एडवांस टैक्स की तीसरी किस्त जमा करने की आखिरी तारीख आज 15 दिसंबर है। जिन टैक्सपेयर्स की नेट टैक्स देनदारी 10 हजार रुपये से अधिक है, उन्हें समय पर भुगतान करना जरूरी है, नहीं तो ब्याज और पेनाल्टी लग सकती है।
Tax: टैक्सपेयर्स के लिए एक बार फिर अलर्ट है। 15 दिसंबर 2025 को एडवांस टैक्स (Advance Tax) की तीसरी किस्त जमा करने की आखिरी तारीख है। समय पर भुगतान न करने पर ब्याज और पेनाल्टी का खतरा रहता है। जिन लोगों की एक वित्त वर्ष में नेट टैक्स लायबिलिटी 10,000 रुपये से अधिक है, उनके लिए एडवांस टैक्स भरना अनिवार्य होता है।
अक्सर कई टैक्सपेयर्स यह समझ नहीं पाते कि उन्हें एडवांस टैक्स देना है या नहीं। खासकर सैलरी पाने वाले कर्मचारी मान लेते हैं कि उनकी सैलरी से टीडीएस (TDS) कट रहा है, इसलिए उन्हें अलग से कोई भुगतान करने की जरूरत नहीं है। लेकिन यह सोच आगे चलकर ब्याज और जुर्माने का कारण बन सकती है।
इसलिए जरूरी है कि आज ही अपनी कुल आय और टैक्स देनदारी का दोबारा आकलन कर लें।
कब और कैसे जमा किया जाता है एडवांस टैक्स
एडवांस टैक्स पूरे वित्त वर्ष में चार किस्तों में जमा किया जाता है। इसकी समयसीमा इस प्रकार है-
- पहली किस्त: 15 जून
- दूसरी किस्त: 15 सितंबर
- तीसरी किस्त: 15 दिसंबर
- चौथी और आखिरी किस्त: 15 मार्च
नियमों के अनुसार वित्त वर्ष 2025-26 की अनुमानित आय पर बनने वाले कुल टैक्स का 75 प्रतिशत हिस्सा 15 दिसंबर तक जमा होना चाहिए। अगर तय रकम समय पर जमा नहीं की जाती है, तो हर महीने 1 प्रतिशत का ब्याज देना पड़ता है।
कब जरूरी होता है एडवांस टैक्स देना
अगर आपकी कुल टैक्स देनदारी से टीडीएस घटाने के बाद भी 10,000 रुपये से अधिक टैक्स बचता है, तो आपको एडवांस टैक्स देना होगा। सरल शब्दों में कहें तो:
- कुल टैक्स – TDS = नेट टैक्स लायबिलिटी
अगर यह रकम 10,000 रुपये से ज्यादा है, तो एडवांस टैक्स भरना अनिवार्य है।
किन लोगों को एडवांस टैक्स नहीं देना होता
कुछ टैक्सपेयर्स को एडवांस टैक्स की किस्त नहीं भरनी होती। इनमें शामिल हैं-
- 60 साल या उससे ज्यादा उम्र के वरिष्ठ नागरिक, जिनकी कोई व्यवसाय या प्रोफेशन से इनकम नहीं है।
- सैलरीड कर्मचारी, जिनका पूरा टैक्स टीडीएस के जरिए पहले ही कट चुका है।
- प्रेजम्पटिव टैक्सेशन स्कीम चुनने वाले टैक्सपेयर्स, जिन्हें पूरा एडवांस टैक्स सिर्फ एक किस्त में 15 मार्च तक जमा करना होता है।
एडवांस टैक्स की जरूरत कैसे जांचें
एडवांस टैक्स देना है या नहीं, यह जानने के लिए इन स्टेप्स का पालन करें-
- पहले अपनी साल भर की कुल आय जोड़ें।
- टैक्स स्लैब के हिसाब से उस पर टैक्स निकालें।
- Form 26AS या AIS में दिख रहे TDS को घटाएं।
- जो टैक्स बचता है, वही एडवांस टैक्स होता है।
इस तरीके से आसानी से पता लगाया जा सकता है कि आपको एडवांस टैक्स देना है या नहीं।
एडवांस टैक्स देर से जमा करने का खतरा
अगर आप आज की तारीख तक एडवांस टैक्स जमा नहीं करते हैं, तो आयकर विभाग ब्याज और पेनाल्टी लगा सकता है। हर महीने 1 प्रतिशत का ब्याज देनदारी पर लगाया जाता है, जिससे कुल टैक्स की राशि काफी बढ़ सकती है। इसलिए आज ही ऑनलाइन या बैंक के माध्यम से भुगतान कर देना जरूरी है।











