कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने अमेरिका-ईरान युद्ध पर चिंता जताई। होर्मुज जलडमरूमध्य के बंद होने पर भारत की तेल और एलपीजी आपूर्ति प्रभावित हो सकती है। उन्होंने स्वतंत्र ऊर्जा नीति और घरेलू आपूर्ति सुरक्षा पर जोर दिया।
US-Iran War: लोकसभा में कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने अमेरिका-ईरान युद्ध को लेकर गंभीर चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि होर्मुज जलडमरूमध्य के बंद होने की स्थिति में भारत की तेल और एलपीजी आपूर्ति बाधित हो सकती है। राहुल गांधी ने सरकार की विदेश नीति पर सवाल उठाते हुए कहा कि अमेरिका को यह तय करने नहीं देना चाहिए कि भारत किससे ऊर्जा खरीदे।
होर्मुज जलडमरूमध्य की स्थिति पर चिंता
राहुल गांधी ने बताया कि होर्मुज जलडमरूमध्य, जो वैश्विक तेल आपूर्ति का लगभग 20 प्रतिशत नियंत्रित करता है, बंद होने से भारत की अर्थव्यवस्था और ऊर्जा आपूर्ति पर गंभीर असर पड़ेगा। उन्होंने कहा कि एलपीजी की उपलब्धता को लेकर पहले ही देश में चिंता फैल चुकी है और अगर युद्ध बढ़ता है तो यह और गंभीर हो सकता है। उन्होंने चेतावनी दी कि यह समस्या अभी सिर्फ शुरुआत है और असली संकट अभी आने वाला है।
मध्य पूर्व युद्ध के दूरगामी परिणाम
गांधी ने कहा कि अमेरिका, ईरान और इज़राइल के बीच चल रहा युद्ध लंबे समय तक असर डालेगा। होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाला भारत का तेल और प्राकृतिक गैस का बड़ा हिस्सा प्रभावित होगा। उन्होंने बताया कि इससे रेस्तरां और खानपान व्यवसाय पहले ही प्रभावित हो चुके हैं और एलपीजी की कमी के चलते देशभर में आम जनता की चिंता बढ़ रही है।
ऊर्जा सुरक्षा पर जोर

राहुल गांधी ने कहा कि हर राष्ट्र की नींव उसकी ऊर्जा सुरक्षा है। उन्होंने सवाल उठाया कि भारत को क्यों अमेरिका को यह तय करने देना चाहिए कि वह किससे तेल और गैस खरीदे। उन्होंने स्पष्ट किया कि भारत अपने तेल आपूर्तिकर्ताओं के साथ संबंध खुद तय कर सकता है और किसी अन्य देश या राष्ट्रपति को इसमें हस्तक्षेप करने की अनुमति नहीं दी जा सकती।
रूस से तेल खरीद को लेकर विवाद
गांधी ने कहा कि भारत जैसे संप्रभु देश को यह तय करने का अधिकार है कि वह रूस से तेल खरीद सकता है या नहीं। उन्होंने कहा कि विदेशी दबाव में आने से भारत की स्वतंत्र ऊर्जा नीति प्रभावित हो सकती है। उन्होंने जोर देकर कहा कि भारत को अपने ऊर्जा आपूर्तिकर्ताओं का चयन खुद करना चाहिए, किसी अन्य देश की मर्जी से नहीं।
केंद्रीय मंत्री हरदीप पुरी पर तंज
राहुल गांधी ने केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी पर भी कटाक्ष किया। उन्होंने कहा कि उन्होंने देश की ऊर्जा सुरक्षा से जुड़ी पहेली समझ ली है और इस संबंध में मंत्री के कुछ बयान भी सामने आए हैं। गांधी ने कहा कि मंत्री ने खुद अपने रिश्तों और विदेशी संपर्कों को उजागर किया है, जो देश की ऊर्जा नीति को प्रभावित कर सकते हैं।
राहुल गांधी ने कहा कि युद्ध के कारण पहले ही एलपीजी आपूर्ति में व्यवधान देखा जा रहा है। रेस्तरां, ढाबे और क्लाउड किचन प्रभावित हो रहे हैं, और वितरण प्लेटफॉर्म जैसे Zomato और Swiggy पर ऑर्डर रद्द हो रहे हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर स्थिति बिगड़ी तो यह आर्थिक और सामाजिक स्तर पर गंभीर परिणाम पैदा करेगा।










