पंजाबी गायक और अभिनेता दिलजीत दोसांझ के गांव दोसांझ कलां में दीवार पर खालिस्तान समर्थक नारे लिखने के मामले में जालंधर देहात पुलिस ने तीन युवकों को गिरफ्तार किया है। तीनों आरोपी मोगा जिले के रहने वाले हैं। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
जालंधर: पंजाबी गायक और अभिनेता दिलजीत दोसांझ के गांव दोसांझ कलां में दीवार पर खालिस्तान समर्थक नारे लिखने के मामले में जालंधर देहात पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों की पहचान लवप्रीत सिंह, प्रितपाल सिंह और शगनदीप सिंह के रूप में हुई है। तीनों मोगा जिले के निवासी हैं और पुलिस ने उन्हें 15 अक्टूबर को गिरफ्तार किया। यह घटना 7 अक्टूबर की है, जब गांव में एक घर की दीवार पर स्प्रे से विवादित नारे लिखे गए थे।
दिलजीत दोसांझ के गांव में दीवार पर लिखे गए थे नारे
पंजाबी गायक और अभिनेता दिलजीत दोसांझ के गांव दोसांझ कलां में दीवार पर खालिस्तान समर्थक नारे लिखने का मामला सामने आने के बाद पुलिस ने कार्रवाई की है। जालंधर देहात पुलिस ने इस मामले में तीन युवकों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, आरोपियों की पहचान लवप्रीत सिंह, प्रितपाल सिंह और शगनदीप सिंह के तौर पर हुई है। तीनों मोगा जिले के रहने वाले हैं।
यह घटना 7 अक्टूबर की बताई जा रही है। उस समय दिलजीत दोसांझ के आरा इंडिया टूर से पहले गांव में एक घर की दीवार पर स्प्रे से ‘खालिस्तान जिंदाबाद’ लिखा गया था। दीवार के निचले हिस्से में दिलजीत दोसांझ का नाम भी लिखा गया था। शुरुआत में इस घटना को गायक के घर से जोड़कर देखा गया, लेकिन बाद में स्पष्ट हुआ कि नारे उनके घर पर नहीं, बल्कि पड़ोसी के मकान की दीवार पर लिखे गए थे।
15 अक्टूबर को तीनों आरोपियों की गिरफ्तारी
जालंधर देहात पुलिस ने 15 अक्टूबर को तीनों आरोपियों को गिरफ्तार किया। यह कार्रवाई एसएसपी हरविंदर सिंह विर्क के निर्देश पर की गई। मामले में पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर रही है, ताकि घटना से जुड़ी परिस्थितियों और अन्य पहलुओं की जानकारी जुटाई जा सके।
पुलिस की ओर से विस्तृत जानकारी साझा किए जाने के बाद घटना के पीछे के कथित मकसद और इसमें अन्य लोगों की भूमिका को लेकर स्थिति स्पष्ट होने की उम्मीद है। फिलहाल उपलब्ध जानकारी के आधार पर गिरफ्तार आरोपियों की भूमिका की जांच जारी है।
पड़ोसी की शिकायत के बाद सामने आया था मामला
मकान मालिक मुख्तियार के अनुसार, घटना वाली रात स्प्रे की गंध घर के अंदर तक पहुंची, जिससे उनकी नींद खुल गई। बाहर निकलकर उन्होंने देखा कि कुछ लोग चेहरे ढककर दीवार पर लिख रहे थे। मुख्तियार ने उन्हें टोका तो वे वहां से भाग गए।
बाद में उन्होंने दीवार पर लिखे नारे देखे, जिनमें दिलजीत दोसांझ का नाम भी शामिल था। मुख्तियार ने बताया था कि वह दिहाड़ी मजदूरी करते हैं और दीवार खराब होने से उन्हें करीब पांच से सात हजार रुपये का नुकसान हुआ।
इस घटना के बाद गांव में दीवार पर लिखे नारों को सफेद रंग से ढक दिया गया। अब तीन आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस जांच के अगले चरण में मामले से जुड़े अन्य तथ्यों का पता लगाने में जुटी है।









