टोरंटो में भारतीय महिला हिमांशी खुराना की हत्या, साथी की तलाश तेज

टोरंटो में भारतीय महिला हिमांशी खुराना की हत्या, साथी की तलाश तेज

कनाडा के टोरंटो में भारतीय महिला हिमांशी खुराना की हत्या से सनसनी फैल गई है। पुलिस उनके पार्टनर अब्दुल गफूर को मुख्य संदिग्ध मानकर तलाश कर रही है। इस घटना से स्थानीय भारतीय समुदाय में शोक है।

Canada: कनाडा के टोरंटो शहर में भारतीय नागरिक हिमांशी खुराना की हत्या ने स्थानीय और अंतरराष्ट्रीय समुदाय में सनसनी फैला दी है। 30 वर्षीय हिमांशी खुराना की निर्मम हत्या की खबर मिलने के बाद पुलिस और भारतीय दूतावास दोनों ने मामले को गंभीरता से लिया है। इस घटना ने स्थानीय भारतीय समुदाय में शोक की लहर पैदा कर दी है और हर कोई इस दर्दनाक घटना से स्तब्ध है।

भारतीय दूतावास की प्रतिक्रिया

भारतीय दूतावास ने घटना पर गहरी संवेदना जताई और पीड़ित परिवार के प्रति अपनी सहानुभूति प्रकट की। दूतावास ने कहा कि वे हिमांशी खुराना के परिवार को हर संभव मदद उपलब्ध कराने के लिए तत्पर हैं। दूतावास ने इस घटना की जांच में स्थानीय अधिकारियों के साथ सहयोग करने का भरोसा भी दिया।

पुलिस ने जारी किया वारंट

टोरंटो पुलिस ने आरोपी के खिलाफ फर्स्ट डिग्री वारंट जारी कर दिया है। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि आरोपी अब्दुल गफूर, 32 वर्षीय, हिमांशी का पार्टनर था और हत्या में संलिप्त होने का शक है। पुलिस का मानना है कि यह हत्या पार्टनर द्वारा की गई हिंसा का मामला हो सकता है। अगर गफूर का दोष साबित होता है, तो उसे गैर-जमानती आजीवन कारावास की सजा हो सकती है।

हिमांशी की लाश मिलने की घटना

पुलिस को 19 दिसंबर की रात हिमांशी की गुमशुदगी की सूचना मिली थी। इसके बाद पुलिस ने इलाके में व्यापक खोज अभियान शुरू किया। अगले दिन, 20 दिसंबर की सुबह लगभग 6:30 बजे, हिमांशी का शव एक घर के अंदर पाया गया। इस घटना ने पूरे इलाके में भय और आक्रोश फैला दिया। पुलिस ने कहा कि हत्या का मामला घरेलू विवाद से जुड़ा प्रतीत होता है।

आरोपी अब्दुल गफूर की तलाश

पुलिस के अनुसार, हिमांशी और आरोपी अब्दुल गफूर एक-दूसरे को जानते थे। गफूर को गिरफ्तार करने के लिए पुलिस ने पूरे टोरंटो में सर्च अभियान तेज कर दिया है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि अगर गफूर को कहीं देखा जाए या उसकी जानकारी मिले, तो तुरंत अधिकारियों को सूचित करें। स्थानीय समुदाय और भारतीय दूतावास भी इस मामले में पुलिस के सहयोग में जुटे हुए हैं।

यदि पुलिस गफूर को पकड़ने में सफल रहती है और अदालत में उसका दोष साबित होता है, तो उसे फर्स्ट डिग्री हत्या के आरोप में गैर-जमानती आजीवन कारावास की सजा हो सकती है। कनाडा की कानूनी प्रक्रिया में फर्स्ट डिग्री हत्या सबसे गंभीर अपराधों में शामिल होती है और इसमें दोषी को आजीवन जेल की सजा दी जाती है।

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