टी-20 विश्व कप 2026 के लीग स्टेज में ऑस्ट्रेलियाई टीम ने श्रीलंका के खिलाफ होने वाले अहम मुकाबले से पहले महत्वपूर्ण बदलाव किया है। चोटिल तेज गेंदबाज जोश हेजलवुड की जगह टीम में अनुभवी बल्लेबाज स्टीव स्मिथ को शामिल किया गया है।
स्पोर्ट्स न्यूज़: ICC Men's T20 World Cup के लिए ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट टीम में बदलाव हुआ है। तेज गेंदबाज जोश हेजलवुड की जगह बल्लेबाज स्टीव स्मिथ को टीम में शामिल किया गया है। यह बदलाव आईसीसी ने आधिकारिक तौर पर पुष्टि की है। आईसीसी की इवेंट टेक्निकल कमिटी ने स्टीव स्मिथ को हेजलवुड के इंजरी रिप्लेसमेंट के तौर पर मंजूरी दे दी है।
स्टीव स्मिथ को क्यों चुना गया?
ऑस्ट्रेलिया की टीम ने श्रीलंका के खिलाफ मैच में स्पिनरों का सामना करने और टॉप ऑर्डर में अनुभव जोड़ने के लिए स्टीव स्मिथ को शामिल किया। स्मिथ पहले भी चोटिल कप्तान मिचेल मार्श की कवर के रूप में श्रीलंका भेजे गए थे। मार्श दोनों शुरुआती मैचों में उपलब्ध नहीं थे और स्मिथ ने इस दौरान टीम में आकर बल्लेबाजी के लिहाज से रणनीति को मजबूती दी।
स्मिथ ने पिछले साल फरवरी के बाद टी20 अंतरराष्ट्रीय में कोई मैच नहीं खेला है, लेकिन घरेलू टूर्नामेंट में शानदार फॉर्म में हैं। ऑस्ट्रेलियाई टीम की मेडिकल टीम ने पुष्टि की कि हेजलवुड चोट के कारण फिट नहीं होंगे और उन्हें पूरी तरह तैयार होने में समय लगेगा। ऐसे में स्मिथ का चयन रणनीतिक तौर पर उपयुक्त साबित हुआ।

जोश हेजलवुड की चोट और टीम पर असर
जोश हेजलवुड के अनुपस्थित रहने से ऑस्ट्रेलिया की तेज गेंदबाजी लाइन प्रभावित हुई है। उन्होंने जिम्बाब्वे के खिलाफ पिछले मैच में खेल नहीं पाया था। हेजलवुड के फिट न होने से टीम प्रबंधन को नए विकल्प पर ध्यान देना पड़ा। स्पिन और धीमी पिच वाले मैदानों पर अनुभवी बल्लेबाज का होना ऑस्ट्रेलिया के लिए बड़ी ताकत साबित हो सकता है।
टीम की रणनीति के मुताबिक स्मिथ टॉप ऑर्डर में बल्लेबाजी करेंगे और मैच में महत्वपूर्ण स्कोर बनाने में मदद करेंगे। इससे ऑस्ट्रेलिया को श्रीलंका की स्पिन लीग के खिलाफ मजबूती मिलेगी। ऑस्ट्रेलिया का टी20 विश्व कप अभियान जिम्बाब्वे से मिली 23 रनों की हार के बाद चुनौतीपूर्ण हो गया है। लीग स्टेज में बने रहने के लिए टीम को अब हर हाल में श्रीलंका को हराना होगा। स्मिथ के अनुभव और ठोस बल्लेबाजी से टीम को जीत के लिए मजबूती मिलेगी।
विशेषज्ञों का मानना है कि स्मिथ की एंट्री से टीम के मानसिक स्तर और टॉप ऑर्डर की स्थिरता बढ़ेगी। श्रीलंका की तेज और स्पिन दोनों तरह की गेंदबाजी से निपटने के लिए यह बदलाव रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।









