शिमला में स्क्रैप लोहे और स्टील से दुनिया के सात अजूबों की प्रतिकृतियां तैयार की जा रही हैं। इस पहल का उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण, रीसाइक्लिंग को बढ़ावा देना और शहर में नए पर्यटन आकर्षण विकसित करना है।
शिमला: Shimla Seven Wonders Project के तहत शहर में कबाड़ से दुनिया के सात अजूबों की प्रतिकृतियां बनाई जा रही हैं। पर्यावरण संरक्षण और पर्यटन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से शुरू की गई इस पहल के तहत शहर के सात प्रमुख स्थानों पर आकर्षक सेल्फी पॉइंट भी विकसित किए जा रहे हैं।
स्क्रैप से तैयार होंगे दुनिया के सात अजूबे
शिमला में पर्यावरण संरक्षण और पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए एक अनोखी पहल शुरू की गई है। शहर में बेकार पड़े स्क्रैप लोहे और स्टील का उपयोग कर दुनिया के प्रसिद्ध सेवन वंडर्स की प्रतिकृतियां तैयार की जा रही हैं। इस परियोजना का उद्देश्य लोगों को यह संदेश देना है कि अनुपयोगी समझी जाने वाली वस्तुओं का भी रचनात्मक तरीके से दोबारा उपयोग किया जा सकता है। इन प्रतिकृतियों में ताजमहल, चीन की महान दीवार, पेट्रा, माचू पिच्चू, कोलोजियम, क्राइस्ट द रिडीमर और चिचेन इट्ज़ा जैसे विश्व प्रसिद्ध स्मारक शामिल हैं।
दिल्ली की विशेषज्ञ फर्म के सहयोग से चल रहा प्रोजेक्ट
नगर निगम ने इस परियोजना को साकार करने के लिए दिल्ली की एक ऐसी फर्म का सहयोग लिया है, जिसे स्क्रैप मटेरियल से कलात्मक संरचनाएं तैयार करने का अनुभव है। परियोजना से जुड़े अधिकारियों के अनुसार, शहर में उपलब्ध बेकार लोहे और स्टील का उपयोग कर इन प्रतिकृतियों का निर्माण किया जा रहा है। इस पहल को लेकर पूर्व नगर निगम आयुक्त भूपेंद्र अत्री के साथ चर्चा के बाद योजना को अंतिम रूप दिया गया।
मेयर सुरेंद्र चौहान ने कहा कि इस परियोजना का उद्देश्य केवल शहर की सुंदरता बढ़ाना नहीं, बल्कि लोगों में रीसाइक्लिंग और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता भी बढ़ाना है। उनका कहना है कि कबाड़ को उपयोगी कला में बदलकर प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण का संदेश दिया जा रहा है।
शहर के सात प्रमुख स्थानों पर बनेंगे सेल्फी पॉइंट
तैयार की जा रही प्रतिकृतियों को शहर के सात प्रमुख स्थानों पर स्थापित किया जाएगा। इनमें रानी झांसी पार्क, स्कैंडल पॉइंट, शिमला वॉच कंपनी के पास, रिज स्थित एटीएम के समीप, आशियाना के नीचे, ढली चौक और अन्य प्रमुख स्थान शामिल हैं।
इन सभी जगहों पर आधुनिक लाइटिंग की व्यवस्था भी की जाएगी, ताकि शाम और रात के समय भी ये स्थल आकर्षक दिखाई दें। नगर निगम का मानना है कि इन नए सेल्फी पॉइंट से स्थानीय लोगों के साथ-साथ पर्यटकों को भी नया आकर्षण मिलेगा और शहर की पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा।
जल्द पूरा होगा प्रोजेक्ट, मुख्यमंत्री करेंगे लोकार्पण
परियोजना से जुड़े अधिकारियों के अनुसार, सभी स्थानों पर फाउंडेशन का कार्य पूरा हो चुका है और अब प्रतिकृतियों की स्थापना तथा लाइटिंग का काम तेजी से चल रहा है। उम्मीद है कि अगले एक सप्ताह के भीतर पूरा प्रोजेक्ट तैयार हो जाएगा।
इसके बाद मुख्यमंत्री की उपलब्धता के अनुसार इन सेवन वंडर्स का औपचारिक लोकार्पण किया जाएगा। नगर निगम को उम्मीद है कि यह पहल शिमला को एक नई पर्यटन पहचान देने के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण और रीसाइक्लिंग के प्रति लोगों को प्रेरित करने का भी माध्यम बनेगी।








