मिलेजुले वैश्विक संकेतों के बीच बुधवार को भारतीय बाजार सपाट खुल सकता है। Ola Electric, Vedanta, HDFC Bank, IndiGo, Tata Power सहित चुनिंदा शेयरों में कॉरपोरेट, नियामकीय अपडेट से निवेशकों की नजर बनी रहेगी और वॉल्यूम बढ़ने की संभावना रहेगी।
Stocks to Watch: एशियाई बाजारों से मिलेजुले संकेत मिलने के बीच भारतीय शेयर बाजार बुधवार 17 दिसंबर को सपाट रुख के साथ खुल सकता है। सुबह 8 बजे Gift Nifty Futures करीब 25,920 के स्तर पर लगभग स्थिर कारोबार करता दिखा। इससे संकेत मिलते हैं कि बेंचमार्क इंडेक्स Nifty-50 की शुरुआत भी सीमित दायरे में हो सकती है। ऐसे माहौल में निवेशकों और ट्रेडर्स का फोकस उन शेयरों पर रहेगा, जिनसे जुड़ी अहम कॉरपोरेट और रेगुलेटरी खबरें सामने आई हैं। इन स्टॉक्स में Ola Electric, Vedanta, HDFC Bank, IndiGo और Tata Power जैसे बड़े नाम शामिल हैं।
Akzo Nobel India में हिस्सेदारी बिक्री की तैयारी
Akzo Nobel India के शेयर बुधवार को चर्चा में रह सकते हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, कंपनी की प्रमोटर इकाई Imperial Chemical Industries ब्लॉक डील के जरिए अपनी 9 प्रतिशत तक हिस्सेदारी बेचने की तैयारी कर रही है। इस प्रस्तावित डील का कुल आकार करीब ₹1,290.6 करोड़ आंका गया है। डील के लिए फ्लोर प्राइस ₹3,150 प्रति शेयर तय किया गया है। इस खबर का असर शेयर की चाल पर देखने को मिल सकता है, क्योंकि इतनी बड़ी हिस्सेदारी की बिक्री से शॉर्ट टर्म में वॉल्यूम और प्राइस मूवमेंट बढ़ने की संभावना रहती है।
IndiGo पर कानूनी दबाव बढ़ा
देश की सबसे बड़ी एयरलाइन IndiGo के शेयरों पर भी निवेशकों की नजर रहेगी। दिल्ली हाईकोर्ट में एक जनहित याचिका (PIL) दायर की गई है, जिसमें केंद्र सरकार और इंडिगो से नवंबर और दिसंबर में रद्द हुई उड़ानों के यात्रियों को मुआवजा देने की मांग की गई है। याचिका में कहा गया है कि नए Flight Duty Time Limitation (FDTL) नियम लागू होने के बाद रद्द हुई उड़ानों के लिए यात्रियों को पूरे टिकट मूल्य के चार गुना के बराबर मुआवजा दिया जाना चाहिए। इस कानूनी घटनाक्रम से एविएशन सेक्टर में नियामकीय जोखिम को लेकर चर्चा तेज हो सकती है।
Ola Electric में प्रमोटर कर्ज़ से राहत
Ola Electric के लिए एक सकारात्मक खबर सामने आई है। कंपनी के संस्थापक और प्रमोटर भाविश अग्रवाल ने अपनी निजी हिस्सेदारी का कुछ हिस्सा बेचकर करीब ₹260 करोड़ का प्रमोटर-स्तरीय कर्ज़ पूरी तरह चुका दिया है। इसके साथ ही पहले गिरवी रखे गए सभी शेयर, जो कुल 3.93 प्रतिशत थे, अब रिलीज़ हो जाएंगे। यह कदम निवेशकों के लिए राहत भरा माना जा रहा है, क्योंकि प्रमोटर की हिस्सेदारी पर गिरवी का बोझ खत्म होना कॉर्पोरेट गवर्नेंस के लिहाज से सकारात्मक संकेत देता है।
Vedanta डीमर्जर को NCLT की मंजूरी
