सर्दियों में सेहत के लिए फायदेमंद माने जाने वाले बादाम हर किसी के लिए सुरक्षित नहीं हैं. विशेषज्ञों के अनुसार किडनी, पाचन संबंधी समस्या, नट्स एलर्जी या कुछ दवाइयां लेने वाले लोगों को बादाम से परहेज या सीमित सेवन करना चाहिए, वरना यह फायदे की जगह नुकसान पहुंचा सकता है.
Almond Side Effects in Winter: सर्दियों में बादाम का सेवन आम है, लेकिन विशेषज्ञ चेतावनी देते हैं कि यह सभी के लिए फायदेमंद नहीं होता. दिल्ली के जीटीबी अस्पताल की पूर्व डाइटीशियन डॉ. अनामिका गौर के अनुसार, किडनी की पथरी, पाचन संबंधी दिक्कत, नट्स एलर्जी या हाई बीपी की दवाइयां लेने वाले लोगों को बादाम से बचना चाहिए. अधिक मात्रा में सेवन से गैस, कब्ज या दवाओं के असर में बदलाव हो सकता है, इसलिए सही मात्रा और तरीका जानना जरूरी है.
किन लोगों को बादाम से परहेज करना चाहिए
दिल्ली के जीटीबी अस्पताल की पूर्व डाइटीशियन डॉ. अनामिका गौर के अनुसार, किडनी की पथरी या अन्य किडनी संबंधी समस्या वाले लोगों को बादाम नहीं खाना चाहिए. बादाम में फॉस्फोरस और ऑक्सालेट की मात्रा अधिक होती है, जो पथरी का खतरा बढ़ा सकती है.
पाचन से जुड़ी समस्याओं वाले लोगों के लिए भी बादाम नुकसानदेह हो सकता है. गैस, पेट फूलना या कब्ज की शिकायत वालों में बादाम इन दिक्कतों को और बढ़ा सकता है, खासकर अगर इसका सेवन ज्यादा मात्रा में किया जाए.

एलर्जी और दवाइयों के साथ जोखिम
नट्स से एलर्जी वाले लोगों को बादाम से पूरी तरह दूरी बनानी चाहिए. ऐसे लोगों में बादाम खाने से त्वचा पर चकत्ते, सांस लेने में दिक्कत या गंभीर स्थिति में एनाफिलेक्सिस तक हो सकता है.
इसके अलावा जो लोग हाई बीपी या कुछ खास एंटीबायोटिक दवाएं ले रहे हैं, उन्हें भी बादाम खाने से पहले डॉक्टर की सलाह लेनी चाहिए. कुछ मामलों में बादाम दवाओं के असर को प्रभावित कर सकता है.
सही मात्रा और सेवन का तरीका
डॉ. अनामिका गौर बताती हैं कि जिन लोगों को कोई स्वास्थ्य समस्या नहीं है, उन्हें भी बादाम सीमित मात्रा में ही खाना चाहिए. दिन में चार से पांच बादाम पर्याप्त होते हैं.
बेहतर पाचन और पोषक तत्वों के सही अवशोषण के लिए बादाम को रातभर पानी में भिगोकर, सुबह छिलका उतारकर खाना ज्यादा फायदेमंद माना जाता है. इससे पेट से जुड़ी समस्याओं का खतरा कम रहता है.













