International Cricket Council की एडिनबर्ग में आयोजित वार्षिक बैठक में कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए। बैठक में तय किया गया कि USA Cricket और Cricket Canada का निलंबन फिलहाल जारी रहेगा, जबकि France Cricket को नोटिस जारी किया गया है।
ICC Annual Conference 2026: अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) की एडिनबर्ग में आयोजित वार्षिक बैठक में वैश्विक क्रिकेट प्रशासन से जुड़े कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए। बैठक में अमेरिका (USA Cricket) और क्रिकेट कनाडा पर लगाए गए निलंबन (Suspension) को फिलहाल जारी रखने का निर्णय लिया गया।
इसके साथ ही फ्रांस क्रिकेट को प्रशासनिक मामलों को लेकर नोटिस जारी किया गया, जबकि मॉरीशस क्रिकेट फेडरेशन (MCF) को आधिकारिक रूप से ICC का नया एसोसिएट सदस्य बनाया गया। इन फैसलों के साथ ICC ने स्पष्ट संकेत दिया है कि सदस्य देशों के लिए सुशासन, पारदर्शिता और प्रशासनिक मानकों का पालन सर्वोच्च प्राथमिकता बना रहेगा।
अमेरिका और कनाडा का निलंबन फिलहाल जारी
बैठक के दौरान अमेरिका और कनाडा के क्रिकेट बोर्डों की स्थिति पर विस्तृत चर्चा हुई। हालांकि, समीक्षा के बाद ICC ने दोनों बोर्डों पर लगा निलंबन हटाने के बजाय मौजूदा स्थिति को बरकरार रखने का फैसला किया। अमेरिका का क्रिकेट बोर्ड प्रशासनिक चुनौतियों के चलते पहले से ही निलंबित है, जबकि क्रिकेट कनाडा पर भी हाल ही में प्रशासनिक कारणों से कार्रवाई की गई थी।
ICC का मानना है कि दोनों बोर्डों को संगठनात्मक ढांचे, शासन व्यवस्था और आंतरिक प्रक्रियाओं में आवश्यक सुधार करने होंगे। इन सुधारों के बाद ही उनकी सदस्यता से जुड़े अगले कदमों पर विचार किया जाएगा।
लॉस एंजिल्स ओलंपिक 2028 के संदर्भ में अमेरिका पर नजर
अमेरिका का मामला इसलिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि लॉस एंजिल्स ओलंपिक 2028 (LA28) में क्रिकेट की वापसी प्रस्तावित है। विश्लेषकों का मानना है कि मेजबान देश के क्रिकेट बोर्ड का पूर्ण रूप से सक्रिय और मान्यता प्राप्त होना भविष्य की तैयारियों के लिए अहम होगा। हालांकि, ICC ने फिलहाल किसी प्रकार की जल्दबाजी से बचते हुए यह स्पष्ट किया है कि प्रशासनिक सुधारों को प्राथमिकता दी जाएगी।
यह निर्णय दर्शाता है कि ICC दीर्घकालिक संस्थागत मजबूती को अल्पकालिक परिस्थितियों से अधिक महत्व देना चाहता है। बैठक में फ्रांस क्रिकेट के प्रशासनिक मामलों पर भी चर्चा हुई। इसके बाद ICC ने फ्रांस क्रिकेट को नोटिस जारी किया है। हालांकि, विस्तृत कारणों का सार्वजनिक रूप से खुलासा नहीं किया गया, लेकिन यह कदम दर्शाता है कि परिषद सदस्य देशों के संचालन और प्रशासनिक मानकों की नियमित समीक्षा कर रही है। ICC का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि सभी सदस्य संगठन पारदर्शी, जवाबदेह और निर्धारित संवैधानिक प्रक्रियाओं के अनुरूप कार्य करें।

मॉरीशस बना ICC का नया एसोसिएट सदस्य
वार्षिक बैठक का एक सकारात्मक निर्णय मॉरीशस क्रिकेट फेडरेशन को ICC की एसोसिएट सदस्यता प्रदान करना रहा। मॉरीशस के शामिल होने के बाद ICC के कुल सदस्य देशों की संख्या बढ़कर 111 हो गई है। इनमें 12 पूर्ण सदस्य (Full Members) और 99 एसोसिएट सदस्य (Associate Members) शामिल हैं।
एसोसिएट सदस्यता मिलने से मॉरीशस को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट विकास कार्यक्रमों, वित्तीय सहायता, तकनीकी सहयोग और वैश्विक प्रतियोगिताओं में भागीदारी के नए अवसर मिलेंगे। यह कदम अफ्रीका क्षेत्र में क्रिकेट के विस्तार के लिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
वनडे क्रिकेट के 50 ओवर प्रारूप में कोई बदलाव नहीं
हाल के महीनों में ऐसी अटकलें लगाई जा रही थीं कि ICC भविष्य में एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय (ODI) क्रिकेट को 50 ओवर से घटाकर 40 ओवर करने पर विचार कर सकता है। हालांकि, वार्षिक बैठक के बाद यह स्पष्ट कर दिया गया कि फिलहाल ऐसा कोई प्रस्ताव स्वीकार नहीं किया गया है। इसका अर्थ है कि वनडे क्रिकेट का पारंपरिक 50 ओवर प्रारूप यथावत जारी रहेगा।
यह फैसला खिलाड़ियों, प्रसारकों और क्रिकेट बोर्डों के लिए स्पष्टता प्रदान करता है, क्योंकि वनडे प्रारूप अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के सबसे महत्वपूर्ण प्रतियोगी प्रारूपों में से एक बना हुआ है।
विश्व टेस्ट चैंपियनशिप में फिलहाल नहीं होगा विस्तार
बैठक में विश्व टेस्ट चैंपियनशिप (World Test Championship) के प्रारूप पर भी चर्चा हुई। ICC ने फिलहाल प्रतियोगिता का विस्तार नहीं करने का निर्णय लिया है। इसका अर्थ है कि निकट भविष्य में अफगानिस्तान, आयरलैंड और जिम्बाब्वे जैसी टेस्ट खेलने वाली टीमें मौजूदा WTC संरचना में शामिल नहीं की जाएंगी।
परिषद का मानना है कि वर्तमान प्रारूप को बनाए रखते हुए भविष्य में व्यापक समीक्षा की जा सकती है, लेकिन तत्काल किसी बदलाव की योजना नहीं है।बैठक के दौरान सदस्य देशों ने खेल के विकास, वैश्विक प्रतिस्पर्धा, प्रशासनिक सुधार, डिजिटल प्रसारण और नए बाजारों में क्रिकेट की पहुंच बढ़ाने जैसे विषयों पर भी चर्चा की।










