हॉकी वर्ल्ड कप 2026 के पूल डी के दूसरे मुकाबले में भारतीय टीम को इंग्लैंड के हाथों 2-4 से हार का सामना करना पड़ा। भारत ने एक समय शानदार वापसी करते हुए 2-1 की बढ़त बना ली थी और पहले हाफ में मुकाबले पर पकड़ भी मजबूत रखी।
स्पोर्ट्स न्यूज़: FIH हॉकी वर्ल्ड कप 2026 में भारतीय पुरुष हॉकी टीम को इंग्लैंड के खिलाफ 4-2 से हार का सामना करना पड़ा। पहले हाफ में 2-1 की बढ़त बनाने के बावजूद भारत दूसरे हाफ में लय बरकरार नहीं रख सका। अब पूल डी में आगे की स्थिति और सेमीफाइनल की उम्मीदें काफी हद तक भारत बनाम पाकिस्तान मुकाबले पर निर्भर करेंगी।
FIH हॉकी वर्ल्ड कप 2026 में भारतीय टीम को अपने दूसरे पूल मैच में बड़ा झटका लगा है। नीदरलैंड्स के एम्सटेलवीन स्थित वेगेनर हॉकी स्टेडियम में 17 अगस्त को खेले गए पूल डी मुकाबले में इंग्लैंड ने भारत को 4-2 से हरा दिया। भारतीय टीम ने शुरुआती दो क्वार्टर में प्रभावशाली प्रदर्शन करते हुए 2-1 की बढ़त हासिल कर ली थी, लेकिन मैच के दूसरे हाफ में इंग्लैंड ने शानदार वापसी करते हुए लगातार तीन गोल किए और मुकाबला अपने नाम कर लिया।
इस नतीजे के बाद पूल डी में भारत की स्थिति चुनौतीपूर्ण हो गई है। इंग्लैंड ने लगातार दूसरी जीत दर्ज करते हुए छह अंक हासिल कर लिए हैं और अंक तालिका में शीर्ष स्थान पर पहुंच गया है। भारत के खाते में दो मैचों के बाद एक जीत और एक हार के साथ तीन अंक हैं। अब टीम इंडिया का आखिरी पूल मुकाबला पाकिस्तान से होगा, जो आगे की राह के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
भारत ने की मजबूत शुरुआत

मैच की शुरुआत तेज और आक्रामक हॉकी के साथ हुई। भारतीय खिलाड़ियों ने शुरुआती मिनटों में गेंद पर नियंत्रण बनाकर इंग्लैंड के डिफेंस पर दबाव बनाने की कोशिश की। सातवें मिनट में जरमनप्रीत सिंह को गोल करने का अच्छा अवसर मिला, लेकिन उनका प्रयास लक्ष्य से बाहर चला गया। इसके बाद 14वें मिनट में इंग्लैंड ने पहला गोल कर भारत को झटका दिया। इंग्लिश टीम के एक सटीक एरियल पास ने भारतीय डिफेंस को चौंका दिया और निकोलस बैंडुराक ने मौके का फायदा उठाते हुए इंग्लैंड को 1-0 की बढ़त दिला दी।
हालांकि भारत ने जल्द ही शानदार वापसी की। दूसरे क्वार्टर की शुरुआत में भारत को पेनल्टी कॉर्नर मिला और कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने अपनी ताकतवर फ्लिक से गेंद को गोल के ऊपरी बाएं कोने में पहुंचाकर स्कोर 1-1 कर दिया। कुछ ही देर बाद भारत ने मुकाबले में बढ़त भी हासिल कर ली। हार्दिक सिंह ने बेसलाइन से शानदार मूव तैयार किया और गेंद अभिषेक तक पहुंचाई।
अभिषेक ने सही समय पर पास देकर दिलप्रीत सिंह को मौका दिया, जिन्होंने उसे गोल में बदलकर भारत को 2-1 से आगे कर दिया। हाफ टाइम तक भारतीय टीम नियंत्रण में दिखाई दे रही थी और उसके आक्रमण ने इंग्लैंड पर लगातार दबाव बनाए रखा।
दूसरे हाफ में इंग्लैंड की जोरदार वापसी
तीसरे क्वार्टर से मुकाबले की तस्वीर पूरी तरह बदल गई। इंग्लैंड ने अधिक आक्रामक रणनीति अपनाई और भारतीय डिफेंस को लगातार चुनौती दी। 39वें मिनट में स्टुअर्ट रशमेयर ने रिवर्स स्टिक से शानदार गोल करते हुए स्कोर 2-2 से बराबर कर दिया। भारत इस झटके से पूरी तरह उबर पाता, उससे पहले इंग्लैंड ने एक और गोल कर दिया। 43वें मिनट में हेनरी क्रॉफ्ट की तेज हिट भारतीय गोलकीपर मोहिथ को पार करते हुए गोल में चली गई। इसके साथ ही इंग्लैंड ने 3-2 की बढ़त बना ली। वर्ल्ड कप में क्रॉफ्ट का यह पहला गोल था।
भारत ने अंतिम क्वार्टर में बराबरी हासिल करने के लिए कई हमले किए, लेकिन इंग्लैंड का डिफेंस मजबूत साबित हुआ। 55वें मिनट में निकोलस बैंडुराक ने पेनल्टी कॉर्नर पर सटीक लो फ्लिक लगाकर अपना दूसरा गोल किया और इंग्लैंड की बढ़त 4-2 कर दी। यही स्कोर अंत तक कायम रहा।













