कभी इंवेस्टमेंट बैंकर बनने का सपना देखने वाली एक्ट्रेस नेहा हरसोरा अब टेलीविजन जगत का जाना-पहचाना नाम बन चुकी हैं। उनके टीवी शोज़ जैसे 'अग्नि वायु', 'थोड़ा सा बादल थोड़ा सा पानी', 'राज महल' और 'ध्रुव तारा' ने उन्हें पॉपुलैरिटी दिलाई। मुंबई में जन्मी नेहा के माता-पिता गुजरात से हैं।
एंटरटेनमेंट न्यूज़: टीवी एक्ट्रेस नेहा हरसोरा ने महज पांच साल में टीवी इंडस्ट्री में अपनी अलग पहचान बनाई है। ‘उड़ने की आशा’, ‘अग्नि वायु’, ‘थोड़ा सा बादल थोड़ा सा पानी’, ‘राज महल’ और ‘ध्रुव तारा’ जैसे शो ने नेहा को दर्शकों का प्रिय बना दिया। मुंबई में जन्मी नेहा के माता-पिता गुजरात से हैं, और उन्होंने एक्टिंग के साथ-साथ ग्रेजुएशन और इन्वेस्टमेंट बैंकिंग का कोर्स भी पूरा किया है।
नेहा ने मीडिया से बातचीत में कहा, “मेरे परिवार के लिए पढ़ाई हमेशा पहली प्राथमिकता रही। बचपन में मैंने कभी नहीं सोचा था कि मैं एक्टर बनूंगी। इसलिए ग्रेजुएशन और इन्वेस्टमेंट बैंकिंग का सर्टिफिकेशन पूरा किया। टीवी इंडस्ट्री में आने के बाद भी मुझे लगता है कि पढ़ाई बेहद जरूरी है, क्योंकि हमारा पेशा अनिश्चित है। हर कलाकार के पास वैकल्पिक इनकम या पैशन होना चाहिए। इससे मुश्किल समय में भी हम खुद को संभाल सकते हैं।
बहन येशा हरसोरा: मेरी ताकत
नेहा की छोटी बहन येशा हरसोरा भी एक्टिंग की दुनिया में कदम रख चुकी हैं। नेहा का कहना है कि उनके लिए यह कोई चुनौती नहीं है बल्कि गर्व की बात है। नेहा कहती हैं, “येशा मेरी बहुत बड़ी ताकत रही है। अगर वह मेरे साथ न होती, तो शायद मैं इतनी कॉन्फिडेंट नहीं होती। मैं उसे अपनी गलतियों से सीखने में मदद कर सकती हूं, और वह भी मुझे बहुत कुछ सिखाती है। दोनों बहनों का परिवार और समर्थन उन्हें इंडस्ट्री में आत्मविश्वास देता है। नेहा का कहना है कि इंडस्ट्री में हर किसी की पसंद और कम्फर्ट जोन अलग होती है।
नेहा ने बताया कि उनका दृष्टिकोण एक्टिंग में सहजता पर आधारित है। “मैं किसी भी प्रोजेक्ट से जुड़े लोगों को निराश नहीं करना चाहती। अगर मुझे लगता है कि मैं किसी भूमिका में अच्छा कर सकती हूं, तो मैं 150 प्रतिशत देती हूं। नई चीजें ट्राई करने में डर नहीं लगता, क्योंकि कम्फर्ट जोन धीरे-धीरे बढ़ता है। उन्होंने यह भी कहा कि यदि कहानी में कोई बोल्ड सीन या लुक जरूरी हो, और वह कहानी के लिए सही लगे, तो वह उस पर चर्चा कर सकती हैं।

मराठी किरदार निभाने के लिए की गई तैयारी
नेहा अपनी मातृभाषा गुजराती हैं, लेकिन वर्तमान शो ‘उड़ने की आशा’ में वह मराठी किरदार निभा रही हैं। इस चुनौती के बारे में नेहा ने कहा, “यह थोड़ा मुश्किल था क्योंकि मैं मराठी नहीं हूं। मैंने अपने मुंहबोले भाई से मराठी संस्कृति, रीति-रिवाज और त्योहारों के बारे में जानकारी ली। स्कूल में मराठी पढ़ी है, लेकिन रोजमर्रा में भी कई बातें बिना जाने अपनाई जाती हैं। इस किरदार ने मुझे मराठी संस्कृति को करीब से समझने का मौका दिया।”
नेहा टीवी के अलावा OTT प्लेटफॉर्म पर वेब सीरीज ‘स्टेट ऑफ सीज़: टेम्पल अटैक’ में भी नजर आ चुकी हैं। उनका कहना है कि टीवी इंडस्ट्री में आने के बाद उन्हें जो प्यार मिला है, वह अद्भुत है। दर्शकों की प्रतिक्रिया और फैंस का उत्साह उन्हें लगातार प्रेरित करता है।
वैकल्पिक इनकम और शिक्षा की अहमियत
नेहा ने साफ किया कि किसी भी कलाकार के लिए वैकल्पिक इनकम या बैकअप प्लान होना जरूरी है। उन्होंने कहा, “पढ़ाई मुश्किल समय से लड़ना सिखाती है और एक विकल्प देती है। एक्टिंग में सफलता का समय unpredictable है, इसलिए हमेशा तैयार रहना चाहिए। नेहा ने अपने करियर को लेकर यह भी कहा कि वह नई भूमिकाओं और नए आउटफिट्स को आजमाने के लिए हमेशा तैयार रहती हैं। उनके लिए काम का मकसद केवल प्रसिद्धि नहीं बल्कि कला में सहजता और आत्मविश्वास है।









