बोकारो में विश्वकर्मा पूजा की तैयारियों के बीच महंगाई का असर खरीदारी पर दिख रहा है। मूर्ति, मिठाई और गाड़ी धुलाई की कीमतें बढ़ी हैं, जबकि पूजा के दौरान बुंदिया की मांग बढ़ने से लोगों का बजट प्रभावित हुआ है।
बोकारो: औद्योगिक शहर में विश्वकर्मा पूजा को लेकर कारखानों, गैराज, टेंपो-रिक्शा स्टैंड और चौक-चौराहों पर तैयारियां तेज हो गई हैं। इस बार पूजा से जुड़ी वस्तुओं और सेवाओं की बढ़ी कीमतों ने आयोजकों और लोगों का बजट प्रभावित किया है। विश्वकर्मा की मूर्ति, मिठाई और वाहनों की धुलाई के दाम बढ़ने के साथ बुंदिया की मांग भी बढ़ी है।
पूजा की तैयारियों के बीच बढ़ी महंगाई की चिंता
बोकारो में विश्वकर्मा पूजा को लेकर कारखानों, गैराज, टेंपो और रिक्शा स्टैंड के साथ शहर के चौक-चौराहों पर तैयारियां शुरू हो गई हैं। औद्योगिक शहर होने के कारण यहां विश्वकर्मा पूजा का विशेष महत्व है। हालांकि, इस बार पूजा की तैयारियों के बीच बढ़ती महंगाई लोगों के लिए अतिरिक्त खर्च का कारण बन रही है।
मूर्ति से लेकर पूजा के दौरान इस्तेमाल होने वाली मिठाई और वाहनों की धुलाई तक कई चीजों और सेवाओं के दाम बढ़ने से आयोजकों को पहले की तुलना में अधिक बजट रखना पड़ रहा है।
मूर्ति और मिठाई पर बढ़ा खर्च
विश्वकर्मा पूजा के लिए मूर्तियों की खरीदारी के साथ प्रसाद और मिठाई की व्यवस्था भी की जा रही है। बढ़ी कीमतों का असर इन तैयारियों पर दिखाई दे रहा है। पूजा आयोजकों को सीमित बजट में व्यवस्थाएं करने के लिए अतिरिक्त खर्च का हिसाब लगाना पड़ रहा है।
इस बीच बुंदिया की मांग बढ़ी है। पूजा के अवसर पर प्रसाद के रूप में इसकी मांग बढ़ने से मिठाई दुकानदारों के कारोबार में भी इसका असर देखने को मिल रहा है।
गाड़ी धुलाई के दाम बढ़ने से बजट प्रभावित
विश्वकर्मा पूजा से पहले वाहन और मशीनों की सफाई कराने की परंपरा के कारण गैराज, टेंपो और रिक्शा से जुड़े लोगों के बीच गाड़ी धुलाई की मांग बढ़ती है। इस बार धुलाई की कीमतों में बढ़ोतरी ने भी पूजा के खर्च को प्रभावित किया है।
मूर्ति, मिठाई और वाहनों की सफाई समेत अलग-अलग मदों में बढ़े खर्च के कारण पूजा समितियों और अन्य आयोजकों को अपने बजट में बदलाव करना पड़ रहा है। इसके बावजूद बोकारो में विश्वकर्मा पूजा को लेकर तैयारियां जारी हैं और शहर के विभिन्न हिस्सों में उत्सव की गतिविधियां तेज हो गई हैं।











