लेकर भी छात्रों ने चिंता जताई। छात्रा श्वेता मेहरोत्रा ने पेपर लीक और परीक्षा से जुड़ी गड़बड़ियों का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि ऐसी घटनाओं का असर उन विद्यार्थियों पर पड़ता है, जो लंबे समय तक मेहनत कर परीक्षाओं की तैयारी करते हैं। उन्होंने सरकार से परीक्षा प्रक्रिया को अधिक सुरक्षित और पारदर्शी बनाने के उपायों को लेकर सवाल किया।
इंटरनेट मीडिया के बढ़ते प्रभाव पर भी चर्चा हुई। एक छात्र ने सोशल मीडिया के कारण युवाओं के सामने आने वाली सामाजिक और व्यक्तिगत चुनौतियों का मुद्दा उठाते हुए पूछा कि युवाओं को नकारात्मक प्रभावों से बचाकर सकारात्मक और रचनात्मक दिशा में कैसे आगे बढ़ाया जा सकता है।
छात्रों ने सरकार और नई पीढ़ी के बीच संवाद के तरीकों को लेकर भी सवाल किए। उनका कहना था कि युवाओं की बदलती संचार शैली और अपेक्षाओं के अनुरूप संवाद के नए माध्यम विकसित किए जाने चाहिए।
पंकज चौधरी ने राष्ट्र निर्माण में युवाओं की भूमिका पर दिया जोर
कार्यक्रम में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी ने युवाओं को राष्ट्र निर्माण का महत्वपूर्ण आधार बताया। उन्होंने कहा कि युवा शक्ति की सक्रिय भागीदारी से ही देश की विकास यात्रा को आगे बढ़ाया जा सकता है। उन्होंने युवाओं को महात्मा गांधी और स्वामी विवेकानंद जैसे महापुरुषों के विचारों से प्रेरणा लेने का संदेश दिया।
चौधरी ने केंद्र सरकार की विभिन्न योजनाओं और उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए जल जीवन मिशन, आवास और स्वास्थ्य से जुड़ी योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने स्टार्टअप और उद्यमिता को लेकर सरकार की पहल का भी जिक्र किया और कहा कि युवाओं के लिए रोजगार के साथ अपना व्यवसाय शुरू करने के अवसर भी बढ़े हैं।
उन्होंने रेल, सड़क और हवाई कनेक्टिविटी को आर्थिक विकास से जोड़ते हुए कहा कि बेहतर बुनियादी ढांचे से रोजगार और कारोबार के अवसर बढ़ते हैं। साथ ही उन्होंने युवाओं से विकसित और समृद्ध भारत के निर्माण में सक्रिय भागीदारी का आह्वान किया।
कार्यक्रम में छात्रों के सवालों के जरिए शिक्षा, रोजगार, सोशल मीडिया, परीक्षा व्यवस्था और डिजिटल करियर जैसे मुद्दे सामने आए। ‘युवा संवाद-2026’ का मुख्य फोकस युवाओं के विचारों और उनकी अपेक्षाओं को सीधे मंच पर रखने पर रहा।











