Instagram के CEO Adam Mosseri ने AI से बने कंटेंट को प्लेटफॉर्म के लिए सबसे बड़ा जोखिम बताया है। उनका कहना है कि AI टूल्स के कारण असली और नकली कंटेंट में फर्क करना मुश्किल होता जा रहा है, जिससे सोशल मीडिया की ऑथेंटिसिटी और यूजर्स का भरोसा प्रभावित हो सकता है।
Threat Of AI Content: Instagram के CEO Adam Mosseri ने 31 दिसंबर को यह चेतावनी दी कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से तैयार इमेज और वीडियो सोशल मीडिया की विश्वसनीयता के लिए चुनौती बन रहे हैं। यह बयान Instagram के भविष्य को लेकर दिया गया, जिसमें उन्होंने कहा कि Google और OpenAI जैसे प्लेटफॉर्म्स के AI टूल्स ने आम यूजर्स तक हाई-क्वालिटी फेक कंटेंट पहुंचा दिया है। उनके अनुसार, 2026 तक ऑथेंटिक कंटेंट की पहचान और भी मुश्किल हो सकती है, इसलिए Instagram को अपनी रणनीति बदलनी होगी।
AI कंटेंट क्यों बन रहा है सबसे बड़ा रिस्क
Adam Mosseri ने 31 दिसंबर को साझा किए गए एक पोस्ट में कहा कि AI कंटेंट Instagram के लिए सबसे बड़ा जोखिम बनकर उभरा है। उन्होंने 2026 को ध्यान में रखते हुए कहा कि अब ऑथेंटिसिटी को भी अनलिमिटेड तरीके से कॉपी किया जा सकता है, जो पहले संभव नहीं था।
Google के Nano Banana और OpenAI के Sora जैसे टूल्स ने हाई-क्वालिटी AI वीडियो और इमेज को आम यूजर्स तक पहुंचा दिया है। इससे न सिर्फ कंटेंट की बाढ़ आ रही है, बल्कि भरोसेमंद और असली कंटेंट की पहचान करना भी मुश्किल होता जा रहा है।
असली और नकली में फर्क करना होगा चुनौती
Instagram CEO ने कहा कि पहले फोटो और वीडियो को किसी असली पल का सबूत माना जाता था, लेकिन अब यह धारणा बदल चुकी है। भविष्य में यूजर्स को हर कंटेंट पर आंख बंद करके भरोसा करने के बजाय शक से शुरुआत करनी होगी।
उन्होंने यह भी चेताया कि शुरुआत में AI कंटेंट पहचानने वाले सिस्टम ठीक काम कर सकते हैं, लेकिन जैसे-जैसे टेक्नोलॉजी आगे बढ़ेगी, यह काम और कठिन होता जाएगा। आगे चलकर कैमरा कंपनियां असली तस्वीरों को क्रिप्टोग्राफिक साइन के जरिए सुरक्षित कर सकती हैं।

बदल रहा है यूजर बिहेवियर और कंटेंट ट्रेंड
मोसेरी ने माना कि Instagram का यूजर बिहेवियर पहले से काफी बदल चुका है। पहले लोग फीड पर पॉलिश्ड और परफेक्ट तस्वीरें शेयर करते थे, लेकिन अब निजी और कैंडिड पल ज्यादातर Direct Messages में भेजे जाते हैं।
उन्होंने इसे raw aesthetic बताया और कहा कि जरूरत से ज्यादा खूबसूरत दिखने वाला कंटेंट अब सस्ता और उबाऊ लगने लगा है। यूजर्स अब ज्यादा सच्चे और अनफिल्टर्ड कंटेंट को तरजीह दे रहे हैं।
Instagram को क्यों बदलनी होगी रणनीति
AI के दौर में ऑथेंटिक कंटेंट की कीमत और बढ़ने वाली है। Adam Mosseri के अनुसार, अब सवाल यह नहीं है कि आप कंटेंट बना सकते हैं या नहीं, बल्कि यह है कि क्या आप ऐसा कंटेंट बना सकते हैं जो सिर्फ आप ही बना सकें।
उन्होंने कहा कि Instagram को AI कंटेंट लेबलिंग, असली कंटेंट वेरिफिकेशन और क्रिएटर्स की विश्वसनीयता दिखाने वाले नए टूल्स विकसित करने होंगे। साथ ही, ओरिजिनल कंटेंट की रैंकिंग को मजबूत करना भी जरूरी होगा।











