FIFA वर्ल्ड कप 2026 में सह-मेजबान अमेरिका और पराग्वे 96 साल बाद आमने-सामने होंगे। यह मुकाबला लॉस एंजिल्स में खेला जाएगा और दोनों टीमें जीत के इरादे से उतरेंगी।
FIFA World Cup 2026: फीफा वर्ल्ड कप के दूसरे दिन एक और ऐतिहासिक मुकाबला खेला जाएगा, जहां सह-मेजबान अमेरिका और पराग्वे आमने-सामने होंगे। यह मैच लॉस एंजिल्स स्टेडियम में सुबह 6:30 बजे (भारतीय समयानुसार) शुरू होगा। यह मुकाबला इसलिए भी खास है क्योंकि दोनों टीमें करीब 96 साल बाद वर्ल्ड कप मंच पर एक-दूसरे से भिड़ेंगी।
96 साल बाद ऐतिहासिक रीमैच
अमेरिका और पराग्वे के बीच यह मुकाबला वर्ल्ड कप इतिहास की एक दुर्लभ भिड़ंत है। दोनों टीमें आखिरी बार 1930 के पहले फीफा वर्ल्ड कप में आमने-सामने आई थीं, जहां अमेरिका ने पराग्वे को 3-0 से हराया था।
इसके बाद अब 96 साल बाद दोनों टीमें एक बार फिर विश्व मंच पर आमने-सामने होंगी, जिससे यह मैच ऐतिहासिक बन गया है।
हेड-टू-हेड रिकॉर्ड में अमेरिका आगे
अब तक दोनों टीमों के बीच कुल 8 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले खेले गए हैं। इनमें अमेरिका ने 4 मैचों में जीत हासिल की है, जबकि पराग्वे ने 2 मुकाबले जीते हैं। 2 मैच ड्रॉ रहे हैं।
यह आंकड़े बताते हैं कि इतिहास में अमेरिका का पलड़ा थोड़ा भारी रहा है, लेकिन वर्ल्ड कप जैसे बड़े मंच पर परिणाम हमेशा बदल सकते हैं।
अमेरिका: घरेलू मैदान पर मजबूत दावेदारी
अमेरिकी टीम फीफा रैंकिंग में 17वें स्थान पर है और इस बार उसे सह-मेजबान होने का फायदा मिल रहा है। टीम की सबसे बड़ी ताकत उसका तेज और आक्रामक मिडफील्ड है।
स्टार विंगर क्रिस्टियन पुलिसिक और मिडफील्डर वेस्टन मैकेनी पर टीम की सबसे बड़ी उम्मीदें टिकी हुई हैं। इनके अलावा टीम का डिफेंस भी काफी संतुलित माना जा रहा है।

अमेरिका इस मैच में जीत के साथ अपने अभियान की मजबूत शुरुआत करना चाहेगा।
पराग्वे: उलटफेर की तलाश में टीम
पराग्वे की टीम फीफा रैंकिंग में 41वें स्थान पर है और उसे अंडरडॉग माना जा रहा है, लेकिन टीम के पास अनुभव और संघर्ष क्षमता की कमी नहीं है।
मिडफील्डर मिगुएल अल्मिरोन इस टीम के सबसे बड़े स्टार हैं, जो अपनी स्पीड और अटैकिंग क्षमता के लिए जाने जाते हैं। उनके साथ आक्रमण में सानाब्रिया जैसे खिलाड़ी टीम को मजबूती देते हैं।
पराग्वे की रणनीति डिफेंस को मजबूत रखते हुए काउंटर अटैक पर निर्भर रहने की होगी।
दोनों टीमों की संभावित प्लेइंग इलेवन
अमेरिका की संभावित इलेवन में फ्रीज, फ्रीमैन, मैकेंजी, रीम, रॉबिन्सन, मैकेनी, एडम्स, डेस्ट, टिलमैन, क्रिस्टियन पुलिसिक और बालोगुन शामिल हो सकते हैं।
पराग्वे की संभावित टीम में फर्नांडीज, कासेरेस, जी. गोमेज, अल्डरेटे, अलोंसो, कुबास, डी. गोमेज, मिगुएल अल्मिरोन, बोबाडिला, सोसा और सानाब्रिया शामिल हो सकते हैं।
मैच का महत्व और रणनीति
यह मुकाबला ग्रुप-D में दोनों टीमों के लिए बेहद अहम है। अमेरिका जहां घरेलू मैदान का फायदा उठाकर आक्रामक शुरुआत करना चाहेगा, वहीं पराग्वे संतुलित खेल और डिफेंसिव रणनीति के साथ मौके तलाशेगा।
मिडफील्ड कंट्रोल, सेट पीस और शुरुआती गोल इस मैच का परिणाम तय करने में बड़ी भूमिका निभा सकते हैं।
खिलाड़ियों पर रहेंगी नजरें
इस मैच में सभी की नजरें अमेरिका के क्रिस्टियन पुलिसिक पर रहेंगी, जो टीम के सबसे खतरनाक आक्रामक खिलाड़ी हैं। उनके साथ वेस्टन मैकेनी मिडफील्ड में गेम कंट्रोल करने की जिम्मेदारी निभाएंगे।
पराग्वे की ओर से मिगुएल अल्मिरोन सबसे बड़ा खतरा साबित हो सकते हैं, जो किसी भी डिफेंस को तोड़ने की क्षमता रखते












