मोहम्मद सलाह के बाद लिवरपूल की नई चुनौती, इसाक और विर्ट्ज पर बड़ी जिम्मेदारी

मोहम्मद सलाह के लिवरपूल छोड़ने के बाद क्लब के आक्रमण की जिम्मेदारी अब अलेक्जेंडर इसाक, फ्लोरियन विर्ट्ज और कोडी गाकपो पर। 2026-27 प्रीमियर लीग में नई रणनीति

मोहम्मद सलाह के लिवरपूल छोड़ने के बाद क्लब के आक्रमण की जिम्मेदारी अब अलेक्जेंडर इसाक, फ्लोरियन विर्ट्ज और कोडी गाकपो पर होगी। 2026-27 प्रीमियर लीग में टीम नए मैनेजर एंडोनी इराओला के नेतृत्व में नई रणनीति के साथ उतरेगी।

फुटबॉल: मोहम्मद सलाह के क्लब छोड़ने के बाद लिवरपूल फुटबॉल क्लब एक नए दौर में प्रवेश कर रहा है। 2026-27 प्रीमियर लीग सीजन की शुरुआत से पहले टीम के सामने सबसे बड़ा सवाल यही है कि सलाह की जगह गोल और रचनात्मक जिम्मेदारी कौन संभालेगा। क्लब ने पिछले सीजन से पहले अलेक्जेंडर इसाक, फ्लोरियन विर्ट्ज और ह्यूगो एकिटिके जैसे खिलाड़ियों पर बड़ा निवेश किया था, लेकिन अब इन खिलाड़ियों से अपेक्षाएं और बढ़ गई हैं।

सलाह के बिना लिवरपूल की नई शुरुआत

लिवरपूल 2026-27 अभियान की शुरुआत न्यूकैसल यूनाइटेड के खिलाफ करेगा। इस मुकाबले में टीम के लिए सबसे बड़ा बदलाव यह होगा कि लंबे समय से आक्रमण की धुरी रहे मोहम्मद सलाह मैदान पर मौजूद नहीं होंगे। सलाह अब तुर्की के क्लब ट्राब्जोनस्पोर के लिए खेल रहे हैं और इसी वजह से लिवरपूल को अपने आक्रमण का नया स्वरूप तैयार करना होगा।

2015 के बाद यह पहली बार है जब लिवरपूल की टीम में मोहम्मद सलाह, सादियो माने और रॉबर्टो फिरमिनो में से कोई भी खिलाड़ी मौजूद नहीं है। इन तीनों ने क्लब के लिए लंबे समय तक शानदार प्रदर्शन किया और कुल मिलाकर 488 गोल किए। इनमें सलाह के 257, माने के 120 और फिरमिनो के 111 गोल शामिल हैं।

सलाह की खासियत सिर्फ उनके गोल नहीं थे, बल्कि वह टीम के लिए लगातार मौके बनाने, विपक्षी डिफेंस पर दबाव डालने और महत्वपूर्ण मुकाबलों में निर्णायक भूमिका निभाने के लिए भी जाने जाते थे। ऐसे में उनकी जगह लेना किसी एक खिलाड़ी के लिए आसान नहीं होगा।

सलाह के बिना गोल करने की जिम्मेदारी किस पर?

मौजूदा लिवरपूल टीम में सबसे ज्यादा गोल करने वाले खिलाड़ी कोडी गाकपो हैं, जिनके नाम क्लब के लिए 50 गोल हैं। यह आंकड़ा बताता है कि सलाह के जाने के बाद टीम के सामने कितनी बड़ी चुनौती है।

क्लब ने इस बदलाव की तैयारी पहले से शुरू कर दी थी। अलेक्जेंडर इसाक, फ्लोरियन विर्ट्ज और ह्यूगो एकिटिके को मिलाकर करीब 320 मिलियन पाउंड का निवेश किया गया। इन खिलाड़ियों को भविष्य के लिए महत्वपूर्ण माना गया था, लेकिन अब उन पर तत्काल प्रदर्शन करने का दबाव भी है।

इसाक ने न्यूकैसल के लिए 109 मैचों में 62 गोल किए थे। उनकी गोल करने की क्षमता को देखते हुए लिवरपूल ने उनसे काफी उम्मीदें लगाई थीं। हालांकि, एनफील्ड में उनका पहला सीजन चोटों से प्रभावित रहा और वह केवल चार गोल कर सके। अब फिट होकर वापसी करने की स्थिति में इसाक से कहीं बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद की जा रही है।

विर्ट्ज पर भी रहेंगी निगाहें

फ्लोरियन विर्ट्ज भी लिवरपूल की नई आक्रमण व्यवस्था का अहम हिस्सा हैं। जर्मन खिलाड़ी पिछले सीजन में सात गोल करने के साथ 10 असिस्ट देने में सफल रहे थे। हालांकि उनके प्रदर्शन को लेकर क्लब की उम्मीदें इससे कहीं ज्यादा हैं।

विर्ट्ज मुख्य रूप से स्ट्राइकर के पीछे खेलेंगे और उनके पास मिडफील्ड तथा आक्रमण के बीच कड़ी का काम करने की जिम्मेदारी होगी। प्रीमियर लीग के एक सीजन का अनुभव हासिल करने के बाद उनसे इस बार ज्यादा प्रभावशाली प्रदर्शन की उम्मीद की जा रही है।

इसाक और विर्ट्ज के बीच तालमेल भी लिवरपूल के लिए बेहद महत्वपूर्ण हो सकता है। प्री-सीजन में दोनों के बीच बेहतर समझ विकसित होने के संकेत मिले हैं। यदि दोनों खिलाड़ी एक-दूसरे की खूबियों का सही इस्तेमाल कर पाए, तो लिवरपूल सलाह की कमी को किसी हद तक सामूहिक प्रदर्शन से पूरा कर सकता है।

