राजस्थान के श्री गंगानगर जिले के अनूपगढ़ में जमीन विवाद के चलते भाई ने बहन की कुल्हाड़ी से हत्या कर दी। आरोपी ने फसल का हिस्सा देने के बहाने बुलाया था, पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है।
श्री गंगानगर: राजस्थान के Sri Ganganagar जिले में एक दर्दनाक घटना सामने आई है, जहां जमीन विवाद के चलते एक युवक ने अपनी ही बड़ी बहन की हत्या कर दी। यह घटना रावला थाना क्षेत्र के गांव 8 डीओएल में रविवार शाम करीब 7 बजे हुई। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि विवाद फसल के हिस्से को लेकर हुआ था, जिसने अचानक हिंसक रूप ले लिया।
फसल का हिस्सा देने के बहाने बुलाया घर
पुलिस के अनुसार, आरोपी सुरेंद्र (25) ने अपनी बहन मंजू (27) को गेहूं की फसल में उसका हिस्सा देने के बहाने घर बुलाया था। मंजू पिछले दो वर्षों से एक युवक के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में रह रही थी और हाल ही में रावला क्षेत्र में एक निजी कंपनी में कार्यरत थी।
घटना के दिन वह अपने लिव-इन पार्टनर के साथ गांव पहुंची थी। पार्टनर उसे घर छोड़कर बाहर चला गया, जबकि मंजू घर के अंदर चली गई। उस समय उनकी मां घर पर मौजूद नहीं थीं, क्योंकि वे रिश्तेदारी में एक शादी समारोह में शामिल होने गई थीं।
कहासुनी के बाद कुल्हाड़ी से हमला
शाम के समय मंजू ने जमीन में अपने हिस्से की मांग की, जिसके बाद भाई-बहन के बीच विवाद शुरू हो गया। पुलिस के मुताबिक, यह विवाद जल्द ही बढ़ गया और गुस्से में आकर सुरेंद्र ने घर में रखी कुल्हाड़ी से मंजू के सिर पर जोरदार वार कर दिया।
हमले के बाद मंजू मौके पर ही गिर पड़ी और गंभीर रूप से घायल हो गई। उसकी चीख सुनकर बाहर मौजूद उसका पार्टनर तुरंत घर के अंदर पहुंचा, जहां उसने मंजू को खून से लथपथ हालत में पाया और आरोपी को कुल्हाड़ी के साथ खड़ा देखा।

सूचना पर पहुंची पुलिस, आरोपी हिरासत में
घटना की सूचना तुरंत पुलिस को दी गई। रावला थाना पुलिस और डीएसपी प्रशांत कौशिक मौके पर पहुंचे। जब पुलिस घटनास्थल पर पहुंची, तो आरोपी सुरेंद्र वहीं शव के पास बैठा मिला।
पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए सरकारी अस्पताल की मॉर्च्युरी में रखवाया और आरोपी को हिरासत में ले लिया। मामले की गंभीरता को देखते हुए विस्तृत जांच शुरू कर दी गई है।
पारिवारिक पृष्ठभूमि और विवाद का कारण
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी सुरेंद्र बीएसटीसी का छात्र है और परिवार में सबसे छोटा है। उसके पिता का पहले ही निधन हो चुका है। परिवार में चार बहनें और एक भाई हैं, जिनमें से तीन बहनों की शादी हो चुकी है।
मंजू, जो मृतका है, पिछले कुछ समय से परिवार से अलग रह रही थी। जमीन और फसल के हिस्से को लेकर परिवार में पहले से विवाद चल रहा था, जो इस घटना का मुख्य कारण बना।
लिव-इन पार्टनर की भूमिका
इस मामले में मंजू के लिव-इन पार्टनर की भूमिका एक अहम गवाह के रूप में सामने आई है। उसी की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और समय रहते आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस अब उससे भी विस्तृत बयान दर्ज कर रही है, ताकि घटना के सभी पहलुओं को स्पष्ट किया जा सके।
जांच जारी, कानूनी कार्रवाई होगी
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आरोपी से गहन पूछताछ की जा रही है और हत्या के पीछे की पूरी परिस्थितियों को समझने की कोशिश की जा रही है। आरोपी के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है।
बढ़ते पारिवारिक विवाद और हिंसा पर चिंता
यह घटना एक बार फिर यह दिखाती है कि जमीन और संपत्ति से जुड़े पारिवारिक विवाद किस तरह हिंसक रूप ले सकते हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे मामलों में संवाद और कानूनी समाधान की दिशा में कदम उठाना जरूरी है, ताकि विवाद को समय रहते सुलझाया जा सके।










