Tamil Nadu में आगामी विधानसभा चुनाव को देखते हुए Indian National Congress और Dravida Munnetra Kazhagam (DMK) ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। दोनों दलों के बीच सीटों के बंटवारे को लेकर लगातार मंथन चल रहा है।
Tamil nadu Assembly Election: तमिलनाडु में आगामी विधानसभा चुनाव 2026 को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। राज्य की दो प्रमुख सहयोगी पार्टियां—द्रविड़ मुनेत्र कषगम (DMK) और भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस—सीटों के बंटवारे को लेकर महत्वपूर्ण बातचीत शुरू करने जा रही हैं। यह बैठक चेन्नई स्थित DMK मुख्यालय ‘अन्ना अरिवालयम’ में आयोजित होगी, जिसे दोनों दलों के बीच गठबंधन के भविष्य के लिए निर्णायक माना जा रहा है।
इस बैठक का उद्देश्य सीट शेयरिंग के फॉर्मूले को अंतिम रूप देना है, क्योंकि दोनों पार्टियां आगामी चुनावों में मजबूत प्रदर्शन सुनिश्चित करने के लिए अपनी रणनीति स्पष्ट करना चाहती हैं। पिछले कुछ दिनों से गठबंधन को लेकर चल रही अटकलों के बीच यह वार्ता बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
सीटों की संख्या को लेकर कांग्रेस की बढ़ी मांग
सूत्रों के अनुसार, कांग्रेस इस बार पिछले विधानसभा चुनाव की तुलना में अधिक सीटों पर चुनाव लड़ने की मांग कर रही है। कांग्रेस का तर्क है कि DMK ने पिछली बार जिन सीटों पर हार का सामना किया था, उनमें से कुछ सीटें सहयोगी दलों को दी जानी चाहिए ताकि गठबंधन का प्रदर्शन बेहतर हो सके। पिछले विधानसभा चुनाव में DMK ने लगभग 173 सीटों पर चुनाव लड़ा था, जिनमें से उसे 133 सीटों पर जीत मिली थी, जबकि करीब 40 सीटों पर हार का सामना करना पड़ा था।
कांग्रेस का प्रस्ताव है कि इन हारी हुई सीटों में से कम से कम 15 सीटें उसे दी जाएं। हालांकि, DMK ने अभी तक इस मांग पर सहमति नहीं जताई है और सीट शेयरिंग के मुद्दे पर संतुलित समाधान तलाशने की कोशिश की जा रही है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि कांग्रेस की यह मांग राज्य में अपनी राजनीतिक स्थिति मजबूत करने की रणनीति का हिस्सा है, जबकि DMK अपनी चुनावी ताकत को बनाए रखने के लिए सीटों के बंटवारे में सावधानी बरत रही है।

बैठक में दोनों दलों के वरिष्ठ नेता होंगे शामिल
इस महत्वपूर्ण बैठक में दोनों दलों के वरिष्ठ नेता और प्रतिनिधि शामिल होंगे। तमिलनाडु कांग्रेस अध्यक्ष के. सेल्वा पेरुंथगई के नेतृत्व में कांग्रेस का चार सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल बैठक में भाग लेगा। इस टीम में अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) के राज्य प्रभारी, सह-प्रभारी और कांग्रेस विधायक दल के नेता भी शामिल होंगे।
वहीं DMK की ओर से पार्टी के वरिष्ठ नेता और कोषाध्यक्ष टी.आर. बालू प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व करेंगे। इसके अलावा, मुख्यमंत्री और DMK अध्यक्ष एम.के. स्टालिन द्वारा नियुक्त सात सदस्यीय समिति भी इस बातचीत में शामिल होगी। यह समिति गठबंधन की रणनीति और सीटों के वितरण को लेकर अंतिम निर्णय लेने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
DMK और कांग्रेस का गठबंधन तमिलनाडु की राजनीति में लंबे समय से महत्वपूर्ण भूमिका निभाता रहा है। दोनों दलों ने पिछले चुनावों में मिलकर चुनाव लड़ा और सत्ता हासिल करने में सफलता पाई थी। ऐसे में आगामी चुनावों के लिए सीट शेयरिंग का मुद्दा गठबंधन की मजबूती के लिए बेहद अहम है।











