Google ने अपने AI असिस्टेंट Gemini में नया Personal Intelligence फीचर जोड़ा है, जिससे यूजर्स को ज्यादा पर्सनलाइज्ड और संदर्भ आधारित जवाब मिलेंगे. यह फीचर Google Apps से सुरक्षित कनेक्शन, बेहतर रीजनिंग और मजबूत प्राइवेसी कंट्रोल के साथ यूजर एक्सपीरियंस को और स्मार्ट बनाता है.
Google Gemini Personal Intelligence Feature: Google ने अपने AI असिस्टेंट Gemini में नया Personal Intelligence फीचर लॉन्च किया है, जिसे फिलहाल बीटा वर्जन में अमेरिका में शुरू किया गया है. यह फीचर वेब, एंड्रॉयड और iOS प्लेटफॉर्म पर Google AI Pro और AI Ultra सब्सक्राइबर्स के लिए उपलब्ध है. इसके जरिए Gemini चुनिंदा Google Apps से कनेक्ट होकर यूजर की जरूरत, संदर्भ और अनुमति प्राप्त डेटा के आधार पर ज्यादा सटीक और पर्सनलाइज्ड जवाब देता है, जबकि प्राइवेसी पर पूरा कंट्रोल यूजर के हाथ में रहता है.
Gemini हुआ ज्यादा पर्सनल और स्मार्ट
Google ने अपने AI असिस्टेंट Gemini में Personal Intelligence फीचर जोड़ दिया है, जिससे यूजर्स को पहले से ज्यादा सटीक और पर्सनलाइज्ड जवाब मिलेंगे. कंपनी के मुताबिक, यह फीचर यूजर की जरूरतों और संदर्भ को बेहतर ढंग से समझने में मदद करेगा. Google CEO सुंदर पिचाई ने इसे Gemini यूजर्स की सबसे बड़ी मांगों में से एक बताया है.
इस नए अपडेट के साथ Gemini अब चुनिंदा Google Apps से सुरक्षित रूप से कनेक्ट हो सकेगा. इससे AI असिस्टेंट यूजर को ज्यादा प्रासंगिक जानकारी देने में सक्षम होगा और सवालों के जवाब पहले से अधिक स्मार्ट तरीके से पेश करेगा.

कैसे काम करेगा Personal Intelligence फीचर
Google के अनुसार, Personal Intelligence फीचर को एडवांस्ड रीजनिंग और कनेक्टेड डेटा सोर्स को ध्यान में रखकर डिजाइन किया गया है. एक बार ऐप कनेक्ट होने के बाद Gemini ईमेल, फोटो या अन्य अनुमति प्राप्त डेटा से जरूरी जानकारी लेकर ज्यादा कॉन्टेक्स्ट-अवेयर जवाब दे सकता है.
उदाहरण के तौर पर, अगर यूजर किसी प्लान या जानकारी के बारे में पूछता है, तो Gemini संबंधित ईमेल या फोटो से डिटेल्स का इस्तेमाल कर ज्यादा सटीक सुझाव दे सकेगा. इससे रोजमर्रा के कामों में AI असिस्टेंट की उपयोगिता और बढ़ने की उम्मीद है.
प्राइवेसी पर पूरा कंट्रोल यूजर के हाथ में
Google ने साफ किया है कि इस फीचर में यूजर प्राइवेसी को प्राथमिकता दी गई है. डिफॉल्ट रूप से Gemini किसी भी Google ऐप से कनेक्ट नहीं होगा. यूजर खुद तय करेगा कि वह किन ऐप्स को Gemini से जोड़ना चाहता है.
सुंदर पिचाई ने भी जोर देकर कहा कि डेटा और ऐप कनेक्शन पर पूरा कंट्रोल यूजर के पास रहेगा. इसका मतलब यह है कि बिना अनुमति के कोई भी पर्सनल जानकारी इस्तेमाल नहीं की जाएगी, जिससे यूजर्स को सुरक्षा को लेकर भरोसा मिले.
बीटा रोलआउट और उपलब्धता
ध्यान देने वाली बात यह है कि Personal Intelligence फीचर फिलहाल बीटा वर्जन में लॉन्च किया गया है. Google के मुताबिक, अमेरिका में Google AI Pro और AI Ultra सब्सक्राइबर्स के लिए इसका रोलआउट शुरू हो चुका है.
यह फीचर वेब के साथ-साथ Android और iOS प्लेटफॉर्म पर भी उपलब्ध कराया जा रहा है. आने वाले समय में इसके और बड़े स्तर पर रोलआउट की उम्मीद की जा रही है.











