केंद्रीय कैबिनेट ने पुणे मेट्रो फेज-2 विस्तार को मंजूरी दी। लाइन 4 और 4A में 28 एलिवेटेड स्टेशन शामिल होंगे। परियोजना 31.636 किमी लंबी होगी और शहर के आईटी हब, कमर्शियल और रेजिडेंशियल क्षेत्रों को जोड़ेगी।
Cabinet: पुणे मेट्रो रेल परियोजना के दूसरे चरण के विस्तार को केंद्रीय कैबिनेट ने मंजूरी दे दी है। इस परियोजना पर लगभग 9,857.85 करोड़ रुपये का खर्च आएगा। विस्तार में लाइन 4 और 4A शामिल हैं, जो शहर के महत्वपूर्ण इलाकों को जोड़ेंगी। इससे पुणे का मेट्रो नेटवर्क 100 किलोमीटर से अधिक हो जाएगा और शहर में सार्वजनिक परिवहन और अधिक सुगम होगा।
लाइन 4 और 4A से जुड़ेंगे नए मार्ग
दूसरे चरण के तहत लाइन 4 (खरडी–हडपसर–स्वरगेट–खड़कवासला) और लाइन 4A (नल स्टॉप–वारजे–माणिक बाग) को मंजूरी मिली है। इससे पहले लाइन 2A और 2B को मंजूरी दी जा चुकी है। इस नए विस्तार के साथ पुणे मेट्रो नेटवर्क का दूसरा बड़ा प्रोजेक्ट भी शामिल होगा।
28 नए एलिवेटेड स्टेशन जोड़ने का प्लान
इस विस्तार के तहत कुल 31.636 किलोमीटर और 28 एलिवेटेड स्टेशन बनेंगे। लाइन 4 और 4A शहर के ईस्ट, साउथ और वेस्ट क्षेत्रों के आईटी हब, कमर्शियल जोन, एजुकेशनल इंस्टीट्यूशन और रेजिडेंशियल क्लस्टर को आपस में जोड़ेगी। इस प्रोजेक्ट को भारत सरकार, महाराष्ट्र सरकार और बाहरी बाइलेटरल/मल्टीलेटरल फंडिंग एजेंसियों से फंड किया जाएगा।
मौजूदा कॉरिडोर से मल्टीमॉडल कनेक्टिविटी
नई लाइन को मौजूदा और मंजूर कॉरिडोर के साथ जोड़ा जाएगा। इसमें खराडी बाईपास, लाइन 2 में नल स्टॉप और लाइन 1 में स्वर्गेट पर इंटरचेंज पॉइंट शामिल हैं। यह हड़पसर रेलवे स्टेशन से भी जुड़ेगा, जिससे मेट्रो और रेल के बीच मल्टीमॉडल कनेक्टिविटी सुनिश्चित होगी।
भीड़भाड़ वाले इलाकों से होकर गुजरेगा रूट
लाइन 4 और 4A के रूट को पुणे की सबसे ज्यादा भीड़ वाली सड़कों जैसे सोलापुर रोड, सिंहगढ़ रोड और मुंबई-बेंगलुरु हाईवे के मार्ग को ध्यान में रखकर डिजाइन किया गया है। इस मंजूरी के बाद पुणे मेट्रो नेटवर्क 100 किमी. के माइलस्टोन को पार करेगा और शहर में पब्लिक ट्रांसपोर्ट के विकल्प और बेहतर होंगे।










