रेलवे सेक्टर के शेयरों में तेज रैली के बाद सोमवार को जोरदार गिरावट आई। IRFC, RVNL, IRCON और Jupiter Wagons में प्रॉफिट बुकिंग से 5 प्रतिशत तक टूटावट दर्ज की गई।
Rail Stocks: रेलवे सेक्टर के शेयरों में सोमवार को अचानक बड़ी गिरावट देखने को मिली है। पांच कारोबारी सत्रों की लगातार तेज रैली के बाद निवेशकों ने मुनाफावसूली (Profit Booking) का रास्ता चुना, जिसका सीधा असर रेलवे स्टॉक्स की कीमतों पर पड़ा। IRFC, RVNL, IRCON, IRCTC और Jupiter Wagons जैसे प्रमुख शेयरों में 5 प्रतिशत तक की गिरावट दर्ज की गई। बाजार में यह गिरावट ऐसे समय आई है, जब हाल के दिनों में रेलवे शेयर निवेशकों के सबसे पसंदीदा सेक्टर में शामिल रहे हैं।
पांच दिन की रैली के बाद बदला मूड
पिछले पांच ट्रेडिंग सेशंस में रेलवे स्टॉक्स ने जोरदार तेजी दिखाई थी। कई शेयरों ने शॉर्ट टर्म में ही 15 से 25 प्रतिशत तक की बढ़त दर्ज की थी। ऐसे में सोमवार को निवेशकों ने मुनाफा सुरक्षित करने के लिए बिकवाली शुरू कर दी। आमतौर पर जब किसी सेक्टर में तेज रैली होती है, तो उसके बाद प्रॉफिट बुकिंग आना स्वाभाविक माना जाता है।
बाजार विशेषज्ञों के मुताबिक, रेलवे स्टॉक्स में आज की गिरावट किसी नकारात्मक खबर की वजह से नहीं, बल्कि पूरी तरह से तकनीकी और निवेशकों की रणनीति से जुड़ी है।
IRFC और RVNL में सबसे ज्यादा दबाव
इंडियन रेलवे फाइनेंस कॉर्पोरेशन (IRFC) के शेयरों में आज सबसे ज्यादा दबाव देखने को मिला। बीएसई पर IRFC के शेयर 4.64 प्रतिशत तक गिरकर 127.44 रुपये के स्तर पर आ गए। पिछले कुछ दिनों में इस शेयर में तेज खरीदारी देखने को मिली थी, जिसके बाद आज निवेशकों ने मुनाफा निकालना बेहतर समझा।
रेल विकास निगम लिमिटेड (RVNL) के शेयरों में भी बड़ी गिरावट दर्ज की गई। यह शेयर 3.84 प्रतिशत टूटकर 373.05 रुपये के स्तर पर आ गया। RVNL ने हाल के दिनों में कई ऑर्डर अपडेट्स और मजबूत रैली के चलते निवेशकों को अच्छा रिटर्न दिया था।
IRCON, IRCTC और Jupiter Wagons भी फिसले
मुनाफावसूली का असर सिर्फ IRFC और RVNL तक सीमित नहीं रहा। IRCON के शेयरों में भी करीब 2.1 प्रतिशत की गिरावट देखने को मिली और यह शेयर 175.10 रुपये पर आ गया।
इंडियन रेलवे कैटरिंग एंड टूरिज्म कॉर्पोरेशन (IRCTC) में भी हल्की कमजोरी देखी गई। शेयर करीब 0.5 प्रतिशत फिसलकर 701.60 रुपये पर ट्रेड करता नजर आया। हालांकि गिरावट सीमित रही, लेकिन तेजी के बाद यह भी प्रॉफिट बुकिंग के दायरे में आ गया।
वहीं Jupiter Wagons के शेयरों में 3.22 प्रतिशत तक की गिरावट दर्ज की गई और यह शेयर 336.35 रुपये के स्तर पर आ गया। पिछले कुछ सत्रों में इस शेयर ने भी तेज रैली दिखाई थी।
प्रॉफिट बुकिंग ही गिरावट की मुख्य वजह
रेलवे स्टॉक्स में आई इस गिरावट की सबसे बड़ी वजह प्रॉफिट बुकिंग बताई जा रही है। जब किसी सेक्टर में लगातार तेजी रहती है, तो निवेशक आमतौर पर ऊंचे स्तरों पर मुनाफा निकालते हैं। इससे शेयरों में अस्थायी दबाव बनता है।
मार्केट एक्सपर्ट्स का कहना है कि रेलवे सेक्टर की कहानी अभी खत्म नहीं हुई है। यह गिरावट सिर्फ शॉर्ट टर्म करेक्शन (Correction) मानी जा रही है, न कि ट्रेंड में बदलाव।
किराया बढ़ोतरी से आई थी तेज रैली
गौरतलब है कि पिछले हफ्ते रेलवे शेयरों में आई जोरदार तेजी की बड़ी वजह सरकार द्वारा यात्री ट्रेन किराये में बढ़ोतरी का ऐलान था। साल 2025 में यह दूसरी बार है, जब रेलवे ने किराया बढ़ाने की घोषणा की है।
सरकार के इस फैसले का मकसद भारतीय रेल की वित्तीय स्थिति को मजबूत करना है। रेलवे मंत्रालय ने साफ किया था कि किराये में बढ़ोतरी सीमित रखी गई है, ताकि यात्रियों पर ज्यादा बोझ न पड़े। यह बदलाव केवल साधारण और मेल या एक्सप्रेस ट्रेनों के लिए लागू किया गया है।
सब-अर्बन सर्विस और सीजन टिकट पर कोई बदलाव नहीं किया गया, जिससे आम यात्रियों को राहत मिली है। इसी संतुलित फैसले ने बाजार में रेलवे सेक्टर को लेकर पॉजिटिव सेंटिमेंट बनाया था।












