पाकिस्तान ने अफगानिस्तान के पक्तिका और नंगरहार प्रांत में एयर स्ट्राइक की, जिसमें 28 लोगों की मौत की खबर है। इस्लामाबाद ने दावा किया कि कार्रवाई TTP ठिकानों पर थी, जबकि काबुल प्रशासन की आधिकारिक प्रतिक्रिया अभी नहीं आई है।
Pakistan: सीमा पार तनाव एक बार फिर खुलकर सामने आया है। पाकिस्तान ने रविवार सुबह अफगानिस्तान के अंदर कई जगहों पर हवाई हमले किए। पाकिस्तानी फाइटर जेट ने पक्तिका और नंगरहार प्रांत के अलग-अलग इलाकों में बमबारी की। इन हमलों में कम से कम 28 लोगों के मारे जाने की खबर है, जिन्हें पाकिस्तान ने तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान यानी तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान के लड़ाके बताया है।
हालांकि काबुल स्थित तालिबान प्रशासन की ओर से इस पर अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। घटनाक्रम ने दोनों देशों के बीच पहले से मौजूद तनाव को और बढ़ा दिया है।
किन इलाकों को बनाया गया निशाना
अफगान मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, सुबह तड़के पाकिस्तानी फाइटर जेट ने सीमावर्ती पक्तिका प्रांत के बरमल और उरगुन जिलों में हवाई हमले किए। इसके अलावा नंगरहार प्रांत के खोगयानी जिले में भी बमबारी की गई। नंगरहार के गनी खोल और बेहसूद जिलों में भी एयर स्ट्राइक की खबर सामने आई है।
स्थानीय रिपोर्ट्स के अनुसार कुल आठ टारगेट पर हमला किया गया। कुछ रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि पक्तिका के बरमल जिले में बानुसी मदरसे पर मिसाइलें दागी गईं। टोलो न्यूज की रिपोर्ट में कहा गया कि कुछ हमले आम लोगों के घरों के आसपास भी हुए। इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हो पाई है।
पाकिस्तान सरकार का बयान
हमलों के कुछ घंटे बाद पाकिस्तान के सूचना मंत्री अताउल्लाह तरार ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर बयान जारी किया। उन्होंने बताया कि पाकिस्तानी सेना ने इंटेलिजेंस बेस्ड सेलेक्टिव ऑपरेशन चलाया। उनके मुताबिक यह कार्रवाई TTP और उसके सहयोगी संगठनों के कैंपों के खिलाफ की गई।
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तरार ने यह भी कहा कि सीमा क्षेत्र में सक्रिय इस्लामिक स्टेट से जुड़े एक समूह को भी निशाना बनाया गया। पाकिस्तान का कहना है कि इन हमलों का उद्देश्य अपने नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना था।
काबुल की चुप्पी
अब तक काबुल स्थित तालिबान प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। हालांकि अतीत में इस तरह की कार्रवाइयों पर अफगान पक्ष ने कड़ा विरोध जताया है। ऐसे में माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में इस पर बयानबाजी तेज हो सकती है।
दोनों देशों के बीच डूरंड लाइन को लेकर पहले भी विवाद रहा है। सीमा पार आतंकवाद और आतंकी ठिकानों को लेकर आरोप-प्रत्यारोप लंबे समय से जारी हैं।
पहले भी हो चुका है सैन्य टकराव
यह पहली बार नहीं है जब पाकिस्तान ने अफगानिस्तान के अंदर हवाई हमले किए हों। इससे पहले अक्टूबर 2025 में भी इसी तरह की कार्रवाई की गई थी। उस समय डूरंड लाइन से सटी सीमा पर दोनों देशों के बीच भीषण सैन्य टकराव हुआ था।
करीब एक सप्ताह तक चली झड़पों में दोनों पक्षों के सैकड़ों सुरक्षाकर्मी मारे गए थे। हालात इतने बिगड़ गए थे कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चिंता बढ़ गई थी। बाद में कतर और तुर्की की मध्यस्थता में बातचीत हुई और दोनों पक्ष युद्धविराम पर सहमत हुए थे।
पाकिस्तान में हालिया आतंकी हमला
ताजा एयर स्ट्राइक ऐसे समय हुई है जब कुछ दिन पहले ही पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में बड़ा आतंकी हमला हुआ था। बाजौर जिले में एक आत्मघाती हमलावर ने सुरक्षा चौकी की दीवार में विस्फोटकों से भरी गाड़ी घुसा दी थी। इस हमले में 11 सैनिक और एक बच्चा मारा गया था।
पाकिस्तानी अधिकारियों ने दावा किया था कि हमलावर अफगान नागरिक था। इस घटना के बाद पाकिस्तान में सुरक्षा एजेंसियों पर दबाव बढ़ गया था कि सीमा पार सक्रिय आतंकी नेटवर्क के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएं।











