प्रसिद्ध हास्य कवि और शिक्षक केसर देव मारवाड़ी की रींगस में सड़क हादसे में मौत हो गई। जयपुर लौटते समय उनकी कार ट्रक से टकरा गई। उनके निधन से साहित्य और शिक्षा जगत में शोक है।
Rajasthan: राजस्थान के प्रसिद्ध हास्य कवि और शिक्षक केसर देव मारवाड़ी का सोमवार देर रात एक सड़क हादसे में निधन हो गया। यह हादसा रात करीब दो बजे रींगस के मिल तिराहे पर हुआ, जो खाटूश्याम के मार्ग पर स्थित है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि वाहन चलाते समय नींद की झपकी आने के कारण उनकी कार सड़क किनारे खड़े एक ट्रक से जा टकराई।
टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि कार का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। हादसे में केसर देव मारवाड़ी की मौके पर ही मौत हो गई। सूचना मिलने पर पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और शव को रींगस के राजकीय उप-जिला अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया गया।
शादी समारोह से लौट रहे थे जयपुर
पुलिस के अनुसार, केसर देव मारवाड़ी अपनी पत्नी चंदा प्रजापत के साथ एक शादी समारोह में शामिल होकर जयपुर लौट रहे थे। हादसे के समय उनकी पत्नी भी कार में मौजूद थीं, लेकिन सौभाग्य से उन्हें गंभीर चोट नहीं आई। प्राथमिक उपचार के बाद उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है।

परिजनों को जैसे ही हादसे की सूचना मिली, वे तुरंत रींगस पहुंचे। अचानक हुई इस घटना से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा।
शिक्षक के साथ लोकप्रिय हास्य कवि
केसर देव मारवाड़ी वर्तमान में जयपुर के झोटवाड़ा स्थित एक सरकारी स्कूल में शिक्षक के पद पर कार्यरत थे। इसके साथ ही वे राजस्थान के प्रसिद्ध हास्य कवियों में गिने जाते थे। उनकी कविताएं आमजन से जुड़ी होती थीं और मंच से वे अपनी हास्य प्रस्तुतियों के जरिए लोगों को हंसा-हंसा कर लोटपोट कर देते थे।
वे प्रदेश ही नहीं, बल्कि देशभर में होने वाले कवि सम्मेलनों में अपनी अलग पहचान रखते थे। अपने सहज स्वभाव और सरल भाषा के कारण वे हर वर्ग में लोकप्रिय थे। परिवार के अनुसार, केसर देव छह भाइयों में तीसरे नंबर पर थे। उनके भाई देगा राम प्रजापत ने बताया कि वे पूरे परिवार के लाडले थे और हर किसी को हंसाकर खुश रखते थे।
साहित्य जगत में शोक
केसर देव मारवाड़ी के निधन से परिवार में कोहराम मच गया है। उनके भाई ने बताया कि उनका यूं अचानक चले जाना पूरे परिवार के लिए सबसे बड़ा सदमा है। उनकी दो बेटियां हैं, जिनका रो-रोकर बुरा हाल है। उनके आकस्मिक निधन से साहित्य जगत और शिक्षा क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है।
कई साहित्यकारों, शिक्षकों और प्रशंसकों ने सोशल मीडिया के जरिए श्रद्धांजलि दी और इसे अपूरणीय क्षति बताया। पुलिस ने मामला दर्ज कर दुर्घटना की जांच शुरू कर दी है।