Vedanta के शेयरों में बुधवार को हलचल देखने को मिल सकती है। National Company Law Tribunal (NCLT) की मुंबई बेंच ने कंपनी की डीमर्जर योजना को मंजूरी दे दी है। इस फैसले के बाद Vedanta समूह को अपने कारोबार को पांच अलग-अलग सेक्टर-केंद्रित कंपनियों में विभाजित करने का रास्ता साफ हो गया है। हालांकि, इस आदेश का विस्तृत विवरण अभी NCLT की वेबसाइट पर जारी होना बाकी है। डीमर्जर की मंजूरी को लंबे समय से शेयरहोल्डर वैल्यू अनलॉक करने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है।
Indian Overseas Bank में सरकार की हिस्सेदारी बिक्री
सरकारी बैंक Indian Overseas Bank (IOB) के शेयर भी फोकस में रहेंगे। निवेश और लोक संपत्ति प्रबंधन विभाग (DIPAM) ने घोषणा की है कि सरकार बुधवार से बैंक में 3 प्रतिशत तक हिस्सेदारी की बिक्री Offer for Sale (OFS) के जरिए करेगी। सरकार की हिस्सेदारी बिक्री से शेयर में वॉल्यूम बढ़ सकता है। साथ ही, पब्लिक फ्लोट बढ़ने से लॉन्ग टर्म में बैंक के शेयर पर सकारात्मक असर की उम्मीद भी जताई जा रही है।
HDFC Bank और IndusInd Bank से जुड़ी RBI मंजूरी
HDFC Bank और IndusInd Bank दोनों के लिए एक अहम रेगुलेटरी अपडेट सामने आया है। Reserve Bank of India (RBI) ने HDFC Bank को मंजूरी दी है, जिसके तहत उसकी समूह कंपनियां मिलकर IndusInd Bank में 9.5 प्रतिशत तक हिस्सेदारी खरीद सकेंगी। इन समूह कंपनियों में HDFC Mutual Fund, HDFC Life Insurance, HDFC Ergo General Insurance, HDFC Pension Fund और HDFC Securities शामिल हैं। इस खबर से बैंकिंग सेक्टर में स्ट्रैटेजिक निवेश को लेकर नई चर्चा शुरू हो सकती है।
Tata Power के सोलर प्रोजेक्ट पर नजर
Tata Power के शेयर भी बुधवार को निवेशकों के रडार पर रहेंगे। कंपनी अगले साल जनवरी तक अपने 10 गीगावॉट वेफर और इंगट प्रोजेक्ट को अंतिम रूप देने का लक्ष्य रखती है। इस प्रोजेक्ट की अनुमानित लागत करीब ₹6,500 करोड़ बताई जा रही है। यह कदम Tata Power की रिन्यूएबल एनर्जी रणनीति को और मजबूत कर सकता है और सोलर वैल्यू चेन में कंपनी की मौजूदगी बढ़ा सकता है।
Glenmark Pharma की इंटरनेशनल डील
Glenmark Pharmaceuticals के लिए एक बड़ी कारोबारी डील सामने आई है। कंपनी ने Jiangsu Hansoh Pharmaceutical Group के साथ एक विशेष लाइसेंस, सहयोग और वितरण समझौता किया है। यह समझौता दवा Osimertinib से जुड़े उत्पाद Amolertinib के लिए किया गया है, जो Non-Small Cell Lung Cancer (NSCLC) के इलाज में इस्तेमाल होने वाली तीसरी पीढ़ी की दवा है। इस डील से Glenmark की इंटरनेशनल फार्मा मौजूदगी को मजबूती मिलने की उम्मीद है।
NBCC को नए ऑर्डर मिले
इंफ्रास्ट्रक्चर और कंस्ट्रक्शन सेक्टर की सरकारी कंपनी NBCC के शेयर भी चर्चा में रह सकते हैं। कंपनी को IIT मंडी से ₹332.99 करोड़ का Project Management Consultancy ऑर्डर मिला है। इसके अलावा, कांडला SEZ से ₹12.05 करोड़ के सालाना मेंटेनेंस कार्य का ऑर्डर भी हासिल हुआ है। लगातार मिल रहे ऑर्डर्स NBCC की ऑर्डर बुक को मजबूत कर रहे हैं।