एकिटिके की चोट ने बढ़ाई परेशानी

ह्यूगो एकिटिके ने लिवरपूल में अपने शुरुआती दौर में प्रभाव छोड़ा था, लेकिन अप्रैल में एचिलीज टेंडन की चोट के कारण वह लंबे समय के लिए बाहर हो गए। उनकी वापसी सीजन के दूसरे हिस्से में होने की उम्मीद है।

एकिटिके की गैरमौजूदगी ने लिवरपूल के आक्रमण विकल्पों को सीमित कर दिया है। यही वजह है कि क्लब ट्रांसफर विंडो बंद होने से पहले एक और शीर्ष स्तर के आक्रामक खिलाड़ी को टीम में शामिल करना चाहता है।

ब्रैडली बारकोला पर नजर

लिवरपूल की नजर पेरिस सेंट-जर्मेन के फ्रांसीसी विंगर ब्रैडली बारकोला पर भी है। 23 वर्षीय खिलाड़ी मुख्य रूप से बाएं विंग पर खेलते हैं और उनकी गति तथा ड्रिब्लिंग क्षमता उन्हें लिवरपूल की नई शैली के लिए उपयोगी बना सकती है।

रिपोर्टों के अनुसार, बारकोला लिवरपूल जाने के लिए तैयार हो सकते हैं। हालांकि, दोनों क्लबों के बीच संभावित ट्रांसफर फीस को लेकर अंतर बना हुआ है। पीएसजी करीब 145 मिलियन पाउंड की मांग कर रहा है, जबकि लिवरपूल लगभग 100 मिलियन पाउंड के आसपास सौदा करना चाहता है।

लिवरपूल ने पिछले साल भी बारकोला में दिलचस्पी दिखाई थी, लेकिन उस समय क्लब युवा खिलाड़ी रियो न्गूमोहा के विकास का रास्ता रोकना नहीं चाहता था। सलाह के जाने के बाद परिस्थितियां बदल गई हैं।

न्गूमोहा को मिल सकता है बड़ा मौका

रियो न्गूमोहा भी इस नए दौर में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। पिछले अगस्त न्यूकैसल के खिलाफ उन्होंने लिवरपूल के लिए 100वें मिनट में गोल करके क्लब के सबसे कम उम्र के गोलस्कोरर बनने का रिकॉर्ड बनाया था।

अब वह 18 वर्ष के होने वाले हैं और प्री-सीजन में उन्हें दाएं विंग पर भी आजमाया गया है। यह वही क्षेत्र है जहां सलाह लंबे समय तक खेलते रहे। नए मैनेजर एंडोनी इराओला चाहते हैं कि उनके विंगर दोनों तरफ खेलने में सक्षम हों।

इसी रणनीति के तहत लिवरपूल ने ओसासुना से विक्टर मुनोज को भी शामिल किया है। उनका लक्ष्य तेज, सीधे आक्रमण करने वाले खिलाड़ियों को टीम में रखना है, जो मजबूत डिफेंस और लो ब्लॉक के खिलाफ जगह बना सकें।

गाकपो और मुनोज भी होंगे अहम

न्यूकैसल के खिलाफ शुरुआती मुकाबले में संभावना है कि गाकपो बाएं विंग से और न्गूमोहा दाएं विंग से शुरुआत करें। मुनोज को दूसरे हाफ में गति और ऊर्जा देने के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है।

इराओला गाकपो को जरूरत पड़ने पर सेंटर-फॉरवर्ड की भूमिका में भी उतार सकते हैं। इससे टीम को मैच की परिस्थितियों के अनुसार अपनी आक्रमण रणनीति बदलने का विकल्प मिलेगा।

लिवरपूल ने ब्राइटन के यांकुबा मिंटेह के लिए करीब 50 मिलियन पाउंड की बोली भी लगाई थी, जिसे खारिज कर दिया गया। इसके अलावा पीएसजी के इब्राहिम म्बाये को लेकर भी क्लब ने दिलचस्पी दिखाई है।

चारों मोर्चों पर सफलता का लक्ष्य

कप्तान वर्जिल वान डाइक ने साफ किया है कि लिवरपूल को सभी चार प्रतियोगिताओं में प्रतिस्पर्धा करने के लिए मजबूत टीम की जरूरत है। क्लब पिछले दो सीजन में कोई ट्रॉफी नहीं जीत सका है और अब नए मैनेजर के नेतृत्व में टीम वापसी करना चाहती है।

लिवरपूल ने जनवरी में जाबी अलोंसो से अलग होने के बाद सीजन के अंत तक अल्वारो अर्बेलोआ के अंतरिम नेतृत्व में अभियान पूरा किया था। अब इराओला के सामने टीम को नए तरीके से तैयार करने की चुनौती है।

सलाह के जाने से लिवरपूल का एक युग खत्म हो चुका है। उनकी जगह किसी एक खिलाड़ी से लेने की उम्मीद करना व्यावहारिक नहीं होगा। इसाक को गोल करने होंगे, विर्ट्ज को मौके बनाने होंगे, गाकपो और न्गूमोहा को चौड़ाई देनी होगी और टीम के बाकी खिलाड़ियों को भी अतिरिक्त योगदान देना होगा।

आने वाला सीजन यह तय करेगा कि लिवरपूल सलाह के बाद कितनी तेजी से खुद को दोबारा स्थापित कर पाता है। अगर इसाक फिट रहकर नियमित गोल करते हैं और विर्ट्ज अपनी रचनात्मक क्षमता का पूरा इस्तेमाल करते हैं, तो टीम के पास एक नई और खतरनाक आक्रमण इकाई तैयार करने का मौका है।

Leave a comment