गौतम अदाणी ने अमेरिका में SEC के आरोपों का सामना करने के लिए वॉल स्ट्रीट के दिग्गज वकील रॉबर्ट गिउफ्रा जूनियर को नियुक्त किया। अदाणी समूह अमेरिकी अदालत में कानूनी प्रक्रिया के अनुसार अपना पक्ष रखने की तैयारी में है।
Business: भारतीय उद्योगपति गौतम अदाणी अब अमेरिका में SEC (Securities and Exchange Commission) के आरोपों से बचाव के लिए पूरी तैयारी कर रहे हैं। अदाणी ने अपने कानूनी प्रतिनिधित्व के लिए वॉल स्ट्रीट के दिग्गज वकील रॉबर्ट गिउफ्रा जूनियर को नियुक्त किया है। गिउफ्रा वर्तमान में अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के केस का बचाव कर रहे हैं और उन्हें अमेरिका के सबसे प्रभावशाली सिक्योरिटी वकीलों में से एक माना जाता है।
इस कदम से साफ है कि अदाणी समूह अब अमेरिकी अदालत में अपने बचाव को मजबूत करने की तैयारी कर रहा है और पूरे मामले का सामना अमेरिकी कानून विशेषज्ञों के जरिए करने वाला है।
रॉबर्ट गिउफ्रा कौन हैं?
गौतम अदाणी के वकील रॉबर्ट गिउफ्रा जूनियर लॉ फर्म Sullivan & Cromwell के को-चेयर हैं। वे अब तक कई बड़े और जटिल मामलों में अपनी विशेषज्ञता दिखा चुके हैं। गिउफ्रा ने Volkswagen, Goldman Sachs और अन्य ग्लोबल दिग्गज कंपनियों के मामलों में सफलतापूर्वक बचाव किया है।
2025 में उन्हें Securities Litigator of the Year का अवॉर्ड भी मिला। उनका अनुभव और प्रतिष्ठा इस मामले में अदाणी समूह के लिए काफी अहम मानी जा रही है।
मामला क्या है और SEC के आरोप
SEC का आरोप है कि गौतम अदाणी और उनके भतीजे सागर अदाणी ने अमेरिकी निवेशकों को गुमराह किया और भारत में सोलर पावर प्रोजेक्ट हासिल करने के लिए करीब $250 मिलियन (करीब 2300 करोड़ रुपये) की रिश्वत देने की योजना बनाई।

यह मामला पिछले एक साल से लटका हुआ था क्योंकि अदाणी और उनके परिवार के सदस्य भारत में हैं। SEC ने पिछले हफ्ते अमेरिकी अदालत से गुहार लगाई कि अदाणी को नोटिस भेजने की अनुमति दी जाए, क्योंकि भारत सरकार से उन्हें सहयोग नहीं मिल रहा था।
SEC के कदम के बाद अदाणी ग्रुप के शेयरों में गिरावट आई और 23 जनवरी को $13 बिलियन की मार्केट वैल्यू कम हो गई।
अदाणी की कानूनी तैयारी
SEC की सख्ती के बीच, अदाणी ने अब अपने अमेरिकी वकील रॉबर्ट गिउफ्रा को केस संभालने के लिए नियुक्त किया। गिउफ्रा ने SEC से संपर्क कर मुकदमे को स्वीकार करने की प्रक्रिया शुरू करने का संकेत दिया। उन्होंने अदालत से समय मांगा ताकि मामले की कानूनी प्रक्रिया तय की जा सके और सभी दस्तावेज़ों और नोटिस का पालन किया जा सके।
अदाणी समूह के प्रतिनिधि ने फिलहाल SEC के मामले में कोई टिप्पणी नहीं की है। हालांकि यह स्पष्ट है कि समूह अब पूरी तरह अमेरिकी वकीलों के जरिए अपनी रक्षा करने की तैयारी में है।
अदाणी और सागर अदाणी की भूमिका
गौतम अदाणी अदाणी समूह के अध्यक्ष हैं और उनके भतीजे सागर अदाणी अदाणी ग्रुप की ग्रीन एनर्जी कंपनी में कार्यकारी निदेशक हैं। SEC ने अदाणी समूह या किसी कॉर्पोरेट इकाई पर अभी तक मुकदमा दायर नहीं किया है।
गौतम अदाणी का कहना है कि उनका उद्देश्य अपने कारोबार को सुरक्षित रखना और कानूनी प्रक्रिया के अनुसार अपना पक्ष अदालत में पेश करना है।
अमेरिकी अदालत में आगे की प्रक्रिया
अमेरिकी जिला न्यायाधीश निकोलस गारौफिस शुक्रवार को फैसला करेंगे कि SEC अदाणी को नोटिस भेज सकेगी या नहीं। अदाणी समूह के अमेरिकी वकील इस दौरान अदालत से चर्चा करेंगे और मुकदमे की अगली प्रक्रिया तय करेंगे।
विशेषज्ञ मानते हैं कि गिउफ्रा जैसी प्रतिष्ठित वकील की मौजूदगी अदाणी के केस में उन्हें कानूनी सुरक्षा और मजबूती दे सकती है। यह मामला न केवल अदाणी समूह के लिए बल्कि भारत के विदेशी निवेशकों के लिए भी काफी अहम माना जा रहा है।









