पहले ‘धुरंधर’ को कहा था ना, फिर रहमान डकैत के रोल के लिए कैसे तैयार हुए अक्षय खन्ना

पहले ‘धुरंधर’ को कहा था ना, फिर रहमान डकैत के रोल के लिए कैसे तैयार हुए अक्षय खन्ना

फिल्म धुरंधर में रहमान डकैत का किरदार निभाने से पहले अक्षय खन्ना इस रोल के लिए तैयार नहीं थे. शुरुआती इनकार के बाद कास्टिंग डायरेक्टर मुकेश छाबड़ा की जिद और दमदार स्क्रिप्ट ने उनका मन बदला, जो आगे चलकर फिल्म की बड़ी ताकत साबित हुआ.

Dhurandhar Akshay Khanna In Film: बॉलीवुड अभिनेता अक्षय खन्ना ने शुरुआत में फिल्म धुरंधर में रहमान डकैत का रोल ठुकरा दिया था. यह बातचीत मुंबई में कास्टिंग डायरेक्टर मुकेश छाबड़ा और निर्देशक आदित्य धर के साथ हुई थी, जब फिल्म की कास्टिंग प्रक्रिया चल रही थी. अक्षय को किरदार को लेकर संदेह था और उन्होंने फोन पर ही मना कर दिया. हालांकि, जब उन्हें पूरी स्क्रिप्ट सुनाई गई, तो कहानी और किरदार की गहराई ने उन्हें प्रभावित किया. चार घंटे की मीटिंग और बाद में एक फोन कॉल ने उनका फैसला बदल दिया, जिससे वह इस अहम भूमिका के लिए तैयार हो गए.

पहले क्यों नहीं करना चाहते थे अक्षय खन्ना

मुकेश छाबड़ा के मुताबिक, जब उन्होंने रहमान डकैत के लिए अक्षय खन्ना का नाम सुझाया, तो निर्देशक आदित्य धर को भी थोड़ी हिचक थी. इंडस्ट्री में पहले से तय स्टार पावर और स्क्रीन स्पेस की सोच के चलते इस कास्टिंग को जोखिम भरा माना गया.

जब छाबड़ा ने अक्षय खन्ना को फोन किया, तो प्रतिक्रिया उम्मीद के बिल्कुल उलट थी. अभिनेता ने साफ कहा कि यह रोल उनके लिए नहीं है और बातचीत की शुरुआत ही काफी तीखी रही. इससे साफ झलकता है कि अक्षय खन्ना अपने काम को लेकर कितने चयनशील हैं और बिना ठोस वजह किसी प्रोजेक्ट से नहीं जुड़ते.

मुकेश छाबड़ा की जिद और स्क्रिप्ट का असर

फोन पर मना करने के बावजूद मुकेश छाबड़ा पीछे नहीं हटे. उन्होंने सिर्फ एक बात कही कि फैसला लेने से पहले स्क्रिप्ट सुन लीजिए. काफी सोच-विचार के बाद अक्षय खन्ना मिलने को राजी हुए, वो भी अपनी शर्तों पर.

मुंबई में हुई यह मुलाकात लगभग चार घंटे चली. अक्षय खन्ना ने बिना ज्यादा सवाल किए, पूरी स्क्रिप्ट ध्यान से सुनी. नरेशन खत्म होते ही उनका रिएक्शन चौंकाने वाला था. उन्होंने माना कि कहानी और किरदार में दम है और यह रोल चुनौतीपूर्ण होने के साथ मजेदार भी होगा.

एक कॉल ने बदल दिया फैसला

स्क्रिप्ट सुनने के बाद भी दो दिन तक कोई जवाब नहीं आया, जिससे टीम की बेचैनी बढ़ गई. फिर अचानक अक्षय खन्ना का फोन आया और उन्होंने सीधे कहा कि वह फिल्म करने के लिए तैयार हैं.

यहीं से रहमान डकैत का सफर शुरू हुआ, जिसने धुरंधर को एक अलग ही गहराई दी. आलोचकों और दर्शकों दोनों ने माना कि अक्षय खन्ना का संयमित अभिनय फिल्म की सबसे बड़ी ताकतों में से एक है.

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