चंडीगढ़ में Uber, Rapido और अन्य ऐप-बेस्ड टैक्सी सेवाओं पर प्रतिबंध के बावजूद संचालन जारी है। पुलिस ने अब तक 915 वाहनों पर कार्रवाई की है। इनमें 569 बाइक टैक्सियों के चालान और 67 बाइक जब्त की गई हैं।
चंडीगढ़: ऐप-बेस्ड टैक्सी और बाइक टैक्सी सेवाओं पर प्रतिबंध के बावजूद चंडीगढ़ की सड़कों पर Uber, Rapido और अन्य कंपनियों की सेवाएं जारी हैं। पुलिस कार्रवाई से बचने के लिए कुछ ड्राइवर नए तरीके अपना रहे हैं, जबकि पुलिस भी उन्हें पकड़ने के लिए बुकिंग कर जांच करने की रणनीति अपना रही है।
बैन के बावजूद सड़कों पर चल रही बाइक टैक्सी
चंडीगढ़ में Ola, Uber, inDrive और Rapido जैसी ऐप-बेस्ड टैक्सी और बाइक टैक्सी सेवाओं पर प्रतिबंध लगाए जाने के बावजूद इनका संचालन पूरी तरह बंद नहीं हुआ है। कुछ ड्राइवर अब भी ऐप के जरिए यात्रियों को बुक कर रहे हैं और पुलिस की कार्रवाई से बचने के लिए अलग-अलग तरीके अपना रहे हैं।

जानकारी के अनुसार, कुछ ड्राइवर बुकिंग मिलने के बाद मोबाइल फोन को एयरप्लेन मोड पर डाल देते हैं और यात्री से ऐप पर दिखाई गई रकम के आधार पर किराया लेते हैं। कई मामलों में राइड शुरू होने से ठीक पहले बुकिंग कैंसिल कर दी जाती है। इसके अलावा पुलिस की तैनाती वाले इलाकों से बचने के लिए कुछ ड्राइवर रास्ते में ऑफलाइन होकर वाहन चलाने की कोशिश करते हैं।
पुलिस खुद बुक कर रही प्रतिबंधित ऐप से राइड
बैन के बावजूद ऐप-बेस्ड सेवाओं के संचालन की जांच के लिए चंडीगढ़ पुलिस ने भी अपना तरीका बदला है। पुलिसकर्मी प्रतिबंधित ऐप के जरिए खुद कैब या बाइक टैक्सी बुक कर रहे हैं। जब ड्राइवर वाहन लेकर निर्धारित स्थान पर पहुंचता है तो उसे रोककर उसके मोबाइल फोन और संबंधित ऐप की जांच की जाती है।
इस प्रक्रिया से पुलिस यह पता लगाने की कोशिश करती है कि वाहन प्रतिबंधित ऐप के जरिए यात्रियों को सेवा दे रहा है या नहीं। इस तरह पुलिस ड्राइवरों को मौके पर पकड़कर नियमों के उल्लंघन की कार्रवाई कर रही है।
915 वाहनों पर हुई कार्रवाई
पुलिस के मुताबिक, प्रतिबंध के बावजूद ऐप-बेस्ड ट्रांसपोर्ट सेवाएं चलाने के मामले में अब तक 915 वाहनों पर कार्रवाई की जा चुकी है। इनमें 812 वाहनों के चालान काटे गए हैं, जबकि 103 वाहन जब्त किए गए हैं। अधिकारियों के अनुसार, यह प्रतिबंधित ऐप-बेस्ड परिवहन सेवाओं के खिलाफ अब तक की बड़ी कार्रवाई में से एक है।
स्टेट ट्रांसपोर्ट अथॉरिटी के आंकड़ों के मुताबिक, कार्रवाई की जद में आने वाले वाहनों में बाइक टैक्सियों की संख्या सबसे ज्यादा है। कुल कार्रवाई में करीब 70 प्रतिशत मामले बाइक टैक्सियों से जुड़े हैं।
569 बाइक टैक्सियों के चालान, 67 जब्त
आंकड़ों के अनुसार, प्रतिबंध के बावजूद संचालित की जा रही बाइक टैक्सी सेवाओं के खिलाफ 636 मामलों में कार्रवाई हुई है। इनमें 569 बाइक टैक्सियों के चालान किए गए, जबकि 67 बाइक जब्त की गईं। वहीं टैक्सी कैटेगरी में 208 वाहनों पर कार्रवाई हुई, जिसमें 194 के चालान काटे गए और 14 टैक्सियां जब्त की गईं।
यह आंकड़े बताते हैं कि प्रतिबंध के बाद भी बाइक टैक्सी सेवा का संचालन बड़ी संख्या में जारी है। पुलिस और परिवहन विभाग अब ऐसे वाहनों की पहचान कर कार्रवाई करने पर जोर दे रहे हैं।
छह महीने के लिए सस्पेंड किए गए थे लाइसेंस
चंडीगढ़ प्रशासन ने इसी महीने की शुरुआत में Uber और Rapido के लाइसेंस छह महीने के लिए सस्पेंड किए थे। स्टेट ट्रांसपोर्ट अथॉरिटी के अनुसार, कंपनियों को नियम और शर्तों का पालन करने के लिए कई अवसर दिए गए थे, लेकिन ड्राइवरों के इंश्योरेंस और ट्रेनिंग, किराए, वाहनों की पात्रता, सुरक्षा और संचालन से जुड़े आवश्यक नियमों का पालन नहीं किया गया।
लाइसेंस सस्पेंड होने के बाद भी सेवाओं के संचालन की शिकायतें सामने आने पर पुलिस और परिवहन विभाग की निगरानी बढ़ गई है। आने वाले दिनों में प्रतिबंधित ऐप के जरिए संचालित वाहनों के खिलाफ कार्रवाई और तेज होने की संभावना है।










