अल मुस्तफ़ा इंटरनेशनल यूनिवर्सिटी, कुम (ईरान) में स्थित, भारतीय शिया मुसलमानों के लिए धार्मिक और आधुनिक शिक्षा का प्रमुख केंद्र है। यहां कुरआन, हदीस, फ़िक़्ह, तफ़्सीर जैसी इस्लामी पढ़ाई के साथ-साथ अर्थव्यवस्था, पॉलिटिकल साइंस, साइकोलॉजी, मीडिया और मैनेजमेंट जैसे आधुनिक विषय भी पढ़ाए जाते हैं। यूनिवर्सिटी ऑनलाइन पढ़ाई, रिसर्च और अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क के जरिए वैश्विक स्टूडेंट्स को अवसर देती है।
अल मुस्तफ़ा इंटरनेशनल यूनिवर्सिटी: ईरान के कुम शहर में स्थित यह संस्थान भारतीय शिया मुसलमानों के बीच लोकप्रिय है। यहां 9वीं क्लास से लेकर पीएचडी स्तर तक स्टूडेंट्स को कुरआन, हदीस, फ़िक़्ह, तफ़्सीर और शिया इतिहास जैसी धार्मिक पढ़ाई के साथ-साथ इस्लामी अर्थव्यवस्था, पॉलिटिकल साइंस, साइकोलॉजी, मीडिया और मैनेजमेंट जैसे आधुनिक कोर्स भी उपलब्ध हैं। यूनिवर्सिटी ऑनलाइन और डिस्टेंस एजुकेशन के माध्यम से दुनियाभर के छात्रों को शिक्षा देती है, जिससे वैश्विक नेटवर्क और रिसर्च के अवसर भी मिलते हैं।
धार्मिक और इस्लामी अध्ययन में गहनता
ईरान की कुम शहर स्थित अल मुस्तफ़ा इंटरनेशनल यूनिवर्सिटी दुनियाभर के शिया मुसलमानों के बीच लोकप्रिय है। भारतीय स्टूडेंट्स यहां कुरआन, हदीस, फ़िक़्ह, उसूल, कलाम, तज़वीद और तफ़्सीर जैसी बुनियादी और उच्च स्तर की इस्लामी पढ़ाई करते हैं। छात्रों को नमाज़, रोज़ा, निकाह, विरासत और इस्लामी कानून के व्यापक अध्ययन के साथ तर्कशास्त्र और मरजा-ए-तक़लीद की भूमिका भी समझाई जाती है।
यूनिवर्सिटी में शिया इतिहास, इमामों की सीरत, शिया कलाम और मुख़्तलिफ़ देशों में शिया समाज की सामाजिक और राजनीतिक स्थिति का अध्ययन कराए जाते हैं। PG और PhD लेवल तक के कोर्सेज में अकादमिक गहनता के साथ नैतिक दर्शन और इस्लामी इरफ़ान भी शामिल हैं।

आधुनिक विषय और पेशेवर कोर्स
अल मुस्तफ़ा सिर्फ धार्मिक पढ़ाई तक सीमित नहीं है। यहां इस्लामी अर्थव्यवस्था, बैंकिंग, पॉलिटिकल साइंस, सोशल साइंस, एजुकेशन, साइकोलॉजी, मीडिया, मैनेजमेंट और कानून के आधुनिक विषय भी पढ़ाए जाते हैं। स्टूडेंट्स को इस्लामी प्रबंधन, मुस्लिम अल्पसंख्यकों के अधिकार और इंटरनेशनल लॉ जैसी जानकारी दी जाती है।
भाषाई कौशल के लिए अरबी, फ़ारसी, उर्दू, अंग्रेज़ी और अन्य विदेशी भाषाओं की तालीम भी दी जाती है। इसके अलावा, यूनिवर्सिटी ऑनलाइन और डिस्टेंस एजुकेशन के माध्यम से दुनियाभर के स्टूडेंट्स तक अपनी पढ़ाई पहुंचाती है।
रिसर्च, जर्नल और अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क
अल मुस्तफ़ा रिसर्च और थिसिस पर भी जोर देती है। यहां कुरआन स्टडीज़, फ़िक़्ह, इस्लामी इतिहास और विमेन्स स्टडीज़ पर इंटरनेशनल जर्नल प्रकाशित होते हैं। यूनिवर्सिटी की शाखाएं भारत, पाकिस्तान, इराक़, लेबनान, अफ़्रीका और यूरोप में फैली हैं, जहां इसके पूर्व छात्र और कल्चरल सेंटर सक्रिय हैं।











